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अरुणाचल प्रदेश के प्राकृतिक हादसे में लापता हुए अलवर के 24 वर्षीय जवान समुद्र गुर्जर, रक्षाबंधन पर घर आने की थी तैयारीराजस्थान
20 अग॰ 2026, 1:16 pm (36 दिन पहले)· 6

अरुणाचल प्रदेश के प्राकृतिक हादसे में लापता हुए अलवर के 24 वर्षीय जवान समुद्र गुर्जर, रक्षाबंधन पर घर आने की थी तैयारी

अरुणाचल प्रदेश की दिबांग वैली में बादल फटने और भूस्खलन के बाद राजस्थान के अलवर निवासी अग्निवीर समुद्र गुर्जर 6 दिनों से लापता हैं। रक्षाबंधन से ठीक पहले घर लौटने का वादा करने वाले जवान की तलाश में सेना युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही है।

अरुणाचल प्रदेश के दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र दिबांग वैली में प्राकृतिक आपदा के बाद से अलवर के रहने वाले 24 वर्षीय अग्निवीर जवान समुद्र गुर्जर का छह दिनों बाद भी कोई सुराग नहीं मिल सका है। बीते 14 अगस्त की शाम को अनिी क्षेत्र के पशुपानी इलाके में अचानक बादल फटने, भयानक भूस्खलन होने और उसके बाद आई तेज बाढ़ के कारण बड़ा हादसा हो गया था। इस प्राकृतिक त्रासदी में चार नागरिकों की जान चली गई, जबकि सेना के कई जवान प्रभावित हुए। हादसे के बाद शुरुआती चरण में कुल सात सैन्य कर्मी लापता हो गए थे, जिनमें से रेस्क्यू टीमों ने दो जवानों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि, राजस्थान के अलवर जिले के केसरपुर गांव निवासी समुद्र गुर्जर अब भी लापता हैं, जिनकी खोज के लिए भारतीय सेना का व्यापक रेस्क्यू अभियान लगातार जारी है।

दिबांग वैली में राहत कार्य और रेस्क्यू ऑपरेशन की स्थिति

प्राकृतिक आपदा की यह घटना 14 अगस्त की शाम करीब 4:45 बजे पशुपानी क्षेत्र में घटी थी, जिसके बाद इलाके में जान-माल का काफी नुकसान हुआ। पहाड़ से भारी मात्रा में मलबा और पानी नीचे आने से कई जवान इसकी चपेट में आ गए। हादसे की सूचना मिलते ही राहत और बचाव दलों ने मोर्चा संभाल लिया था। वर्तमान में सेना के जवान और विशेषज्ञ रेस्क्यू टीमें दिन-रात समुद्र गुर्जर की तलाश में जुटी हुई हैं। हालांकि, प्रभावित इलाके का भौगोलिक ढांचा बेहद दुर्गम और चुनौतीपूर्ण है। लगातार हो रहे भूस्खलन, रुक-रुक कर हो रही बारिश और खराब मौसम के चलते बचाव अभियान में काफी बाधाएं आ रही हैं। इसके बावजूद सैन्य बल युद्धस्तर पर मलबे को हटाने और लापता जवान का सुराग लगाने का प्रयास कर रहे हैं।

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रक्षाबंधन पर छुट्टी लेकर घर आने की थी खुशी

समुद्र गुर्जर का परिवार रक्षाबंधन के पावन पर्व का बेसब्री से इंतजार कर रहा था। 24 वर्ष के युवा अग्निवीर जवान समुद्र गुर्जर अपने परिवार में दो बहनों के इकलौते भाई हैं। उनके पिता बदली राम गुर्जर पेशे से एक किसान हैं और खेती-किसानी करके परिवार का पालन-पोषण करते हैं। समुद्र अभी अविवाहित हैं और परिवार की सभी उम्मीदें उन्हीं से जुड़ी हुई हैं। रक्षाबंधन का त्योहार नजदीक होने के कारण बहनों और माता-पिता को खुशी थी कि समुद्र छुट्टी लेकर अपने गांव केसरपुर वापस आएंगे। घर में त्योहार की तैयारियां शुरू हो चुकी थीं और परिवार अपने इकलौते बेटे के स्वागत के लिए बेहद उत्साहित था। लेकिन अरुणाचल प्रदेश से आई अचानक इस दुखद खबर ने परिवार की तमाम खुशियों को मातम और गहरी चिंता में बदल दिया है।

10 मई की आखिरी बातचीत और पिता के इलाज का वादा

परिवार के सदस्यों के अनुसार, समुद्र से उनकी आखिरी बार फोन पर बातचीत 10 मई को हुई थी। इससे पहले वह मई के महीने में ही कुछ दिनों की छुट्टी बिताकर अपने गांव आए थे। करीब 10 दिन घर पर बिताने के बाद वह वापस अपनी ड्यूटी पर लौट गए थे। जाते समय उन्होंने अपने परिजनों से वादा किया था कि वह बहुत जल्द दोबारा छुट्टी लेकर घर वापस लौटेंगे। समुद्र ने अपने पिता बदली राम गुर्जर से खास तौर पर यह बात कही थी कि अगली बार आने पर वह पिता के पैरों में हो रहे तेज दर्द का डॉक्टर से सही इलाज और ऑपरेशन करवाएंगे। पिता को उम्मीद थी कि बेटा जल्द आकर उनका इलाज कराएगा, परंतु इसी बीच सेना के वरिष्ठ अधिकारियों का फोन आया। अधिकारियों ने परिजनों को सूचित किया कि दिबांग वैली क्षेत्र में बादल फटने का हादसा हुआ है और समुद्र गुर्जर उसमें लापता हो गए हैं।

अलवर के इटाराणा सेना कार्यालय पहुंचे परिजन और गांव का माहौल

हादसे की सूचना मिलने के बाद से ही केसरपुर गांव समेत पूरे इलाके में सन्नाटा और गहरी चिंता छाई हुई है। घटना से विचलित होकर समुद्र के परिजन जानकारी जुटाने के लिए अलवर स्थित इटाराणा सेना कार्यालय भी पहुंचे। वहां उन्होंने सेना के अधिकारियों से मुलाकात की और समुद्र का सुराग लगाने के संबंध में हर संभव जानकारी हासिल करने की कोशिश की, लेकिन अभी तक कोई सकारात्मक समाचार नहीं मिल पाया है। इकलौते बेटे की गुमशुदगी की खबर से पिता बदली राम गुर्जर का रो-रोकर बुरा हाल है और वह बार-बार अपने बेटे को याद कर बेसुध हो रहे हैं। मां सदमे में हैं और उनकी तबीयत बिगड़ती जा रही है, जबकि दोनों बहनें दरवाजे पर आंखें बिछाए अपने भाई की सलामती और उसकी वापसी का इंतजार कर रही हैं। पूरा गांव इस समय पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है और भगवान से समुद्र गुर्जर के सही-सलामत मिलने की प्रार्थना कर रहा है।

सवाल-जवाब

अरुणाचल प्रदेश में लापता जवान कौन हैं?
लापता जवान 24 वर्षीय अग्निवीर समुद्र गुर्जर हैं, जो राजस्थान के अलवर जिले के केसरपुर गांव के निवासी हैं।
अग्निवीर समुद्र गुर्जर के लापता होने की मुख्य वजह क्या थी?
वह 14 अगस्त की शाम करीब 4:45 बजे दिबांग वैली के पशुपानी इलाके में बादल फटने के बाद आए भयानक भूस्खलन और बाढ़ के कारण लापता हो गए।
दिबांग वैली हादसे में कुल कितने लोग प्रभावित हुए?
इस हादसे में चार नागरिकों की मौत हो गई। शुरुआती चरण में सेना के सात जवान लापता हुए थे, जिनमें से दो को रेस्क्यू कर लिया गया और समुद्र गुर्जर की तलाश जारी है।
समुद्र गुर्जर की घर वापसी को लेकर क्या योजना थी?
वह रक्षाबंधन के त्योहार से ठीक पहले छुट्टी लेकर घर आने वाले थे और उन्होंने अपने पिता के पैरों के दर्द का ऑपरेशन कराने का वादा किया था।
सेना के रेस्क्यू ऑपरेशन की वर्तमान स्थिति क्या है?
खराब मौसम, दुर्गम पहाड़ी इलाके और लगातार भूस्खलन के बावजूद भारतीय सेना की रेस्क्यू टीमें दिबांग वैली में युद्धस्तर पर तलाश अभियान चला रही हैं।
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