जेन जी लड़कियों में तेजी से बढ़ रहे पीसीओएस और पीमॉस के मामले, पटना की डॉक्टर मीना सामंत ने बताए बचाव के प्रभावी उपायआगरा में चम्पारन के तंदूरी कबाब का बढ़ा क्रेज, सावन के बाद 140 रुपये में मिल रहा बेहतरीन स्वादसीकर में दिव्यांग छात्रों के लिए खोले जाएंगे विशेष संदर्भ कक्ष, राजस्थान सरकार ने जारी किया बजट और दिशा-निर्देशउत्तराखंड में विज्ञान का बड़ा चमत्कार, साहीवाल गाय की सरोगेसी से पैदा हुई पहाड़ी नस्ल की बद्री बछियाराजस्थान के पाली में सजता है बिना किराए वाला अनोखा बाजार, मात्र 5 रुपये से शुरू होती है कपड़ों की कीमतअश्लेशा नक्षत्र में गुरु का प्रवेश: अगले 49 दिनों तक मेष, मिथुन समेत इन 7 राशियों की चमकेगी किस्मतबीकानेर में करीब 1 करोड़ रुपये की व्हेल की उल्टी जब्त, महाराष्ट्र से आए तीन तस्करों पर कसा शिकंजाराजस्थान में डिजिटल स्क्रीन और उम्मीदों के भारी दबाव से घट रही बच्चों की एकाग्रता, मानसिक तनाव पर विशेषज्ञों की रायफरीदाबाद में मिट्टी की गणेश मूर्तियां पानी में मिनटों में घुलती हैं और 70 प्रतिशत तक सस्ती मिल रही हैंमंदिरों और किलों से इतर: मानसून में क्यों बेहद खास हो जाती है 'सतपुड़ा की रानी' पचमढ़ी की सैर
लखीमपुर खीरी में गड्ढा मुक्त दावों की खुली पोल सुंदरपुर से मझिगवां मार्ग पर चलना हुआ दूभरउत्तर प्रदेश
11 जुल॰ 2026, 1:50 am (64 दिन पहले)· 2

लखीमपुर खीरी में गड्ढा मुक्त दावों की खुली पोल सुंदरपुर से मझिगवां मार्ग पर चलना हुआ दूभर

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में जर्जर हो चुकी सुंदरपुर-मझिगवां मुख्य सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे हादसों को न्योता दे रहे हैं, जिससे सरकारी दावों की जमीनी हकीकत उजागर हो रही है।

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राज्य की सभी सड़कों को पूरी तरह से गड्ढा मुक्त बनाने के लगातार और बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन लखीमपुर खीरी जिले के मोहम्मदी तहसील क्षेत्र में इस सरकारी अभियान की जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। प्रशासनिक स्तर पर किए जाने वाले दावों और धरातल की वास्तविक स्थिति में एक बड़ा अंतर साफ नजर आता है। इस क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कई महत्वपूर्ण मार्ग लंबे समय से जर्जर हालत में पड़े हैं, जिसके कारण स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों को रोजाना आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

सुंदरपुर से मझिगवां मार्ग की गंभीर बदहाली

मोहम्मदी तहसील के ग्रामीण क्षेत्र के तहत सुंदरपुर से मझिगवां को जोड़ने वाली मुख्य सड़क पिछले लगभग एक साल से बेहद खराब और बदहाल स्थिति में पड़ी हुई है। यह मार्ग आसपास के दर्जनों गांवों के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है, जिससे होकर प्रतिदिन हजारों लोग अपने काम के सिलसिले में गुजरते हैं। वर्तमान में छह किलोमीटर लंबे इस पूरे मार्ग की स्थिति यह है कि इस पर बड़े-बड़े और गहरे गड्ढे बन चुके हैं। इन गड्ढों के कारण दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों के लिए यहां से सुरक्षित निकलना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं रह गया है।

ये भी पढ़ें

बारिश के मौसम में दुर्घटनाओं का बढ़ा खतरा

मानसून और बारिश के सीजन में इस सड़क पर सफर करना किसी जानलेवा जोखिम से कम नहीं होता है। लगातार होने वाली बारिश के कारण सड़क पर बने इन बड़े और गहरे गड्ढों में पानी भर जाता है। पानी जमा होने की वजह से पूरी सड़क जलमग्न दिखाई देती है, जिससे वाहन चालकों के लिए सड़क और गहरे गड्ढे के बीच अंतर करना नामुमकिन हो जाता है। इस स्थिति में सबसे ज्यादा नुकसान मोटरसाइकिल, स्कूटर और साइकिल सवारों को उठाना पड़ता है, जो अक्सर इन पानी भरे गड्ढों का अंदाजा न लगा पाने के कारण गंभीर हादसों का शिकार हो जाते हैं।

स्थानीय निवासी ने बयां की जमीनी हकीकत

इस विकट समस्या और रोजाना की दिक्कतों को साझा करते हुए परवरिश नगर के रहने वाले स्थानीय निवासी देवेंद्र यादव ने बताया कि इस मार्ग की जर्जर स्थिति को एक साल से भी अधिक का समय बीत चुका है। उनके अनुसार, करीब छह किलोमीटर की यह पूरी सड़क पूरी तरह से टूटकर गड्ढों में तब्दील हो चुकी है, जिसके कारण लोगों को रोज आना-जाना करने में बेहद कठिनाई होती है। देवेंद्र यादव ने आगे बताया कि बरसात के दिनों में पानी भर जाने से यहां हर समय हादसे का डर बना रहता है और इस मार्ग पर कई राहगीर पहले ही दुर्घटनाग्रस्त होकर चोटिल हो चुके हैं। क्षेत्र के लोगों का कहना है कि सरकार का गड्ढा मुक्त अभियान तभी सफल माना जा सकता है जब ग्रामीण इलाकों की इन जर्जर सड़कों की समय पर सुध ली जाएगी।

सवाल-जवाब

लखीमपुर खीरी में कौन सी सड़क जर्जर स्थिति में है?
मोहम्मदी तहसील में सुंदरपुर से मझिगवां को जोड़ने वाली छह किलोमीटर लंबी मुख्य सड़क बेहद जर्जर स्थिति में है।
सुंदरपुर-मझिगवां मार्ग कितने समय से उपेक्षित पड़ा है?
यह सड़क पिछले एक साल से भी अधिक समय से बदहाल और टूटी हुई स्थिति में है।
बारिश के मौसम में इस सड़क पर दुर्घटनाओं का खतरा क्यों बढ़ जाता है?
बारिश का पानी सड़क के गहरे गड्ढों में भर जाता है, जिससे वाहन चालकों को गड्ढे दिखाई नहीं देते और वे अक्सर फिसलकर हादसों का शिकार हो जाते हैं।
स्थानीय राहगीरों की क्या मांगें हैं?
स्थानीय निवासी राज्य के गड्ढा मुक्त अभियान के तहत इस महत्वपूर्ण ग्रामीण संपर्क सड़क की तत्काल मरम्मत और पुनर्निर्माण की मांग कर रहे हैं।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR