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मध्य प्रदेश में 18 जून को पलटेगा मौसम, 30 जिलों में IMD का येलो अलर्ट, आंधी और बारिश की चेतावनीमध्य प्रदेश
17 जून 2026, 6:41 pm (87 दिन पहले)· 4

मध्य प्रदेश में 18 जून को पलटेगा मौसम, 30 जिलों में IMD का येलो अलर्ट, आंधी और बारिश की चेतावनी

प्री-मानसून हलचल के बीच मध्य प्रदेश में 18 जून 2026 को गरज-चमक, तेज हवाओं और बारिश के आसार हैं, मौसम विभाग ने 30 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।

मध्य प्रदेश में मानसून से पहले की हलचल इन दिनों लगातार जोर पकड़ रही है और इसका असर अब आम लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी पर दिखने लगा है। मौसम विभाग का कहना है कि 18 जून 2026 को प्रदेश के बड़े हिस्से में मौसम का मिजाज बदलेगा। कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश होगी और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश भी हो सकती है, जिससे लोगों को इन दिनों झेल रही भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

30 जिलों के लिए येलो अलर्ट

मौसम विभाग ने प्रदेश के 30 जिलों को येलो अलर्ट के दायरे में रखा है। इस सूची में नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, रतलाम, मंदसौर, नीमच, शाजापुर, आगर-मालवा, राजगढ़, सीहोर, रायसेन, विदिशा, सागर, दमोह, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी, उमरिया, शहडोल, डिंडोरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी और छिंदवाड़ा शामिल हैं। इन जिलों में हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। साथ ही कई जगहों पर बिजली कड़कने और तेज बारिश की भी आशंका है, जबकि कुछ क्षेत्रों में कहीं-कहीं हल्की बौछारें पड़ सकती हैं या आसमान में बादल छाए रह सकते हैं।

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छतरपुर रहा सबसे गर्म, पचमढ़ी सबसे ठंडा

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला। भोपाल, नर्मदापुरम, ग्वालियर और जबलपुर संभागों के कई स्थानों पर बारिश दर्ज की गई, वहीं कुछ इलाकों में मौसम सूखा बना रहा। रतलाम और बालाघाट जैसे जिलों में लू का असर भी महसूस किया गया। तापमान के लिहाज से छतरपुर सबसे आगे रहा, जहां पारा 42.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। दूसरी ओर सबसे कम तापमान नर्मदापुरम के पचमढ़ी में 18.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

मौसम बदलने की असल वजह

मौसम विभाग के मुताबिक इस बदलाव के पीछे दो बड़े कारण हैं। एक तरफ बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी आ रही है और दूसरी तरफ प्रदेश के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इन्हीं दोनों के मेल से बादल तेजी से विकसित हो रहे हैं। यही वजह है कि कई जिलों में दोपहर और शाम के समय गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश की स्थिति बन सकती है। 18 जून को खास तौर पर जबलपुर, नरसिंहपुर और छिंदवाड़ा में मौसम अपना तीखा रूप दिखा सकता है।

किसानों और आम लोगों के लिए सतर्कता

विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान खुले मैदानों, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखें। किसानों को भी खेतों में काम करते समय खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, ताकि बिजली गिरने या तेज आंधी के दौरान किसी तरह का नुकसान न हो। ग्वालियर-चंबल संभाग में भी तेज हवाओं के साथ मौसम करवट ले सकता है, जबकि महाकौशल और विंध्य क्षेत्र के कुछ जिलों में बादल गरजने और बिजली चमकने की घटनाएं संभव हैं।

सवाल-जवाब

मध्य प्रदेश में 18 जून को मौसम कैसा रहेगा?
18 जून 2026 को प्रदेश के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाएं चलने की संभावना है, जिससे गर्मी से राहत मिल सकती है।
IMD ने कितने जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है?
मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के 30 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है, जिनमें जबलपुर, नरसिंहपुर, कटनी, उमरिया, शहडोल और डिंडोरी जैसे जिले शामिल हैं।
प्रदेश में सबसे ज्यादा और सबसे कम तापमान कहां दर्ज हुआ?
सबसे ज्यादा तापमान छतरपुर में 42.2 डिग्री सेल्सियस और सबसे कम 18.4 डिग्री सेल्सियस नर्मदापुरम के पचमढ़ी में दर्ज किया गया।
मौसम में यह बदलाव क्यों हो रहा है?
बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और प्रदेश के ऊपर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कारण बादल तेजी से बन रहे हैं, जिससे दोपहर और शाम बारिश की स्थिति बन रही है।
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