पुणे में सोशल मीडिया पर बनी वर्चुअल रंजिश किस तरह वास्तविक दुनिया में खूनी संघर्ष का रूप ले सकती है, इसका एक गंभीर मामला सामने आया है। सतारा जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल कास पठार पर शुरू हुई मामूली कहासुनी धीरे-धीरे इतनी बढ़ गई कि कुछ ही दिनों बाद पुणे के एक लोकप्रिय कैफे में दोनों पक्षों के बीच हिंसक झड़प हो गई। इस वारदात में 19 वर्षीय रील स्टार गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसके बाद पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने फौरन कार्रवाई करते हुए हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया और कई आरोपियों को दबोच लिया।
कास पठार की वह घटना जहां से शुरू हुई दुश्मनी
इस पूरे विवाद की जड़ें सतारा जिले के कास पठार पर जुड़ी हुई हैं, जहां कुछ समय पहले सोशल मीडिया रील बनाने वाले कुछ युवा आपस में टकराए थे। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, घायल होने वाले युवक की पहचान अथर्व प्रमोद जगताप के रूप में हुई है, जो सोशल मीडिया पर सक्रिय रहता है। कास पठार पर वाहन चलाते समय और स्टंट करने के दौरान उसकी मुलाकात माधवी राजेश कुंभार और उसके साथियों से हुई थी। वहां कथित तौर पर कार को आगे निकालने या रास्ता काटने को लेकर दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हो गई थी। उस वक्त मामला किसी तरह शांत हो गया था, लेकिन वह चिंगारी बुझी नहीं थी।
सोशल मीडिया पर बढ़ा तनाव और कैफे में आमना-सामना
घटनास्थल से लौटने के बाद भी दोनों पक्षों के बीच ऑनलाइन मंचों पर बयानबाजी और तीखी बातचीत का सिलसिला थमा नहीं। सोशल मीडिया पर एक-दूसरे को नीचा दिखाने और वर्चस्व स्थापित करने की होड़ ने इस पुरानी रंजिश को और गहरा कर दिया। आखिरकार 15 अगस्त की सुबह यह वर्चुअल विवाद आमने-सामने की हिंसक भिड़ंत में बदल गया। पुलिस की दी गई जानकारी के अनुसार, तय तारीख पर तड़के करीब 3:15 बजे से 4:45 बजे के बीच डेक्कन जिमखाना के शिरोले रोड पर स्थित कैफे फ्लाइंग जिप्सी में यह घटना घटी, जहां अचानक दोनों पक्ष एक ही समय पर आमने-सामने आ गए।
कैफे के अंदर बेरहमी से की गई मारपीट
जब अथर्व डेक्कन जिमखाना इलाके के उस कैफे में पहुंचा, तो वहां पहले से ही माधवी कुंभार और उसकी साथी स्नेहल सोनके मौजूद थीं। अथर्व को देखते ही कथित तौर पर माधवी ने अपने अन्य साथियों को भी तुरंत वहां बुला लिया। जब अथर्व कैफे से बाहर निकलने की तैयारी कर रहा था, तब आरोपियों ने उसे रास्ते में घेर लिया और कास पठार की पुरानी घटना को लेकर उससे सवाल-जवाब करने लगे। बात इतनी बढ़ गई कि आरोपी हमलावर कैफे के अंदर तक उसका पीछा करते हुए चले गए और उस पर टूट पड़े। हमलावरों ने बेरहमी से लात-घूंसों और अन्य चीजों से उसकी पिटाई शुरू कर दी, जिससे वह बुरी तरह लहूलुहान हो गया।
धारदार हथियार से जानलेवा हमला और पुलिस की कार्रवाई
हिंसा के दौरान स्थिति तब बेहद खतरनाक हो गई जब हमलावरों में से एक ने अथर्व की गर्दन पर धारदार हथियार से वार करने की कोशिश की। हालांकि उसने बचाव किया, लेकिन इसके बाद उसके सिर पर जोरदार वार किया गया जिससे वह खून से लथपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा। आरोपी उसे मरा हुआ समझकर या गंभीर हालत में छोड़कर मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस अस्पताल पहुंची, जहां घायल अथर्व का बयान दर्ज किया गया और डेक्कन पुलिस थाने में कानूनी कार्रवाई शुरू हुई।
गिरफ्तारियों का सिलसिला और आगे की जांच
इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कई नामजद आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें माधवी राजेश कुंभार (उम्र 23 वर्ष), स्नेहल संजय सोनके (उम्र 21 वर्ष), राहुल सीताराम वाघमारे (उम्र 20 वर्ष), शिवानंद उर्फ शिवराज तलवार (उम्र 21 वर्ष), आदित्य सुनील भालेराव (उम्र 22 वर्ष), प्रियांशु उर्फ पीयूष प्रदीप भोसले (उम्र 22 वर्ष) और प्रेम मनोज साल्वे (उम्र 22 वर्ष) शामिल हैं। इसके अलावा पुलिस ने एक नाबालिग को भी अपनी हिरासत में लिया है। गिरफ्तार किए गए ये सभी लोग पुणे के विभिन्न इलाकों के रहने वाले बताए जा रहे हैं। इस पूरे मामले की विस्तृत जांच पुलिस सब-इंस्पेक्टर योगेश मोरे द्वारा की जा रही है, जो यह खंगाल रहे हैं कि सोशल मीडिया पर हुई बातचीत का दायरा कितना बड़ा था।



















