राजस्थान के खैरथल-तिजारा में साइबर ठगी की जांच के दौरान बड़ा हादसा, पुलिस की मौजूदगी में युवक ने लगाया फंदाउत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनाव 2026: भाजपा ने बनाई बढ़त, सपा ने दी कड़ी टक्कर; सीएम योगी आदित्यनाथ ने दी बधाईपारे की सतह पर सोना बनाने का दावा, राजस्थान के वैज्ञानिक लाल बहादुर के प्रयोग की शुरू हुई वैज्ञानिक जांचफरीदाबाद में फर्जी जॉब ऑफर के ज़रिए 89750 रुपये की साइबर ठगी, गाजियाबाद के 3 आरोपी गिरफ्तारराजस्थान के डीग में पंचायत चुनाव के दौरान भड़की हिंसा, सरपंच प्रत्याशियों के गुटों में पथराव से कई घायलयूडीपी से पाला बदलकर एनपीपी में शामिल हुए दो विधायक, मेघालय में बदला राजनीतिक गणित500 करोड़ के ऑडियो क्लिप मामले पर बोले मनोज जरांगे, जांच न होने पर 29 तारीख को दी सीधे टकराव की चेतावनीइलाहाबाद हाई कोर्ट दो पैन कार्ड मामले में आजम खान और अब्दुल्ला आजम पर आदेश सुरक्षित करने के बाद निर्णय देगा29 अक्टूबर को चंद्रमा का मिथुन राशि में प्रवेश, इन 7 राशियों के खुलेंगे उन्नति के द्वारमैनपुरी विधानसभा सीट का तीन दशक का इतिहास और 2027 के भावी सियासी समीकरण
राजगढ़ में लापता छात्रा का जंगल में मिला शव, संदिग्ध की भी सड़क दुर्घटना में गई जानमध्य प्रदेश
7 अक्तू॰ 2026, 3:20 pm (21 दिन पहले)· 3

राजगढ़ में लापता छात्रा का जंगल में मिला शव, संदिग्ध की भी सड़क दुर्घटना में गई जान

मध्य प्रदेश के राजगढ़ में स्कूल के लिए निकली 17 वर्षीय किशोरी का शव छह दिन बाद बरामद हुआ, जबकि संदेह के घेरे में आया युवक हादसे का शिकार हो गया।

मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में करीब छह दिनों से गुमशुदा सत्रह साल की एक छात्रा का शव मलावर थाना क्षेत्र के जंगलों से बरामद किया गया है। यह किशोरी 30 सितंबर को अपनी कक्षाएं लेने के उद्देश्य से घर से निकली थी, लेकिन शाम तक वापस नहीं लौटी। जब छात्रा का कोई पता नहीं चला, तो परेशान परिजनों ने स्थानीय पुलिस प्रशासन से संपर्क साधा। परिजनों की तरफ से दी गई तहरीर के आधार पर राजगढ़ कोतवाली थाने में अज्ञात के खिलाफ अगवा करने का केस दर्ज किया गया और विशेष टीमों का गठन कर खोजबीन शुरू की गई। करीब एक सप्ताह की सघन तलाश के बाद शमशेरपुरा के बीहड़ इलाके में उसका शव बरामद किया गया, जिसका सिर धड़ से अलग था।

घटनास्थल से अहम सबूत बरामद

पुलिस जब घने जंगली इलाके में पहुंची, तो वहां जमीन पर छात्रा का शव पड़ा मिला। तलाशी के दौरान अफसरों को मौके से खून से सना हुआ धारदार चाकू और छात्रा का बस्ता भी मिला। इन सभी भौतिक साक्ष्यों को फोरेंसिक परीक्षण के लिए सील कर दिया गया है। शुरुआती निरीक्षण के आधार पर पुलिस इसे सुनियोजित कत्ल मान रही है। अधिकारियों का कहना है कि जिस बर्बरता से वारदात को अंजाम दिया गया, उससे जाहिर होता है कि कातिल ने साक्ष्य मिटाने और पहचान छिपाने की नीयत से सिर को अलग किया था।

ये भी पढ़ें

संदिग्ध युवक और प्रेम प्रसंग का पहलू

जांच के प्रारंभिक चरण में परिजनों ने नरसिंहगढ़ के जमोनिया गणेश निवासी अनुराग उर्फ अंकित पर गहरी आशंका जाहिर की थी। छानबीन में सामने आया कि छात्रा और अनुराग के मध्य पूर्व से जान-पहचान और कथित प्रेम संबंध थे। परिजनों का आरोप था कि युवक छात्रा को राजगढ़ कोतवाली क्षेत्र के करेड़ी इलाके से बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। आशंका जताई जा रही है कि इसी दौरान किसी विवाद या रंजिश में किशोरी की जान ले ली गई।

सड़क हादसे में संदिग्ध की मौत से उलझी गुत्थी

इस पूरे मामले में उस वक्त एक अप्रत्याशित मोड़ आ गया, जब मुख्य संदेही अनुराग की मलावर इलाके के पगारी बांग्ला के निकट एक सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। मुख्य संदेही के सड़क हादसे में मारे जाने से पुलिस की तफ्तीश काफी पेचीदा हो गई है। अधिकारी अब यह पता लगाने में जुटे हैं कि क्या यह महज एक इत्तेफाक था या फिर वारदात को छिपाने अथवा भागने की कोशिश के दौरान यह हादसा हुआ। पुलिस ने इस कड़ी में एक अन्य युवक को भी हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है, जिसकी मौजूदगी घटनाक्रम के आसपास दर्ज की गई थी।

कैमरों की पड़ताल और कॉल डिटेल से मिला सुराग

जांच दल ने मलावर क्षेत्र में स्थित एक बैंक शाखा के बाहर लगे सर्विलांस कैमरों के फुटेज खंगाले। रिकॉर्डिंग में नजर आया कि एक युवक एक बाइक पर अकेला जा रहा है, जबकि दूसरी मोटरसाइकिल पर छात्रा एक अन्य युवक के साथ बैठी है। आगे के रास्तों पर लगे अन्य कैमरों की पड़ताल में तीनों लोग एक साथ एक ही दिशा में बढ़ते दिखाई दिए। हालांकि, कुछ देर बाद की फुटेज में केवल दोनों युवक ही लौटते दिखे, जबकि छात्रा उनके साथ नहीं थी। इसके बाद पुलिस ने संदिग्ध नंबरों की टॉवर लोकेशन का तकनीकी विश्लेषण किया, जिसके सुराग सीधे शमशेरपुरा के बीहड़ तक पहुंचे।

फॉरेंसिक साक्ष्य और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

राजगढ़ कोतवाली थाना प्रभारी मंजू मखेनिया ने स्पष्ट किया कि मामले में हत्या के स्पष्ट संकेत मिले हैं। घटनास्थल पर फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट्स की टीम को बुलाकर बारीक सुराग जुटाए गए हैं। मृतका के अवशेषों को उच्च स्तरीय पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक विश्लेषण के लिए राजधानी भोपाल भेजा गया है। पुलिस का कहना है कि डॉक्टरों की औपचारिक रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही समय और प्रयुक्त हथियार के प्रभाव की पुष्टि हो सकेगी। फिलहाल पुलिस तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी रिकॉर्ड और हिरासत में लिए गए युवक के बयानों को जोड़कर पूरी साजिश का पर्दाफाश करने में जुटी है।

सवाल-जवाब

छात्रा कब और कहां से लापता हुई थी?
छात्रा 30 सितंबर को अपने घर से स्कूल जाने के लिए निकली थी और राजगढ़ कोतवाली क्षेत्र के करेड़ी इलाके से लापता हो गई थी।
छात्रा का शव कितने दिनों बाद और कहां मिला?
लगभग छह दिन बाद छात्रा का शव मलावर थाना क्षेत्र के शमशेरपुरा के जंगलों में मिला।
घटनास्थल से पुलिस को कौन-से साक्ष्य मिले हैं?
पुलिस ने मौके से छात्रा का स्कूल बैग और एक खून से सना चाकू बरामद किया है।
संदेही युवक के साथ क्या घटना घटी?
छात्रा को ले जाने के संदेही अनुराग की मलावर क्षेत्र के पगारी बांग्ला के पास सड़क हादसे में मौत हो गई।
पुलिस ने जंगल में शव की तलाश किस आधार पर की?
बैंक के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और मोबाइल नंबरों की टॉवर लोकेशन के आधार पर पुलिस जंगल तक पहुंची।
छात्रा के शव को पोस्टमार्टम के लिए कहां भेजा गया है?
शव को विस्तृत पोस्टमार्टम और फोरेंसिक परीक्षण के लिए भोपाल भेजा गया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Tanvi Desai@tanvi-desai·20 दिन पहले

ऐसी खौफनाक और दिल दहला देने वाली वारदातें सुनकर क्राइम थ्रिलर फिल्में भी फीकी लगने लगती हैं। समझ नहीं आता कि रिश्ते और इंसानियत किस तरफ जा रहे हैं।

Arjun Mehta@arjun-mehta·20 दिन पहले

राजगढ़ की इस घटना ने दिल दहला दिया है। छह दिन तक परिवार वाले उम्मीद में रहे होंगे और अंत में ऐसी भयानक खबर मिली। मुख्य आरोपी की सड़क हादसे में मौत हो जाने से अब कई सवालों के जवाब कैसे मिलेंगे और दूसरा पकड़ा गया युवक इस राज से कितना पर्दा उठा पाएगा?

Ravikash Gupta@ravikash·20 दिन पहले

अर्जुन, बिल्कुल सही कहा। मुख्य आरोपी के मरने से पुलिस के लिए अब दूसरे संदिग्ध से सच उगलवाना और कॉल डिटेल्स खंगालना ही एकमात्र रास्ता बचा है।

Rohan Verma@rohan-verma·20 दिन पहले

इतनी भयानक घटना सुनकर रोंगटे खड़े हो गए। छह दिन तक परिवार उम्मीद लगाए बैठा रहा और अंत में ऐसा वीभत्स सच सामने आया। मुख्य आरोपी का सड़क हादसे में यूं चले जाना पुलिस के लिए भी जांच को उलझा गया है। भगवान उस परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दे।

Karan Malhotra@karan-malhotra·20 दिन पहले

रोहन जी, बात तो बिल्कुल सही है। मुख्य आरोपी के हादसे में मारे जाने से अब डीएनए और सीसीटीवी फुटेज जैसे फॉरेंसिक सबूतों पर ही पुलिस की पूरी जांच टिक गई है।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp