देश के तमाम हिस्सों में एक बार फिर से मानसून की गतिविधियां तेज हो गई हैं, जिससे कई राज्यों में मौसम का मिजाज बिगड़ गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आगामी सात दिनों के लिए मौसम का विस्तृत पूर्वानुमान साझा करते हुए लोगों और स्थानीय प्रशासन को पूरी तरह से सतर्क रहने की हिदायत दी है। मानसून ट्रफ और एक सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन के प्रभाव की वजह से पूर्वोत्तर भारत, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और दक्षिण भारत के तटीय क्षेत्रों में भारी मानसूनी बौछारें पड़ने की पूरी आशंका जताई गई है, जिससे निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी क्षेत्रों में दिक्कतें बढ़ सकती हैं।
पूर्वोत्तर और पूर्वी राज्यों के लिए रेड अलर्ट
मौसम विभाग ने पूर्वोत्तर भारत के साथ-साथ पूर्वी भारत के कुछ चुनिंदा हिस्सों में मूसलाधार बारिश का गंभीर खतरा बताते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में 21 सेंटीमीटर या उससे अधिक की अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की जा सकती है, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित होने की आशंका है।
अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय जैसे राज्यों में आगामी 48 से 72 घंटों के दौरान मूसलाधार पानी बरसने की पूरी संभावना जताई गई है। इसके अलावा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 4 अगस्त के दिन बहुत भारी से लेकर अत्यंत भारी बारिश होने के आसार हैं। इस दौरान पर्वतीय इलाकों में भूस्खलन होने का बड़ा खतरा है, जबकि निचले स्थानों पर जलभराव से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
उत्तराखंड, हिमाचल और दक्षिण भारत में ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने 12 से 20 सेंटीमीटर तक की बहुत भारी बारिश की संभावना के मद्देनजर देश के कई अन्य राज्यों को ऑरेंज अलर्ट पर रखा है। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों यानी उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में अगले कुछ दिनों के दौरान लगातार तेज बारिश होने का अनुमान है, जिससे नदियां-नालेज उफान पर आ सकते हैं।
पूर्वी एवं मध्य भारत की बात करें तो बिहार में 3 और 4 अगस्त को तथा पूर्वी मध्य प्रदेश में झमाझम बारिश हो सकती है। उधर दक्षिण भारत के केरल, तटीय कर्नाटक और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में आने वाले 6 से 7 दिनों के भीतर कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके साथ ही नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी मूसलाधार बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
इन राज्यों में जारी किया गया येलो अलर्ट
जिन क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ-साथ 7 से 11 सेंटीमीटर तक पानी बरसने और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की उम्मीद है, वहां के लिए येलो अलर्ट घोषित किया गया है। इस दौरान आकाशीय बिजली चमकने की भी पूरी आशंका है।
उत्तर-पश्चिम भारत के पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश तथा राजस्थान के विभिन्न इलाकों में गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। वहीं पूर्वी और मध्य भारत के झारखंड, ओडिशा, गंगीय पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, विदर्भ और पश्चिम मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। इसके अलावा अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 4 से 9 अगस्त के दौरान 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने और बारिश होने की चेतावनी दी गई है।


















