धनतेरस पर 15 सालों में 362% उछला सोना, अगले साल 1.71 लाख रुपये तक जाने का अनुमानरूसी तेल प्रतिबंध कानून पर डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा बयान, ओवल ऑफिस में दिए संकेतराजस्थान SET 2026 के नतीजे घोषित, 93 फीसदी से ज्यादा परीक्षार्थी हुए असफलऊर्जा महंगाई से बढ़ेंगी वेतन मांगें, दिसंबर बैठक से पहले ECB के अर्थशास्त्री फिलिप लेन ने दिए संकेतअमेरिकी मध्यवधि चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी की जीत के बाद बिटकॉइन और क्रिप्टो नियमों में आ सकता है बड़ा बदलावसोमनाथ मंदिर के पास नॉनवेज बैन पर रोक लगाने से सुप्रीम कोर्ट का इनकार, कहा- दिवाली पर खाइए मिठाईहिसार की कंशिका ने सीए फाउंडेशन परीक्षा में लहराया परचम, पूरे देश में हासिल किया पहला स्थानहिमाचल प्रदेश में दीपावली को लेकर अग्निशमन विभाग मुस्तैद, कर्मचारियों के अवकाश किए गए रद्दउदयपुर के रवि कंधारी के पास है 108 ब्रिटिशकालीन बाइकों का म्यूजियम, सोने-चांदी से सजी इन मशीनों की कीमत 5000 करोड़उत्तराखंड के बागेश्वर में तैयार होता है खास पहाड़ी शहद, नवंबर के महीने में क्यों बढ़ जाती है इसकी कीमत
ऊना के क्षेत्रीय अस्पताल में प्रसव के दौरान जच्चा-बच्चा ने तोड़ा दम, डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाकर परिजनों ने किया प्रदर्शनहिमाचल प्रदेश
9 अक्तू॰ 2026, 1:49 pm (28 दिन पहले)· 3

ऊना के क्षेत्रीय अस्पताल में प्रसव के दौरान जच्चा-बच्चा ने तोड़ा दम, डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाकर परिजनों ने किया प्रदर्शन

हिमाचल प्रदेश के ऊना क्षेत्रीय अस्पताल में डिलीवरी के दौरान महिला और उसके नवजात की मौत के बाद परिजनों ने महिला डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए घंटों विरोध प्रदर्शन किया।

हिमाचल प्रदेश के ऊना स्थित क्षेत्रीय अस्पताल में प्रसव के दौरान एक महिला और उसके नवजात शिशु की मौत के बाद माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया। इस दुखद घटना के सामने आते ही पीड़िता के परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने अस्पताल परिसर में इकट्ठा होकर जोरदार प्रदर्शन शुरू कर दिया। स्थिति को बिगड़ता देख अस्पताल में बड़ी तादाद में पुलिस बल तैनात करना पड़ा। यह घटना ठीक उसी तरह के आक्रोश को जन्म दे रही है जैसा पहले कुल्लू अस्पताल में मंजू शर्मा के मामले के दौरान देखा गया था।

चार दिनों से भर्ती थी गर्भवती महिला

पीड़ित महिला की पहचान अपर अरनियाला की रहने वाली रीना के तौर पर हुई है। परिजनों के अनुसार, रीना को प्रसव पीड़ा शुरू होने के बाद चार दिन पहले अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। शुक्रवार के दिन डॉक्टरों ने उसे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य यानी MCH परिसर के अंदर बने ऑपरेशन थिएटर में शिफ्ट किया। ऑपरेशन थिएटर ले जाए जाने के कुछ ही देर बाद जच्चा और बच्चा दोनों की मौत की खबर सामने आई, जिससे परिवार के लोग स्तब्ध रह गए।

महिला डॉक्टर को निलंबित करने की मांग

इस अनहोनी के बाद मृतका के परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद महिला डॉक्टर पर सीधे तौर पर गंभीर चिकित्सीय लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। महिला के पति का कहना है कि उनकी पत्नी पिछले चार दिनों से अस्पताल में उपचाराधीन थी, लेकिन इलाज में बरती गई भारी कोताही के कारण ही उनकी पत्नी और बच्चे की जान चली गई। आक्रोशित परिजनों ने संबंधित महिला चिकित्सक को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड करने की मांग उठाई और अस्पताल परिसर में करीब चार घंटे तक जोरदार हंगामा किया।

प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पहुंचे मौके पर

अस्पताल परिसर में बढ़ते तनाव और भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस और स्थानीय प्रशासन के शीर्ष अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। ऊना के एएसपी और एसडीएम ने प्रदर्शन कर रहे परिजनों से सीधी बातचीत शुरू की और उन्हें शांत करने का प्रयास किया। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी परिजनों के बयानों को दर्ज कर हालात को काबू में लाने और पूरे घटनाक्रम की जांच सुनिश्चित करने में जुटे हुए हैं।

ये भी पढ़ें

सवाल-जवाब

ऊना के क्षेत्रीय अस्पताल में क्या घटना घटी?
ऊना क्षेत्रीय अस्पताल के MCH ऑपरेशन थिएटर में प्रसव के दौरान अपर अरनियाला निवासी रीना और उसके नवजात शिशु की मौत हो गई।
परिजनों ने अस्पताल में प्रदर्शन क्यों किया?
परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद महिला डॉक्टर पर इलाज में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया और उन्हें निलंबित करने की मांग को लेकर करीब चार घंटे तक हंगामा किया।
महिला को अस्पताल में कब भर्ती कराया गया था?
महिला को प्रसव पीड़ा के चलते चार दिन पहले अस्पताल लाया गया था और शुक्रवार को उसे ऑपरेशन थिएटर ले जाया गया था।
अस्पताल में स्थिति संभालने के लिए कौन से अधिकारी पहुंचे?
तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया, जबकि ऊना के एएसपी और एसडीएम ने परिजनों से सीधे बातचीत की।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Rohan Verma@rohan-verma·27 दिन पहले

चार दिन से अस्पताल में भर्ती महिला की डिलीवरी अचानक इतनी बिगड़ कैसे गई कि जच्चा-बच्चा दोनों की जान चली गई? क्या इतने दिनों में डॉक्टरों को कोई खतरा नहीं दिखा?

Karan Malhotra@karan-malhotra·27 दिन पहले

रोहन भाई, चार दिन तक भर्ती रहने के बाद अचानक ऐसा क्या हो गया, ये बड़ा सवाल है।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp