केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah ने सोशल मीडिया मंच X पर एक पोस्ट साझा करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के तृतीय सरसंघचालक बालासाहब देवरस को उनकी पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि अर्पित की। अपने संदेश में उन्होंने देवरस जी के जीवन और विचारों को नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा बताया।
क्या लिखा अपने संदेश में
Amit Shah ने अपनी पोस्ट में देवरस जी को नमन करते हुए उनके सार्वजनिक जीवन के तीन प्रमुख स्तंभों राष्ट्रसेवा, सामाजिक समरसता और युवाओं के चरित्र निर्माण का उल्लेख किया। उन्होंने रेखांकित किया कि देवरस जी ने अपना पूरा जीवन इन्हीं उद्देश्यों को समर्पित कर दिया था।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के तृतीय सरसंघचालक, पूजनीय बालासाहब देवरस जी को उनकी पुण्यतिथि पर नमन। राष्ट्रसेवा, सामाजिक समरसता और युवाओं के चरित्र निर्माण के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले बालासाहब देवरस जी अस्पृश्यता को सबसे बड़ा अभिशाप मानते थे। आपातकाल के कठिन दिनों में भी संघ को...
अस्पृश्यता के विरुद्ध स्पष्ट रुख
गृह मंत्री ने अपने संदेश में याद दिलाया कि देवरस जी अस्पृश्यता को समाज का सबसे बड़ा अभिशाप मानते थे। यह उल्लेख इस बात को सामने रखता है कि उनके संगठनात्मक एजेंडे में सामाजिक भेदभाव को मिटाना और समाज के सभी वर्गों के बीच समरसता स्थापित करना केंद्र में रहा।
आपातकाल के कठिन दौर का जिक्र
पोस्ट में आपातकाल के मुश्किल दिनों का भी हवाला दिया गया, जब परिस्थितियाँ बेहद चुनौतीपूर्ण थीं। Amit Shah ने इस ओर संकेत किया कि उन विषम हालात में भी देवरस जी ने संघ को दिशा देने का काम किया, हालाँकि पोस्ट का यह हिस्सा अधूरा रह जाता है।
जनता की प्रतिक्रिया
पोस्ट पर लोगों ने बड़ी संख्या में देवरस जी को श्रद्धांजलि देते हुए उनके त्यागमय जीवन और संगठनात्मक कौशल की सराहना की, और कई उपयोगकर्ताओं ने उन्हें सामाजिक समरसता का प्रणेता बताते हुए नमन किया।













