मणिपुर में NRC और मूल निवासियों की सुरक्षा पर सर्वदलीय बैठक, मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह की अध्यक्षता में हुई चर्चाबस्तर की टोरटा भाजी और सफेद चने की पारंपरिक रेसिपी, आयरन से भरपूर इस सेहतमंद डिश को घर पर ऐसे बनाएंसरोवर नगरी में सितंबर 2026 में सजेगा नन्दा देवी महोत्सव, सोर घाटी का लखिया भूत और पारंपरिक छोलिया नृत्य रहेंगे खास आकर्षणनैनीताल में सस्ते किराए के मकान: छात्र और नौकरीपेशा लोग इन 8 पॉकेट-फ्रेंडली इलाकों में पा सकते हैं कमरासब्जियों की भरपूर पैदावार के लिए सितंबर में अपनाएं प्रो-ट्रे तकनीक, कृषि विशेषज्ञ वकील यादव ने बताए नर्सरी प्रबंधन के सही तरीकेराजस्थान की शाही ट्रेन पैलेस ऑन व्हील्स का नया सीजन शुरू, 77 यात्रियों के साथ जोधपुर पहुंची पहली हाउसफुल ट्रिपछत्तीसगढ़ के बस्तर की सुंदर प्राकृतिक छटा: जलप्रपात, प्राचीन मंदिर और ऐतिहासिक महल समेत घूमें ये 8 प्रमुख पर्यटन स्थलजयपुर के रामगंज बाजार की अनूठी दुकान, 4 पीढ़ियों से सहेज रही है 120 साल पुराना ग्रामोफोन का संगीतफेसबुक लाइव पर 198 km/h की स्पीड दिखाना पड़ा भारी, राजस्थान के टोंक में भीषण हादसे से कार चालक राजाराम जाट की गई जानहैदराबाद के गणेश पंडाल में दिखा 'विकसित भारत 2047' का मॉडल, बुलेट ट्रेन और विकास के सफर ने मन मोहा
इंजीनियर्स डे पर अरविंद केजरीवाल ने सर एम. विश्वेश्वरैया को दी श्रद्धांजलि, अपनी इंजीनियरिंग यात्रा को किया यादनेता जी
15 सित॰ 2026, 1:34 pm (1 घंटे पहले)· 0

इंजीनियर्स डे पर अरविंद केजरीवाल ने सर एम. विश्वेश्वरैया को दी श्रद्धांजलि, अपनी इंजीनियरिंग यात्रा को किया याद

इंजीनियर्स डे के मौके पर अरविंद केजरीवाल ने भारत रत्न सर एम. विश्वेश्वरैया को उनकी जयंती पर नमन किया और देश भर के इंजीनियरों के समर्पण की सराहना की।

देश भर में मनाए जा रहे इंजीनियर्स डे के अवसर पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भारत रत्न सर एम. विश्वेश्वरैया को उनकी जयंती पर नमन किया। उन्होंने देश के विकास और बुनियादी ढांचे को मजबूत बनाने में दिन-रात लगे सभी इंजीनियरों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं।

इंजीनियरिंग की राह और चुनौतियाँ

अपनी बात रखते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि वह स्वयं इस क्षेत्र से जुड़े रहे हैं। उन्होंने कहा, "स्वयं इस मार्ग पर चलने के कारण मैं अच्छी तरह जानता हूँ कि एक इंजीनियर बनने के लिए कितनी मेहनत और लगन की आवश्यकता होती है।" उन्होंने अलग-अलग क्षेत्रों में काम कर रहे अभियंताओं के समर्पण को सराहा और देश के निर्माण में उनकी भूमिका को रेखांकित किया।

भारत रत्न सर एम. विश्वेश्वरैया का अतुलनीय योगदान

भारत में प्रतिवर्ष 15 सितंबर को महान दूरदर्शी और सिविल इंजीनियर सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया की जयंती के रूप में इंजीनियर्स डे मनाया जाता है। उन्होंने देश में जल प्रबंधन, बांध निर्माण और सिंचाई प्रणालियों के क्षेत्र में आधुनिक तकनीकों की नींव रखी थी। उनके द्वारा बनाए गए डिजाइनों ने भारत के ढांचागत विकास को एक नई दिशा दी और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बने।

बेंगलुरु का शैक्षणिक ढांचा और यूवीसीई की स्थापना

शिक्षा और तकनीकी प्रगति के क्षेत्र में बेंगलुरु का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। सर एम. विश्वेश्वरैया ने स्वयं वर्ष 1917 में विश्वेश्वरैया कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (यूवीसीई) की स्थापना की थी। यह संस्थान वर्तमान में यूवीसीई पब्लिक स्टेट यूनिवर्सिटी के रूप में संचालित होता है। शहर में उच्च शिक्षा का इतिहास काफी समृद्ध है, जहाँ वर्ष 1886 में बैंगलोर यूनिवर्सिटी की स्थापना की गई थी। इस विश्वविद्यालय के पास ज्ञानभारती और सेंट्रल कॉलेज नाम से दो बड़े परिसर हैं, जिनसे 500 से अधिक कॉलेज जुड़े हैं और 3 लाख से अधिक छात्र अध्ययनरत हैं।

विश्वविद्यालय का पुनर्गठन और तकनीकी शिक्षा

छात्रों की बढ़ती संख्या और संस्थानों के सुचारू प्रबंधन के उद्देश्य से वर्ष 2017 में बैंगलोर यूनिवर्सिटी का पुनर्गठन किया गया था। इसे तीन अलग-अलग भागों में विभाजित किया गया, जिनमें बैंगलोर यूनिवर्सिटी, बेंगलुरु नॉर्थ यूनिवर्सिटी और बेंगलुरु सिटी यूनिवर्सिटी शामिल हैं। इसके अलावा, क्षेत्र के अनेक निजी इंजीनियरिंग कॉलेज विस्वेस्वरया टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी (वीटीयू) से संबद्ध होकर तकनीकी शिक्षा प्रदान कर रहे हैं।

जनता की प्रतिक्रिया

सोशल मीडिया पर इस संदेश के आने के बाद आम नागरिकों और इंटरनेट उपयोगकर्ताओं ने अपनी प्रतिक्रियाएं दीं। कई लोगों ने देश के विकास में इंजीनियरों के अमूल्य योगदान की प्रशंसा की। वहीं कुछ उपयोगकर्ताओं ने इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की चुनौतियों, कोचिंग संस्थानों के बढ़ते वित्तीय बोझ और शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी व्यावहारिक समस्याओं पर ध्यान केंद्रित करने की बात कही।

ये भी पढ़ें

सवाल-जवाब

इंजीनियर्स डे कब मनाया जाता है?
भारत में प्रतिवर्ष 15 सितंबर को भारत रत्न सर एम. विश्वेश्वरैया की जयंती के अवसर पर इंजीनियर्स डे मनाया जाता है।
सर एम. विश्वेश्वरैया ने किस प्रमुख शैक्षणिक संस्थान की स्थापना की थी?
उन्होंने वर्ष 1917 में बेंगलुरु में यूनिवर्सिटी विश्वेश्वरैया कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (यूवीसीई) की स्थापना की थी।
अरविंद केजरीवाल ने इंजीनियर्स डे पर क्या कहा?
उन्होंने सर एम. विश्वेश्वरैया को श्रद्धांजलि अर्पित की और अपनी इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि को याद करते हुए देश भर के इंजीनियरों को शुभकामनाएं दीं।
बैंगलोर यूनिवर्सिटी का पुनर्गठन कब हुआ था?
वर्ष 2017 में बेहतर प्रबंधन के लिए बैंगलोर यूनिवर्सिटी को तीन भागों बैंगलोर यूनिवर्सिटी, बेंगलुरु नॉर्थ यूनिवर्सिटी और बेंगलुरु सिटी यूनिवर्सिटी में विभाजित किया गया था।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR