केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पारसी नववर्ष नवरोज़ के पावन अवसर पर देश के पारसी समुदाय के सभी नागरिकों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। सोशल मीडिया मंच एक्स पर जारी अपने शुभकामना संदेश में गृह मंत्री ने कामना की कि यह नया साल हर किसी के जीवन में खुशहाली, सुख और समृद्धि लेकर आए। भारत के स्वतंत्रता दिवस के उत्सवों के बीच पारसी नववर्ष के इस आगमन ने देश के सांस्कृतिक ताने-बाने में उत्साह और मिठास घोल दी है।
पारसी समुदाय को गृह मंत्री का शुभकामना संदेश
गृह मंत्री अमित शाह ने अपने संदेश में पारसी भाइयों और बहनों के प्रति आत्मीयता व्यक्त करते हुए कहा कि नवरोज़ की प्रार्थनाएं और उत्सव सभी के जीवन में खुशहाली का आशीर्वाद लाएं। उन्होंने पारसी समाज की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को रेखांकित किया और कहा कि यह समुदाय सदैव से भारत के विकास का एक मजबूत स्तंभ रहा है। गृह मंत्री ने यह प्रार्थना भी की कि नववर्ष का यह पर्व देश में शांति, समरसता और निरंतर प्रगति के नए आयाम स्थापित करे।
राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और उपराष्ट्रपति ने भी दी बधाई
नवरोज़ के इस पावन पर्व पर गृह मंत्री के साथ ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी देशवासियों को अपनी बधाई प्रेषित की। शीर्ष नेताओं ने सर्वसम्मति से इस बात को स्वीकार किया कि राष्ट्र के सामाजिक और आर्थिक जीवन में पारसी समुदाय का योगदान अतुलनीय रहा है। नेताओं ने कहा कि पारसी समाज ने अपनी मेहनत, निष्ठा और परोपकार की भावना से भारत की प्रगति में जो भूमिका निभाई है, उस पर पूरे देश को गर्व है।
भारत की प्रगति और पारसी समाज की ऐतिहासिक भूमिका
संख्यात्मक दृष्टि से छोटा होने के बावजूद पारसी समुदाय ने भारत के इतिहास, उद्योग, रक्षा और विज्ञान के क्षेत्र में अपनी अमिट छाप छोड़ी है। पारसी कैलेंडर के पहले दिन मनाया जाने वाला नवरोज़ का यह त्योहार नव-उत्साह, आशा और प्राकृतिक नवीनीकरण का प्रतीक माना जाता है। भारत में पारसी समुदाय के लोग इस दिन अपने घरों की सजावट करते हैं, पारंपरिक प्रार्थना सभाओं में हिस्सा लेते हैं और एक-दूसरे के बीच मिठाइयां बांटकर नए साल का स्वागत करते हैं। 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोहों के बीच शीर्ष नेतृत्व द्वारा दी गई यह बधाई देश की विविधता और समरसता को दर्शाती है।
जनता की प्रतिक्रिया
गृह मंत्री के इस शुभकामना संदेश पर सोशल मीडिया पर आम जनता की ओर से अत्यंत सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिली। बड़ी संख्या में नागरिकों ने पारसी भाइयों और बहनों को नवरोज़ मुबारक कहा और देश के विकास में इस शांतिप्रिय समुदाय के निरंतर योगदान के प्रति सम्मान व्यक्त किया।


























