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बलूचिस्तान की कोयला खदान में मीथेन गैस का भीषण धमाका, 18 मजदूरों की मौत और 24 जमीन के नीचे फंसेपाकिस्तान
31 जुल॰ 2026, 6:47 am (44 दिन पहले)· 0

बलूचिस्तान की कोयला खदान में मीथेन गैस का भीषण धमाका, 18 मजदूरों की मौत और 24 जमीन के नीचे फंसे

पाकिस्तान के क्वेटा के पास स्थित एक कोयला खदान में जहरीली मीथेन गैस जमा होने के कारण हुए विस्फोट में 18 श्रमिकों की जान चली गई, जबकि 24 मजदूर अब भी अंदर फंसे हुए हैं।

पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में स्थित एक कोयला खदान के भीतर हुए भीषण धमाके ने व्यापक तबाही मचाई है। क्वेटा के बाहरी इलाके में संचालित इस खदान में मीथेन गैस का खतरनाक स्तर पर संचय होने के बाद अचानक विस्फोट हो गया। इस हादसे में 18 मजदूरों की मौत की पुष्टि की जा चुकी है, जबकि 24 अन्य श्रमिक जमीन के सैकड़ों फीट नीचे फंसे हुए हैं, जिन्हें निकालने के प्रयास किए जा रहे हैं।

विस्फोट का मुख्य कारण और सरकारी जांच

हादसे के बाद खान सुरक्षा अधिकारियों ने मामले की प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है। सरकारी खान निरीक्षक घनी बलोच ने बताया कि खदान के भीतर जहरीली और ज्वलनशील मीथेन गैस के अचानक जमा हो जाने के कारण यह विस्फोट हुआ। भूमिगत कोयला खदानों में वेंटिलेशन की कमी और गैस संचय ऐसी आपदाओं का प्रमुख कारण बनता है, जिससे श्रमिकों के पास संभलने का मौका तक नहीं रहता।

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राहत अभियान में आ रही गंभीर रुकावटें

घटना की जानकारी मिलते ही बचाव दल मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। हालांकि, खदान के गहराई वाले हिस्सों में जहरीली गैस के असर और सुरंगों के क्षतिग्रस्त होने के कारण बचाव कर्मियों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। आपातकालीन टीमें 24 फंसे हुए मजदूरों तक पहुंचने के लिए खदान के भीतर ऑक्सीजन पाइप और वेंटिलेशन उपकरण पहुंचाने का प्रयास कर रही हैं।

खदानों में सुरक्षा मानकों पर उठते सवाल

इस हादसे ने बलूचिस्तान क्षेत्र में स्थित खदानों में काम करने वाले श्रमिकों की सुरक्षा और वहां के कार्य परिवेश पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय प्रशासन और राहत एजेंसियां खदान के अंदर फंसे मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए लगातार अभियान चला रही हैं, लेकिन अंदर के हालात बेहद चिंताजनक बने हुए हैं।

सवाल-जवाब

बलूचिस्तान में कोयला खदान के भीतर क्या हादसा हुआ?
क्वेटा के पास स्थित एक कोयला खदान में जहरीली मीथेन गैस जमा होने की वजह से भीषण विस्फोट हो गया।
इस दुर्घटना में कितने मजदूरों की जान गई है?
विस्फोट की चपेट में आने से 18 मजदूरों की मौत की पुष्टि हो चुकी है।
खदान के अंदर कितने मजदूर अभी फंसे हुए हैं?
हादसे के बाद से 24 मजदूर खदान के अंदर जमीन के नीचे फंसे हुए हैं।
सरकारी जांच में विस्फोट का क्या मुख्य कारण बताया गया है?
सरकारी खान निरीक्षक घनी बलोच के अनुसार, खदान के अंदर अत्यधिक मीथेन गैस का संचय होने से विस्फोट हुआ।
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