अमेरिकी न्याय विभाग के संघीय अभियोजक पूर्व व्हाइट हाउस सहयोगी कैसिडी हचिंसन के खिलाफ झूठी गवाही और न्याय प्रक्रिया में बाधा डालने के संभावित आपराधिक मामले की समीक्षा कर रहे हैं। हचिंसन ने चार साल पहले कैपिटल हिल में हुई हिंसा की जांच कर रही समिति के समक्ष अपनी गवाही में पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर कई गंभीर आरोप लगाए थे। इस पूरे घटनाक्रम से जुड़े दो सूत्रों के अनुसार, संघीय अभियोजकों की यह सक्रियता हचिंसन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाने के न्याय विभाग के इरादे को दर्शाती है। हालांकि, अभियोजक मध्यावधि चुनाव समाप्त होने से पहले वाशिंगटन की किसी संघीय ग्रैंड जूरी से औपचारिक अभियोग पत्र जारी करने का अनुरोध करने की योजना नहीं बना रहे हैं।
जांच समिति के सामने प्रमुख गवाह बनी थीं कैसिडी हचिंसन
पूर्व व्हाइट हाउस चीफ ऑफ स्टाफ मार्क मीडोज की सहयोगी रह चुकीं 29 वर्षीय कैसिडी हचिंसन ने छह जनवरी की हिंसा की पड़ताल करने वाली विशेष कांग्रेस समिति के सामने एक मुख्य गवाह के तौर पर बयान दर्ज कराया था। अपनी गवाही में उन्होंने बताया था कि ट्रंप को भीड़ के पास हथियार होने की पूरी जानकारी थी, इसके बावजूद उन्होंने अपने समर्थकों को कैपिटल तक कूच करने के लिए प्रेरित किया था। सार्वजनिक सुनवाई के अलावा हचिंसन ने कई गोपनीय साक्षात्कार भी दिए थे, जिनमें उन्होंने यह भी उल्लेख किया था कि जब ट्रंप को प्रदर्शनकारियों के बीच जाने से रोका गया, तो उन्होंने अपनी आधिकारिक गाड़ी में सीक्रेट सर्विस के एक एजेंट पर हमला करने का प्रयास किया था।
बयानों के अंतर्विरोध और दावों की पड़ताल में जुटे अभियोजक
हाल के महीनों में न्याय विभाग के अभियोजकों का ध्यान इस तथ्य पर केंद्रित हुआ है कि पूर्व विशेष वकील जैक स्मिथ की जांच में हचिंसन के कई बयानों की पुष्टि नहीं हो सकी थी। इसके साथ ही सीक्रेट सर्विस ने भी राष्ट्रपति की लिमोसिन कार में किसी भी प्रकार की हाथापाई या झड़प की बात से साफ इनकार किया था। सूत्रों के अनुसार, अभियोजक हचिंसन द्वारा कांग्रेस समिति को दिए गए साक्षात्कारों के प्रतिलेखों की तुलना जैक स्मिथ की जांच टीम को दी गई उनकी गवाही से कर रहे हैं, ताकि यह साबित किया जा सके कि समय के साथ उनके बयानों में बदलाव आया है।
इसके अतिरिक्त, अभियोजक हचिंसन के उस दावे की भी गहराई से जांच कर रहे हैं जिसमें उन्होंने कैपिटल दंगे के दौरान ट्रंप द्वारा जारी किए जाने वाले एक बयान को नोटकार्ड पर लिखने की बात कही थी। पूर्व व्हाइट हाउस वकील एरिक हर्शमैन ने हचिंसन के इस दावे का खंडन करते हुए कहा था कि वह नोटकार्ड वास्तव में उन्होंने खुद लिखा था। हालांकि, यह अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है कि अभियोजक झूठी गवाही और बाधा डालने, दोनों मामलों में औपचारिक आरोप लगाएंगे या किसी एक में। यह कानूनी समीक्षा पिछले कई महीनों से चल रही है, जबकि न्याय विभाग, हचिंसन और उनके वकील ने इस विषय पर प्रतिक्रिया देने से परहेज किया है। वर्ष 2023 में ट्रंप के पहले प्रशासन के अपने अनुभवों पर आधारित संस्मरण 'इनफ' प्रकाशित करने के बाद से हचिंसन सार्वजनिक जीवन में काफी शांत रही हैं।
राजनीतिक संदर्भ और जांच की कानूनी चुनौतियां
यह ग्रैंड जूरी जांच ऐसे समय में हो रही है जब न्याय विभाग उन लोगों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ा रहा है जिन्हें ट्रंप के राजनीतिक विरोधियों के रूप में देखा जाता है। मामले से परिचित सूत्रों ने बताया कि ट्रंप ने अप्रैल में पूर्व अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को उनके पद से हटा दिया था, जिसका एक कारण ऐसे मामलों को आगे बढ़ाने में उनकी धीमी कार्यशैली को माना गया था। हालांकि, न्याय विभाग के कुछ अधिकारी हचिंसन के खिलाफ एक ठोस आपराधिक मामला टिक पाने को लेकर संशय में हैं। झूठी गवाही के मामलों में दोष साबित करने के लिए कानून के तहत एक बेहद कड़ा मानक तय है, जहां अभियोजकों को उचित संदेह से परे यह साबित करना होता है कि गवाह ने जानबूझकर झूठ बोला और उस झूठ से पूरी जांच पर भौतिक प्रभाव पड़ा।
नागरिक अधिकार प्रभाग को सौंपा गया मामला
हचिंसन के खिलाफ यह आपराधिक जांच जॉर्जिया के रिपब्लिकन प्रतिनिधि बैरी लाउडरमिल्क की कानूनी सिफारिश के बाद न्याय विभाग की प्राथमिकता बनी। लाउडरमिल्क लंबे समय से छह जनवरी की जांच समिति के आलोचक रहे हैं। लाउडरमिल्क ने अलग से हचिंसन से पूछताछ करने की कोशिश भी की थी, जिसे हाउस स्पीकर माइक जॉनसन ने यह चिंता जताते हुए रोक दिया था कि इससे सांसदों और हचिंसन के बीच संवेदनशील व्यक्तिगत संदेश सार्वजनिक हो सकते हैं। एक असामान्य कदम के तहत, यह आपराधिक सिफारिश वाशिंगटन स्थित यूएस अटॉर्नी कार्यालय या आपराधिक प्रभाग को देने के बजाय न्याय विभाग के नागरिक अधिकार प्रभाग को सौंप दी गई। न्याय विभाग के आंतरिक नियमों के अनुसार, नागरिक अधिकार प्रभाग केवल उन्हीं मामलों की जांच करता है जिनका संबंध नागरिक अधिकारों के उल्लंघन से होता है। वर्तमान में इस प्रभाग का नेतृत्व हरमीत ढिल्लों कर रही हैं, जो ट्रंप की करीबी मानी जाती हैं और प्रशासन के कानूनी एजेंडे की मजबूत पैरोकार रही हैं।























