बिहार की राजधानी पटना में इन दिनों एक अलग तरह की पोस्टरबाजी चर्चा का विषय बनी हुई है। जनता दल यूनाइटेड (JDU) के दफ्तर के बाहर लगाए गए पोस्टरों में पूर्व मुख्यमंत्री और राज्यसभा सांसद नीतीश कुमार को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न दिए जाने की मांग की गई है। इन्हीं पोस्टरों में स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार को भी बिहार का भविष्य का नेता करार दिया गया है, जिसने राजनीतिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है।
पोस्टर में नीतीश कुमार के लिए क्या दावे
पोस्टर में नीतीश कुमार के 20 साल लंबे कार्यकाल को असाधारण बताया गया है और उसे जनसेवा की एक शानदार मिसाल के तौर पर पेश किया गया है। पोस्टर पर लिखा है, "नीतीश सेवक मांग रहा है... अब भारत रत्न सम्मान।" इस नारे के जरिए समर्थकों ने साफ संकेत दिया है कि वे लंबे समय से नीतीश कुमार को इस सम्मान से नवाजे जाने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। गौरतलब है कि नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की मांग कोई नई बात नहीं है, अतीत में भी कई बार यह मुद्दा उठ चुका है।
निशांत कुमार को लेकर पोस्टर में नया एंगल
इन पोस्टरों में एक और बात लोगों का ध्यान खींच रही है, वह है मुख्यमंत्री के बेटे निशांत कुमार का जिक्र। पोस्टर में उन्हें सीधे तौर पर बिहार का भविष्य का नेता बताया गया है। इसमें लिखा गया है, "नीतीश जी का मिशन अधूरा... निशांत कुमार ही करेंगे पूरा।" यानी पोस्टर लगाने वालों ने नीतीश कुमार के अधूरे रह गए कामों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी निशांत कुमार को सौंपने का इशारा किया है, जिसे सियासी नजरिए से काफी अहम माना जा रहा है।
जनवरी 2026 में भी उठी थी यही मांग
नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की मांग पहले भी सामने आ चुकी है। जनवरी 2026 में जदयू के वरिष्ठ नेता के.सी. त्यागी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस बारे में पत्र लिखा था। अपने पत्र में उन्होंने नीतीश कुमार को समाजवादी आंदोलन का बचा हुआ अनमोल रत्न बताते हुए कहा था कि वे भारत रत्न के हकदार हैं और उन्हें यह सम्मान मिलना चाहिए। त्यागी ने अपने पत्र में यह भी याद दिलाया था कि चौधरी चरण सिंह और कर्पूरी ठाकुर को भी भारत रत्न से नवाजा जा चुका है, ऐसे में सामाजिक न्याय, किसानों और वंचित वर्गों के लिए नीतीश कुमार के योगदान को भी राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिलनी चाहिए। उन्होंने प्रधानमंत्री से करोड़ों लोगों की भावनाओं का सम्मान करते हुए यह सम्मान देने का आग्रह किया था।
गिरिराज सिंह पहले ही कर चुके हैं यह सिफारिश
नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की मांग करने वालों में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह का नाम भी शामिल है। दिसंबर 2024 में उन्होंने सार्वजनिक तौर पर कहा था कि बिहार के विकास में नीतीश कुमार का योगदान उल्लेखनीय रहा है और ऐसे नेताओं को देश के सर्वोच्च सम्मान से नवाजा जाना चाहिए। यानी पटना में लगे ये ताजा पोस्टर किसी अकेली मांग का नतीजा नहीं, बल्कि लंबे समय से चली आ रही एक सियासी बहस की नई कड़ी हैं।













