नई दिल्ली में संसद के मानसून सत्र के दौरान बुधवार को लोकसभा ने एंटी पेपर लीक संशोधन बिल 2026 को अपनी मंजूरी दे दी। इस महत्वपूर्ण विधेयक के पारित होने से पहले ही सदन के भीतर राजनीतिक माहौल काफी गरमा गया। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर तीखे हमले करते हुए सरकार का पक्ष रखा और आरोप लगाया कि विपक्षी दल युवाओं के भविष्य से जुड़े इस गंभीर विषय पर राजनीति करने में लगे हैं।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के तीखे आरोप
सदन में अपनी बात रखते हुए केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने राहुल गांधी की भाषाशैली और उनके आचरण पर गंभीर सवाल खड़े किए। जितेंद्र सिंह ने कहा कि राहुल गांधी ने युवाओं को मूर्ख कहकर संबोधित किया है, जो देश के उज्ज्वल भविष्य के लिहाज से बेहद निराशाजनक और चिंताजनक है। उन्होंने विपक्ष द्वारा फैलाए जा रहे दावों को खारिज करते हुए 21 जुलाई को घटी घटना का विशेष रूप से उल्लेख किया।
केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया कि 21 जुलाई को राहुल गांधी विरोध जताने के लिए सीधे प्रधानमंत्री आवास के बाहर जाकर बैठ गए थे। उन्होंने सदन को अवगत कराया कि विपक्ष उस घटना के संबंध में गलत और भ्रामक जानकारी दे रहा है। जितेंद्र सिंह के अनुसार, उस दौरान मौके पर कोई गोलीबारी नहीं हुई थी, बल्कि प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए केवल आंसू गैस के गोलों का प्रयोग किया गया था।
बीजेपी मुख्यालय और इंदिरा भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस
सदन में हुए इस वाकयुद्ध के बाद अब इस पूरे मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने के आसार हैं। आज शाम को सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ही मीडिया के माध्यम से एक-दूसरे का घेराव करने की तैयारी में हैं। शाम 4:30 बजे बीजेपी मुख्यालय में संबित पात्रा एक प्रेस वार्ता को संबोधित करेंगे, जिसमें सरकार की ओर से पलटवार किए जाने की संभावना है।
दूसरी तरफ, विपक्ष के नेता राहुल गांधी शाम 6 बजे इंदिरा भवन में पत्रकारों से बातचीत करेंगे। माना जा रहा है कि दोनों नेताओं की ओर से एक-दूसरे पर जोरदार जुबानी हमले किए जाएंगे और पेपर लीक कानून तथा हालिया विवादों पर अपनी-अपनी बात रखी जाएगी।



















