रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का दैनिक जीवन और उनकी निजी जीवन शैली हमेशा से लोगों के बीच कौतूहल का विषय रहे हैं। उनके बारे में सार्वजनिक रूप से बहुत अधिक ब्योरे बाहर नहीं आते हैं क्योंकि वह अपनी व्यक्तिगत गोपनीयता को लेकर बेहद सख्त रहते हैं। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में खुद व्लादिमीर पुतिन और उनके प्रशासन ने कई बार ऐसे मुद्दों पर खुलकर बात की है जो आम लोगों के जेहन में अक्सर आते हैं। दुनिया भर में लोगों के मन में यह सवाल अक्सर उठता रहता है कि आखिर व्लादिमीर पुतिन किस ब्रांड या कंपनी का फोन इस्तेमाल करते हैं। क्या उनके हाथों में कभी कोई आईफोन दिखाई देता है या फिर उनके पास रूस का कोई विशेष रूप से तैयार किया गया सुरक्षित फोन है।
साल 2018 में दिया था बड़ा बयान
इस विषय पर सबसे स्पष्ट जानकारी साल 2018 में सामने आई थी जब व्लादिमीर पुतिन वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक कर रहे थे। उस बैठक के दौरान कुर्चातोव न्यूक्लियर रिसर्च इंस्टीट्यूट के प्रमुख मिखाइल कोवालचुक अपनी बात रख रहे थे और उन्होंने जिक्र किया था कि आज के समय में हर व्यक्ति की जेब में स्मार्टफोन मौजूद रहता है। इस बात पर व्लादिमीर पुतिन ने बीच में ही उन्हें रोकते हुए साफ शब्दों में कहा था कि उनके पास कोई स्मार्टफोन नहीं है। उस दौरान इस घटना से जुड़ी रिपोर्ट प्रमुख समाचार एजेंसी एएफपी में भी प्रकाशित हुई थी। जिससे यह बात सामने आई कि उस समय तक तो रूसी राष्ट्रपति व्यक्तिगत रूप से किसी भी तरह के स्मार्टफोन का इस्तेमाल बिल्कुल नहीं कर रहे थे।
क्रेमलिन के प्रवक्ता की ओर से दी गई सफाई
केवल व्लादिमीर पुतिन का यह बयान ही नहीं बल्कि क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने भी इस मामले पर विस्तार से अपनी बात रखी है। दिमित्री पेस्कोव ने एक साक्षात्कार के दौरान स्पष्ट किया था कि जहां तक उन्हें इस बारे में जानकारी है, व्लादिमीर पुतिन के पास अपना कोई निजी फोन नहीं है। उनके अनुसार आज के दौर में स्मार्टफोन का उपयोग किसी भी आम या खास व्यक्ति की प्राइवेसी और डिजिटल सिक्योरिटी के लिए बहुत बड़ा खतरा पैदा कर सकता है। किसी भी देश के शीर्ष और हाई-प्रोफाइल नेता के मामले में यह सुरक्षा खतरा और भी अधिक गंभीर रूप ले लेता है। यही प्रमुख वजह है कि रूसी राष्ट्रपति की पूरी संचार व्यवस्था आम नागरिकों की कम्युनिकेशन व्यवस्था से पूरी तरह अलग और बेहद सुरक्षित रखी गई है।
किस तरह के संचार साधनों का होता है प्रयोग
व्लादिमीर पुतिन पहले भी यह बात सार्वजनिक कर चुके हैं कि क्रेमलिन के भीतर मोबाइल फोन के इस्तेमाल को लेकर बेहद कड़े और अनुशासन वाले नियम लागू हैं। यदि उन्हें किसी से भी जरूरी बात करनी होती है तो वह किसी भी साधारण स्मार्टफोन का उपयोग करने के बजाय आधिकारिक और अत्यधिक सुरक्षित फोन लाइन का सहारा लेते हैं। इसका मतलब यह नहीं है कि व्लादिमीर पुतिन को आईफोन पसंद नहीं है या वह एंड्रॉइड आधारित फोन रखना नहीं चाहते हैं। इसके पीछे का सबसे बड़ा और बुनियादी कारण राष्ट्रीय सुरक्षा और किसी भी प्रकार की संवेदनशील जानकारी के लीक होने के खतरे को पूरी तरह समाप्त करना है।
क्या रूस का कोई विशेष सिक्योर फोन इस्तेमाल करते हैं
व्लादिमीर पुतिन के पास स्मार्टफोन नहीं है, इस बात को खुद रूसी सरकार द्वारा स्पष्ट किया जा चुका है। लेकिन इसका यह मतलब बिल्कुल नहीं निकाला जाना चाहिए कि वह किसी खास रूसी सिक्योर मोबाइल फोन का इस्तेमाल करते हैं। इंटरनेट की दुनिया में समय-समय पर व्लादिमीर पुतिन के नाम से अलग-अलग फैंसी फोन्स या विशेष कम्युनिकेशन डिवाइस होने के दावे किए जाते रहे हैं। हालांकि, किसी भी विशिष्ट मॉडल को उनका निजी फोन साबित करने के लिए किसी भी तरह की आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है। इसलिए यह कहना ज्यादा तार्किक होगा कि रूसी राष्ट्रपति की पूरी कम्युनिकेटिंग व्यवस्था किसी सामान्य स्मार्टफोन या बाजार में मिलने वाले गैजेट्स पर बिल्कुल आधारित नहीं है।
इंटरनेट और सोशल मीडिया से दूरी
व्लादिमीर पुतिन ने इंटरनेट और सोशल मीडिया के उपयोग को लेकर भी कई अलग-अलग मौकों पर अपनी राय रखी है। वर्ष 2017 में एक स्कूली बच्चों के साथ मुलाकात के दौरान जब उनसे यह सवाल पूछा गया था कि क्या वह इंस्टाग्राम या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को देखते हैं, तो उन्होंने बहुत स्पष्ट जवाब दिया था। व्लादिमीर पुतिन का कहना था कि वह खुद कभी भी इंटरनेट का इस्तेमाल नहीं करते हैं। उनका अधिकांश समय देश के कामकाज और प्रशासनिक बैठकों में ही पूरी तरह व्यस्त रहता है, जिसके कारण उनके पास इंस्टाग्राम जैसी चीजों को देखने के लिए बिल्कुल समय नहीं बचता है। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया था कि उनके स्टाफ के कई सदस्य आधिकारिक रूप से इंटरनेट का उपयोग करते हैं।



















