माउंट आबू का नाम बदलकर 'आबूराज' किए जाने की खुशी में नागा बेरी बालाजी मंदिर के महंत 1008 बजरंगदास महाराज अपनी कठिन दंडवत पदयात्रा पर निकले हैं। 3 अगस्त से सोजत सिटी स्थित मंदिर से प्रारंभ हुई यह साधना लगातार जारी है और 29वें दिन यात्रा सुमेरपुर सीमा में प्रविष्ट हुई। जाखानगर बाइपास के पास स्थित बाबा रामदेव भंडारा स्थल पर पहुँचने पर स्थानीय सनातनियों और श्रद्धालुओं ने महंत का फूलों की मालाएं पहनाकर अभिनंदन किया और उनसे आशीर्वाद प्राप्त किया।
संतों का आंदोलन और 'आबूराज' का संकल्प
महंत बजरंगदास महाराज ने अपनी इस दुर्गम साधना के पीछे का मुख्य कारण बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि माउंट आबू का नामकरण परिवर्तित करने के लिए साधु-संतों के मार्गदर्शन में एक व्यापक जन-आंदोलन चलाया गया था। उस समय उन्होंने मंदिर प्रांगण में यह प्रतिज्ञा ली थी कि यदि सरकार द्वारा माउंट आबू का नाम आधिकारिक रूप से 'आबूराज' घोषित कर दिया जाता है, तो वे सोजत सिटी के नागा बेरी बालाजी धाम से आबूराज स्थित प्रसिद्ध अग्नेश्वर महादेव मंदिर तक दंडवत यात्रा संपन्न करेंगे। जैसे ही नाम परिवर्तन का फैसला आया, महंत महाराज ने अपनी कठिन प्रतिज्ञा को निभाते हुए राह की विषमताओं और चुनौतियों की परवाह किए बिना यात्रा आरंभ कर दी।
प्रतिदिन 3 किलोमीटर की दूरी और 3 महीने की योजना
यह ऐतिहासिक पदयात्रा लगभग 250 किलोमीटर लंबी है, जिसे पूरा होने में करीब तीन महीने का समय लगने का अनुमान है। महंत बजरंगदास रोजाना औसतन 3 किलोमीटर का मार्ग पेट के बल दंडवत प्रणाम करते हुए तय कर रहे हैं। भीषण गर्मी, कड़ाके की धूप और डामर की तपती सड़कों के बावजूद उनके कदमों की गति और आस्था की भावना में कोई कमी नहीं आई है। पूरे यात्रा मार्ग में जगह-जगह ग्रामीण और श्रद्धालु उनके दर्शन के लिए एकत्र हो रहे हैं तथा साधना के सकुशल संपन्न होने की कामना कर रहे हैं। सुमेरपुर पहुंचने पर भरत परमार, हितेश परमार, प्रकाश कुमावत, नेनाराम मीणा, राहुल चौधरी, तुलसाराम और मुकेश बंजारा समेत कई गणमान्य लोगों ने महाराज का स्वागत किया। उपस्थित लोगों का कहना था कि वर्तमान युग में ऐसी कठोर तपस्या से आम जनता में धार्मिक चेतना का विस्तार हो रहा है।
शिवगंज में भव्य शोभायात्रा और सांस्कृतिक आयोजन
सोजत से आबूराज की इस यात्रा के अगले पड़ाव के बारे में जानकारी देते हुए भरत परमार ने बताया कि जब महंत महाराज का प्रवेश शिवगंज में होगा, तब वहां एक विशाल धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दौरान छावणी स्थित हनुमान चौक में एक भव्य भजन संध्या का आयोजन रखा गया है, जिसमें 7 से 8 सुप्रसिद्ध भजन गायक अपनी प्रस्तुतियां देंगे। इस भजन संध्या से पूर्व जाखानगर से लेकर छावणी कार्यक्रम स्थल तक एक विशाल शोभायात्रा भी निकाली जाएगी। इस आयोजन को लेकर क्षेत्र भर के श्रद्धालुओं और सनातन प्रेमियों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।



















