बैंक ऑफ कनाडा की मौद्रिक नीति घोषणा से ठीक पहले विदेशी मुद्रा बाजार में कनाडाई डॉलर की स्थिति काफी कमजोर बनी हुई है। वित्तीय सेवा संस्थान बीएनवाई के विश्लेषकों का मानना है कि कनाडाई करेंसी में हालिया रिकवरी केवल तकनीकी स्तर पर मीन रिवरजन का परिणाम थी और इसे मजबूत आर्थिक आधार का कोई सहारा नहीं मिल रहा है। विदेशी मुद्रा बाजार में यूएसडी/सीएडी जोड़ी का दबदबा स्पष्ट रूप से देखा जा रहा है, जबकि अन्य प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले कनाडाई डॉलर में व्यापारिक गतिविधियां काफी सीमित बनी हुई हैं।
कनाडाई डॉलर की स्थिति और बीएनवाई का विश्लेषण
बीएनवाई के रणनीतिकार जिऑफ यू ने बाजार के आंकड़ों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि बैंक ऑफ कनाडा की महत्वपूर्ण बैठक से पहले कनाडाई डॉलर में निवेशकों की रुचि बेहद हल्की बनी हुई है। जुलाई में केंद्रीय बैंक द्वारा लिए गए फैसले के बाद से करेंसी में बिकवाली का सिलसिला फिर से शुरू हो गया था, जिसे रोकने के प्रयास पूरी तरह नाकाम साबित हुए हैं। अगस्त महीने की शुरुआत में दर्ज किया गया पूंजी प्रवाह दरअसल जुलाई की भारी बिकवाली के बाद केवल एक अस्थाई सुधार था, जिसके बाद पूरे महीने बाजार काफी हद तक सपाट स्थिति में बना रहा।
बाजार डेटा संकेत देता है कि कनाडाई डॉलर के लिए दो महीने का रोलिंग एवरेज स्कोर -0.29 के स्तर पर आ गया है। जी10 देशों की मुद्राओं के मानकों के हिसाब से यह प्रवाह बेहद कमजोर माना जाता है। हालांकि इतना नकारात्मक प्रवाह मीन रिवरजन यानी औसतन स्तरों पर वापस लौटने के अवसर जरूर पैदा करता है, लेकिन इसके पीछे कोई ठोस मौलिक खरीदारी नजर नहीं आ रही है। यूएसडी/सीएडी की विनिमय दर पूरी तरह से कनाडाई डॉलर के प्रवाह को नियंत्रित कर रही है, जिससे क्रॉस-करेंसी मार्केट में गतिविधियों की भारी कमी दर्ज की गई है।
व्यापारिक तनाव और केंद्रीय बैंकों का रुख
कनाडाई अर्थव्यवस्था वर्तमान समय में अमेरिका के साथ बढ़ते व्यापारिक विवादों का सामना कर रही है। इसके बावजूद, हैरानी की बात यह है कि विदेशी मुद्रा बाजार में इस बढ़ते तनाव का कोई सीधा विनाशकारी प्रभाव कनाडाई डॉलर की पोजीशनिंग पर नहीं देखा गया है। इसके अतिरिक्त, बैंक ऑफ कनाडा का रुख भी दुनिया के अन्य प्रमुख जी10 केंद्रीय बैंकों से अलग बना हुआ है। जहां अन्य वैश्विक केंद्रीय बैंक अपनी मौद्रिक नीतियों को सख्त कर रहे हैं या दरों में बढ़ोतरी कर रहे हैं, वहीं बैंक ऑफ कनाडा अपनी दरों को एक ही स्तर पर बनाए रखने के लिए मजबूर दिख रहा है।
विश्लेषकों का कहना है कि बुनियादी सिद्धांतों में सुधार के बिना यूएसडी/सीएडी जोड़ी में लगातार बिकवाली आना बहुत कठिन चुनौती होगी। जब तक कनाडाई अर्थव्यवस्था से कोई सकारात्मक बुनियादी संकेत नहीं आते, तब तक केवल बाजार की पोजीशनिंग ही करेंसी के मूल्य को किसी हद तक सहारा दे सकती है।
बैंक ऑफ कनाडा का ब्याज दर पर रुख
बाजार विशेषज्ञों को पूरी उम्मीद है कि बैंक ऑफ कनाडा अपनी आगामी बैठक में मुख्य नीतिगत ब्याज दर को 2.25 प्रतिशत के स्तर पर यथावत बनाए रखेगा। यदि केंद्रीय बैंक दरों को 2.25 प्रतिशत पर ही बनाए रखता है, तो यह लगातार सातवीं ऐसी बैठक होगी जहां केंद्रीय बैंक ने अपनी दरों में कोई बदलाव नहीं किया है।
उल्लेखनीय है कि केंद्रीय बैंक ने जुलाई में आयोजित अपनी पिछली समीक्षा बैठक के दौरान भी व्यापक बाजार अनुमानों के अनुसार नीतिगत ब्याज दर को 2.25 प्रतिशत पर ही अपरिवर्तित रखा था। ब्याज दरों में स्थिरता का यह लंबा दौर दिखाता है कि नीति निर्माता आर्थिक वृद्धि को नुकसान पहुंचाए बिना मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने के प्रयास में फूंक-फूंक कर कदम रख रहे हैं।
प्रमुख वैश्विक मुद्राओं का हाल: जीबीपी/यूएसडी और ईयूआर/यूएसडी
कनाडाई डॉलर के अलावा वैश्विक करेंसी मार्केट में भी उथल-पुथल जारी है। ब्रिटिश पाउंड (जीबीपी/यूएसडी) लगातार कई दिनों की गिरावट के सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए 1.3470 के स्तर के करीब खिसक गया है, जो इसका पिछले चार हफ्तों का सबसे निचला स्तर है। पाउंड में दर्ज की गई इस गहरी गिरावट का मुख्य कारण अमेरिकी डॉलर में आई जोरदार रिकवरी और वैश्विक स्तर पर बना हुआ लगातार भू-राजनीतिक तनाव है।
दूसरी ओर, यूरो (ईयूआर/यूएसडी) अपनी शुरुआती गिरावट से उबरने में कामयाब रहा और बुधवार को दोबारा 1.1580 के स्तर के पास पहुंच गया। सत्र की शुरुआत में दो हफ्तों के निचले स्तर को छूने के बाद यूरो ने वापसी की। यह उछाल तब देखने को मिला जब अमेरिका में अगस्त महीने का एडीपी रोजगार रिपोर्ट अनुमान से कमजोर आया, जिससे अमेरिकी डॉलर की बढ़त की गति कुछ समय के लिए थम गई।
कमोडिटी बाजार: सोना और डब्ल्यूटीआई क्रूड ऑयल में तेजी
कमोडिटी बाजार में सोने की कीमतों ने एक बार फिर सुधार दर्ज किया है। प्रति ट्रॉय औंस $4,280 के निचले स्तर तक गिरने के बाद सोने ने रिकवरी की और $4,300 के महत्वपूर्ण आंकड़े को फिर से पार कर लिया। लगातार तीन दिनों की गिरावट के सिलसिले को खत्म करते हुए कीमती धातु में मामूली बढ़त दर्ज की गई। अमेरिकी डॉलर की सीमित गति, ट्रेजरी यील्ड में अनिश्चितता और भू-राजनीतिक चिंताओं के बीच सोने की कीमतों को सहारा मिला है।
ऊर्जा क्षेत्र में, वेस्ट टेक्सस इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड ऑयल की कीमतों में लगातार तीसरे दिन तेजी दर्ज की गई। पिछले छह कारोबारी सत्रों में यह पांचवां मौका था जब कच्चे तेल में सकारात्मक बढ़त देखी गई। एशियाई कारोबारी सत्र के दौरान डब्ल्यूटीआई का भाव 24 जुलाई के बाद के अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
डीजल क्रैक स्प्रेड का नया रिकॉर्ड
हालांकि कच्चे तेल का बाजार बाहर से शांत प्रतीत हो रहा है, लेकिन रिफाइंड ईंधन बाजार में स्थिति काफी अलग है। अमेरिका में अल्ट्रा-लो सल्फर डीजल फ्यूचर्स और डब्ल्यूटीआई क्रूड ऑयल के बीच का अंतर, जिसे डीजल क्रैक स्प्रेड कहा जाता है, पहली बार $100 प्रति बैरल के ऐतिहासिक आंकड़े को पार कर गया। कारोबार के दौरान यह प्रीमियम बढ़कर $102.00 प्रति बैरल से अधिक के रिकॉर्ड intraday स्तर को छू गया, जो रिफाइंड उत्पादों की वैश्विक मांग और आपूर्ति में जारी भारी दबाव को दर्शाता है।


















