दौसा जिले में पारिवारिक कलह सुलझाने की कोशिश एक खूनी संघर्ष में बदल गई। पति-पत्नी के बीच चल रहे गतिरोध को खत्म कराने के लिए अपनी बहन के घर पहुंचे एक भाई पर उसके ही जीजा ने जानलेवा हमला कर दिया। इस घटना के बाद से स्थानीय इलाके में हड़कंप मच गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए महुआ थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी जीजा को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत भी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
पारिवारिक मतभेद सुलझाने गया था साला
घटना के संबंध में सामने आई जानकारी के अनुसार, नाहिडा निवासी पुष्पेंद्र गुर्जर अपनी बहन के ससुराल गया था। उसके वहां जाने का मुख्य उद्देश्य पति-पत्नी के बीच लंबे समय से चल रहे मनमुटाव और विवाद को बातचीत के जरिए शांत कराना था। परिवार के लोग चाहते थे कि आपसी समझाइश से मामला सुलझ जाए, लेकिन स्थितियां पूरी तरह उलट गईं। बातचीत के दौरान माहौल इतना बिगड़ गया कि गहनौली निवासी जीजा विक्रम गुर्जर ने आपा खो दिया और पुष्पेंद्र पर फायरिंग कर दी। अचानक हुई इस गोलीबारी की घटना से मौके पर अफरा-तफरी और डर का माहौल बन गया।
जान से मारने की नीयत से हमले का आरोप
पुलिस के पास दर्ज कराई गई शिकायत के मुताबिक, आरोपी विक्रम गुर्जर पर साफ तौर पर जान से मारने की नीयत से गोली चलाने का आरोप लगा है। दोनों पक्षों के बीच पहले से ही पारिवारिक विवाद का एक मामला चल रहा था और इसी रंजिश या तनाव के साये में पुष्पेंद्र अपनी बहन के घर पहुंचा था। पीड़ित पुष्पेंद्र गुर्जर ने इससे पहले भी अपने जीजा विक्रम गुर्जर के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। इन पुरानी शिकायतों और लगातार बढ़ते तनाव के चलते ही यह खौफनाक कदम उठाया गया, जिसके बाद पुलिस ने मामले की तह तक जाने के लिए जांच का दायरा बढ़ा दिया है।
महुआ थाना पुलिस की त्वरित कार्रवाई
वारदात की सूचना मिलते ही महुआ थाना पुलिस हरकत में आ गई और गहनौली निवासी आरोपी विक्रम गुर्जर को धर दबोचा। पुलिस ने इस मामले में न केवल हत्या के प्रयास की धाराओं पर काम शुरू किया है, बल्कि फायरिंग में अवैध या अनुचित हथियार के इस्तेमाल की बात सामने आने पर आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत भी अलग से मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अब इस गोलीबारी में इस्तेमाल किए गए हथियार और घटना से जुड़े तमाम सबूत जुटाने में जुटी हुई है ताकि कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके।
पहले से थाने में दर्ज थी शिकायत
इस पूरे प्रकरण का एक अहम पहलू यह भी है कि पीड़ित पक्ष की ओर से पहले से ही पुलिस थाने में शिकायत दी जा चुकी थी। पति-पत्नी के बीच उपजे मतभेदों को जब घरेलू स्तर पर नहीं सुलझाया जा सका, तब पुष्पेंद्र ने मध्यस्थता करने की कोशिश की थी। लेकिन सुलह-समझौता कराने की यह पहल गोलीबारी की गंभीर वारदात तक जा पहुंची। पुलिस अब सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए इस बात की भी जांच कर रही है कि पारिवारिक विवाद आखिर किस हद तक बढ़ चुका था जिसके कारण यह खूनी नौबत आई।





















