जयपुर में राज्य सरकार ने प्रदेशभर की आशा सहयोगिनियों के लिए एक बड़ा आर्थिक फैसला लिया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रक्षाबंधन के मौके पर दिए गए अपने आश्वासन को अमलीजामा पहनाते हुए उनके मानदेय में दस प्रतिशत की बढ़ोतरी की आधिकारिक वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी है। सरकार के इस कदम से हजारों महिला कार्यकर्ताओं को सीधा वित्तीय लाभ मिलेगा और उनके कामकाज को प्रोत्साहन मिलेगा।
नया मानदेय और प्रभावी होने की तिथि
जारी किए गए आधिकारिक आदेशों के अनुसार, आशा सहयोगिनियों का मासिक मानदेय पहले 4 हजार 959 रुपये था जिसे अब बढ़ाकर 5 हजार 455 रुपये प्रति माह कर दिया गया है। इस बढ़ोतरी का लाभ 1 अक्टूबर 2026 से मिलना शुरू हो जाएगा। इस वित्तीय संबल से इन महिला कार्यकर्ताओं को अपने घर-परिवार के दैनिक खर्चों को चलाने में काफी आसानी होगी और उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार दर्ज किया जाएगा।
बजट और रक्षाबंधन पर दिया गया था वचन
यह निर्णय मुख्यमंत्री द्वारा राज्य बजट की घोषणाओं के दौरान तथा रक्षाबंधन के पावन पर्व पर सार्वजनिक रूप से किए गए वादे के तहत लिया गया है। सरकार ने प्रशासनिक औपचारिकताओं को तेजी से पूरा करते हुए इस प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी है। महिलाओं के कल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाते हुए प्रशासन ने इस वादे को समय पर पूरा किया है जिससे कार्यकर्ताओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है।
स्वास्थ्य सेवाओं और महिला सशक्तीकरण को बढ़ावा
ग्रामीण और शहरी इलाकों में बुनियादी स्वास्थ्य सेवाओं को अंतिम छोर तक पहुंचाने में आशा सहयोगिनियों की भूमिका बेहद अहम होती है। राज्य सरकार महिलाओं के सर्वांगीण विकास और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। इस निर्णय से न केवल इन महिलाओं को संबल मिलेगा, बल्कि प्रदेश के स्वास्थ्य ढांचे को भी और अधिक मजबूती और गति प्राप्त होगी।
























