राजस्थान में सब इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा-2021 के दौरान हुए पेपर लीक मामले की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। इस बहुचर्चित प्रकरण में एसओजी ने पारिवारिक रिश्तों के जरिए सरकारी नौकरी हासिल करने के कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। ताजा कार्रवाई के तहत जांच एजेंसी ने दो नए आरोपियों को अपनी गिरफ्त में लिया है। इन मामलों में यह बात सामने आई है कि किस तरह अपनों को फायदा पहुंचाने के लिए नियमों को ताक पर रखा गया और पैसों का लेनदेन किया गया।
पिता-पुत्र और जीजा-साले का अजीब कनेक्शन
एसओजी द्वारा की गई हालिया कार्रवाई में दो अलग-अलग मामले सामने आए हैं, जो पारिवारिक रिश्तों से जुड़े हुए हैं। एक मामले में पिता ने अपने बेटे को सब इंस्पेक्टर की कुर्सी तक पहुंचाने के लिए पेपर लीक गिरोह की मदद ली थी, तो दूसरे मामले में साले ने अपने जीजा को परीक्षा में पास कराने के लिए भारी-भरकम रकम चुकाकर प्रश्नपत्र खरीदा था। राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप ने देवेन्द्र कुमार सैनी और डूंगर प्रकाश बिश्नोई नाम के दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर अपने करीबी रिश्तेदारों को अवैध तरीके से परीक्षा में लाभ पहुंचाने का गंभीर आरोप है।
दस हजार रुपए के इनामी आरोपी की गिरफ्तारी
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में देवेन्द्र कुमार सैनी भी शामिल है, जिसने अपने बेटे रविन्द्र सैनी को एसआई भर्ती परीक्षा में सफल बनाने के लिए कथित तौर पर प्रश्नपत्र लीक करने वालों से सहायता ली थी। परीक्षा पास करने के बाद रविन्द्र सैनी का चयन सब इंस्पेक्टर के पद पर हो गया था। इस मामले में देवेन्द्र की संलिप्तता उजागर होने के बाद से ही वह एसओजी की रडार पर था और उस पर 10 हजार रुपए का इनाम भी रखा गया था। हालांकि पिता की गिरफ्तारी हो चुकी है, लेकिन उसका बेटा रविन्द्र सैनी अभी भी कानून की पकड़ से दूर है और पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है। जांच अधिकारी यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि इस प्रक्रिया में कौन-कौन लोग और शामिल थे।
दस लाख रुपए में खरीदा गया था प्रश्नपत्र
पेपर लीक से जुड़े दूसरे प्रकरण में डूंगर प्रकाश बिश्नोई की भूमिका सामने आई है। एसओजी के अनुसार, डूंगर प्रकाश ने अपने जीजा अशोक कुमार को परीक्षा में कामयाब बनाने के लिए कथित तौर पर 10 लाख रुपए का भुगतान करके प्रश्नपत्र खरीदा था। इस मामले में अशोक कुमार को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। खास बात यह है कि अशोक कुमार का चयन भी सब इंस्पेक्टर के रूप में हुआ था और उसने मेरिट सूची में 154वां स्थान प्राप्त किया था। अब डूंगर प्रकाश की गिरफ्तारी के बाद इस पूरी डील के मुख्य सोर्स और इसमें शामिल अन्य चेहरों की तलाश की जा रही है।
अब तक कुल 154 आरोपियों की हो चुकी है गिरफ्तारी
एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने इस पूरी कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि एसआई भर्ती परीक्षा-2021 के पेपर लीक मामले में ताबड़तोड़ कार्रवाई जारी है। इन दो नई गिरफ्तारियों के बाद इस पूरे प्रकरण में पकड़े गए कुल आरोपियों की संख्या अब 154 तक पहुंच गई है। एसओजी का दायरा लगातार उन तमाम लोगों तक फैल रहा है जिन्होंने इस लीक में किसी भी तरह से मदद की, पेपर खरीदा या अभ्यर्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाया। फरार चल रहे रविन्द्र सैनी की तलाश के लिए दबिश दी जा रही है और आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े खुलासे होने की उम्मीद जताई जा रही है।















