आईची नागोया में जारी 20वें एशियाई खेलों के तीसरे दिन भारतीय निशानेबाजों ने अपनी शानदार लय बरकरार रखते हुए देश की झोली में एक और पदक डाल दिया. 21 सितंबर की सुबह आयोजित 10 मीटर एयर राइफल पुरुष टीम स्पर्धा में भारतीय खिलाड़ियों ने संतुलित प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया. इस स्पर्धा में भारतीय तिकड़ी ने कुल मिलाकर 1890.1 पॉइंट्स जुटाए और पोडियम पर दूसरा स्थान हासिल किया. इस उपलब्धि के बाद प्रतियोगिता में भारत के कुल पदकों का आंकड़ा बढ़कर तीन हो गया है, और खास बात यह है कि ये सभी शुरुआती पदक देश को निशानेबाजी रेंज से ही मिले हैं.
भारतीय तिकड़ी का संयुक्त प्रयास
पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में भारत की ओर से हिमांशु ढिल्लों, पार्थ माने और रुद्राक्ष पाटिल ने चुनौती पेश की. तीनों निशानेबाजों ने सटीक निशानों के साथ 60 शॉट्स की अपनी सीरीज पूरी की और टीम के स्कोर को 1890.1 तक पहुंचाया. खिलाड़ियों के व्यक्तिगत प्रदर्शन पर नजर डालें तो रुद्राक्ष पाटिल ने भारतीय दल में सर्वाधिक 631.8 अंक जुटाए. वहीं साथी निशानेबाज हिमांशु ढिल्लों ने 630.0 अंकों का योगदान दिया, जबकि पार्थ माने ने 628.3 अंक बनाकर टीम की रजत पदक जीत में अहम भूमिका निभाई.
चीन ने नए विश्व रिकॉर्ड के साथ जीता स्वर्ण पदक
इस मुकाबले में स्वर्ण पदक की दावेदार मानी जा रही चीनी निशानेबाजी टीम ने शीर्ष स्थान हासिल करने के साथ ही इतिहास भी रचा. चीन की टीम ने कुल 1899 अंकों का विशाल स्कोर खड़ा करते हुए स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया. यह प्रदर्शन 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में नया वर्ल्ड रिकॉर्ड भी बन गया. चीनी टीम ने अपने ही पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया, जो उन्होंने नवंबर 2025 में 1898.8 अंकों के साथ बनाया था. इस तरह चीनी निशानेबाजों ने पुराने रिकॉर्ड में 0.2 अंक का सुधार कर पहला स्थान सुनिश्चित किया.
निशानेबाजी में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा
प्रतियोगिता के शुरुआती दिनों में महिला वर्ग की सफलता के बाद पुरुष निशानेबाजों ने भी उसी सिलसिले को आगे बढ़ाया. महिलाओं के वर्ग में पदक जीतने के बाद 21 सितंबर की सुबह पुरुष वर्ग में आया यह रजत पदक भारतीय खेमे के लिए अहम रहा. लगातार तीन पदकों के साथ निशानेबाजी दल ने पदक तालिका में भारत की स्थिति को मजबूत आधार प्रदान किया है, जिससे आगे आने वाले मुकाबलों के लिए भी टीम का मनोबल ऊंचा रहेगा.



















