गाजियाबाद के क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना क्षेत्र में तिगड़ी गोल चक्कर के पास स्थित प्रसिद्ध शनि मंदिर में 2 सितंबर की सुबह चोरी की एक बड़ी वारदात सामने आई थी। तड़के अंधेरे का फायदा उठाकर एक शातिर चोर ने मंदिर के मुख्य द्वार का ताला तोड़ा और भीतर प्रवेश कर गया। आरोपी वहां से पीतल की बहुमूल्य मूर्तियां और पूजा का विभिन्न सामान समेटकर फरार हो गया। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी के चलते इस सनसनीखेज मामले का पर्दाफाश महज 6 घंटे के भीतर कर दिया गया। पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए 24 वर्षीय आरोपी दानिश को गिरफ्तार कर लिया और उसके पास से चोरी की गई लड्डू गोपाल तथा राधा रानी की मूर्तियों सहित लगभग ढाई लाख रुपये का शत-प्रतिशत सामान बरामद कर लिया।
सीसीटीवी फुटेज से मिली पुलिस को अहम कामयाबी
घटना के तुरंत बाद मंदिर से जुड़े सूरज शुक्ला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। सूरज शुक्ला की तहरीर पर क्रासिंग रिपब्लिक थाने में संबंधित गंभीर धाराओं के तहत आपराधिक मुकदमा दर्ज किया गया। चोरी की इस संवेदनशील घटना को गंभीरता से लेते हुए स्थानीय पुलिस प्रशासन ने तुरंत अलग-अलग जांच टीमों का गठन किया। पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर जांच अधिकारियों ने मंदिर परिसर और आसपास के व्यावसायिक परिसरों में लगे विभिन्न सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू किया। सीसीटीवी फुटेज का बारीकी से विश्लेषण करने और स्थानीय स्तर पर मैन्युअल इनपुट एकत्र करने के बाद पुलिस को संदिग्ध चोर की गतिविधियों के बारे में पुख्ता सुराग मिले। सुरागों के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट के पास से दबोच लिया।
मेरठ का निवासी है आरोपी, नोएडा में बना रखा था ठिकाना
पुलिस द्वारा की गई प्रारंभिक पूछताछ और जांच में गिरफ्तार आरोपी की पहचान दानिश के रूप में हुई है। 24 वर्ष का दानिश मेरठ जिले के थाना परतापुर अंतर्गत गांव काशी का मूल निवासी है। वर्तमान समय में वह नोएडा के सेक्टर-123 स्थित राधाकुंज कॉलोनी में रह रहा था। पुलिस की कड़ी पूछताछ में दानिश ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उसने खुलासा किया कि वह 2 सितंबर की सुबह तड़के चोरी के इरादे से सुनसान इलाके में घूम रहा था। इसी दौरान तिगड़ी गोल चक्कर के पास शनि मंदिर को देखकर उसने चोरी की योजना बनाई और ताला तोड़कर धार्मिक सामान पर हाथ साफ कर दिया। चोरी के इस बहुमूल्य सामान को वह बाजार में बेचने के इरादे से ले जा रहा था, लेकिन बिक्री से पहले ही पुलिस के हत्थे चढ़ गया।
लड्डू गोपाल और राधा रानी की मूर्तियों समेत पूजा सामग्री बरामद
पुलिस ने आरोपी दानिश के कब्जे से चोरी किया गया पूरा सामान सुरक्षित बरामद कर लिया है, जिसकी कुल अनुमानित कीमत करीब ढाई लाख रुपये बताई गई है। बरामद सामान की सूची में भगवान लड्डू गोपाल की 2 बड़ी पीतल की मूर्तियां, 2 छोटी लड्डू गोपाल मूर्तियां और राधा रानी की 1 बड़ी पीतल की मूर्ति शामिल है। इसके अतिरिक्त, आरोपी के पास से पीतल की 1 बड़ी गदा, तांबे की 2 पवित्र चरण पादुकाएं, पीतल के 3 लोटे, 5 पीतल के दीपक और मंदिर की पूजा घंटी सहित अन्य आवश्यक धार्मिक सामग्री जब्त की गई है। जन्माष्टमी पर्व से ठीक एक दिन पहले लड्डू गोपाल की पवित्र मूर्तियों की सकुशल बरामदगी से स्थानीय श्रद्धालुओं और मंदिर समिति के सदस्यों ने राहत की सांस ली है।
आरोपी का आपराधिक इतिहास और पुलिस की आगे की कार्रवाई
पुलिस की जांच पड़ताल में यह भी सामने आया है कि आरोपी दानिश कोई नया अपराधी नहीं है, बल्कि उसका पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसके खिलाफ पहले से ही विभिन्न थानों में चोरी, नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े एनडीपीएस एक्ट और पॉक्सो एक्ट समेत कुल 4 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस प्रशासन आरोपी के अन्य आपराधिक इतिहास और नेटवर्क के बारे में विस्तृत जानकारी जुटा रहा है। गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ संबंधित विधिक धाराओं में अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जा रही है और उसे न्यायालय में पेश किया जा रहा है।
मंदिरों में चोरी की बढ़ती घटनाओं पर पुलिस की सख्त नजर
धार्मिक स्थलों पर चोरी की घटनाएं लोगों की आस्था से जुड़ी होती हैं, इसलिए पुलिस ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई कर रही है। हाल ही में लखनऊ के प्रसिद्ध बुद्धेश्वर मंदिर में भी इसी तरह आस्था को आहत करने वाला मामला सामने आया था, जहां मंदिर प्रबंधन और व्यवस्थाओं से जुड़ा एक सेवादार ही धीरे-धीरे वहां लगे कीमती पीतल के घंटे चोरी कर रहा था। गाजियाबाद पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मंदिरों तथा सार्वजनिक स्थलों की सुरक्षा के लिए गश्त बढ़ाई गई है और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।





















