गुरुग्राम के म्यूजियो कैमरा में सीमस मर्फी की फोटोग्राफी प्रदर्शनी का शुभारंभ, शशि थरूर ने साझा किया साक्षात्कारअंतरिक्ष तकनीक से खेती और पशुपालन संवारें स्टार्टअप्स, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों और इनोवेटर्स से किया आह्वाननई दिल्ली के पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन के बाहर राहुल गांधी ने की लाइव मीडिया से बातसिंह राशि में सूर्य-बुध की युति से बनेगा बुधादित्य राजयोग, 22 अगस्त से 3 राशियों की चमकेगी किस्मतओडिशा अवैध खनन मामले में कारोबारी रतिकांत राउत गिरफ्तार, ईडी अधिकारी को 20 लाख रिश्वत देने का भी है आरोपआज बंद हो रहा गाजा अल्टरनेटिव एसेट मैनेजमेंट IPO, GMP से मिले 15% संभावित लिस्टिंग गेन के संकेतरक्षाबंधन 2026 पर चंद्र ग्रहण का प्रभाव: जानिए टाइमिंग, सूतक काल और राखी बांधने के सही नियमबबीता सिंह रिपोर्टिंग में पुलिस अफसर बनीं निमिषा सजयन, रोल ने निजी जिंदगी पर डाला गहरा असरनैनीताल में भारी बारिश के बाद नैनीझील के खोले गए गेट, जानिए नौकायन की सुरक्षा स्थिति और प्रशासन के दिशानिर्देशउत्तर भाद्रपद नक्षत्र में गोचर करेंगे शनि, 9 अक्टूबर के बाद इन 6 राशियों की बदलेगी किस्मत
गाजियाबाद की महागुणपुरम सोसाइटी में 18 वर्षीय एथलीट प्रथम सिंह की संदिग्ध मौत पर तीन लोगों के खिलाफ हत्या और SC/ST एक्ट में एफआईआर दर्जउत्तर प्रदेश
20 अग॰ 2026, 2:54 pm (1 दिन पहले)· 1

गाजियाबाद की महागुणपुरम सोसाइटी में 18 वर्षीय एथलीट प्रथम सिंह की संदिग्ध मौत पर तीन लोगों के खिलाफ हत्या और SC/ST एक्ट में एफआईआर दर्ज

गाजियाबाद के कवि नगर क्षेत्र में 18 वर्षीय मिक्स मार्शल आर्ट खिलाड़ी प्रथम सिंह की बहुमंजिला इमारत से गिरकर मृत्यु हो गई। पुलिस ने मृतक की मां की शिकायत के आधार पर तीन नामजद लोगों के खिलाफ हत्या और SC/ST एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद स्थित कवि नगर थाना क्षेत्र की महागुणपुरम सोसाइटी में एक 18 वर्षीय एथलीट प्रथम सिंह की बहुमंजिला इमारत से गिरकर संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई। प्रथम सिंह एक उभरते हुए मिक्स मार्शल आर्ट और बॉक्सिंग खिलाड़ी थे। इस घटना के बाद परिजनों ने गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके आधार पर पुलिस ने हत्या तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की प्रासंगिक धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस प्रशासन ने मामले की जांच वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को सौंपी है।

कवि नगर थाने में दर्ज हुआ हत्या और SC/ST एक्ट का मामला

पुलिस ने मृतक की माता नीतू रानी द्वारा दी गई लिखित तहरीर के आधार पर भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 103(1) (हत्या), धारा 351(2) (आपराधिक धमकी), धारा 115(2) (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना) और SC/ST अधिनियम की धारा 3(2)(v) के तहत केस संख्या 0572/2026 दर्ज किया है। इस मामले में रितिका, उसके पिता ललित प्रजापति और उसके भाई जतिन प्रजापति को नामजद आरोपी बनाया गया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए इसकी पूरी जांच एसीपी कवि नगर को सौंपी गई है, जो सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल कर रहे हैं।

ये भी पढ़ें

जातिगत विरोध और देहरादून भेजने की पूरी पृष्ठभूमि

मूल रूप से उत्तराखंड के मसूरी की रहने वाली और वर्तमान में गाजियाबाद के ड्रीम होम्स वेव सिटी में निवास कर रही नीतू रानी ने बताया कि उनका 18 वर्षीय इकलौता पुत्र प्रथम सिंह खेल के क्षेत्र में काफी होनहार था और उसने जिला कराटे चैंपियनशिप में कांस्य पदक हासिल किया था। प्रथम की महागुणपुरम सोसाइटी में रहने वाले ललित प्रजापति की पुत्री रितिका के साथ मित्रता थी। नीतू रानी के अनुसार, जब लड़की के परिवार को इस संबंध का पता चला तो उन्होंने जातिगत कारणों से इसका तीव्र विरोध किया। नीतू रानी ने शिकायत में उल्लेख किया है कि रितिका के माता-पिता उनके घर आए थे और अनुसूचित जाति (खटीक समाज) से होने का हवाला देते हुए इस रिश्ते पर कड़ा ऐतराज जताया था। उस समय आरोपियों ने परिजनों को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकियां भी दी थीं। सामाजिक बदनामी और विवाद से बचाने के उद्देश्य से परिजनों ने प्रथम को बॉक्सिंग की ट्रेनिंग के लिए देहरादून भेज दिया था।

12 अगस्त की रात घर वापसी से लेकर 13 अगस्त के घटनाक्रम की समयरेखा

घटनाक्रम के विवरण के अनुसार, प्रथम 12 अगस्त 2026 की रात देहरादून से वापस गाजियाबाद स्थित अपने घर आया था। अगली सुबह लगभग 10:00 बजे वह घर पर बिना किसी को कुछ बताए बाहर निकला। इसके बाद दोपहर करीब 1:30 बजे परिजनों को मसूरी स्थित उनके रिश्तेदारों तथा पुलिस कंट्रोल रूम के माध्यम से सूचना मिली कि महागुणपुरम सोसाइटी परिसर में एक अज्ञात युवक का शव पड़ा मिला है। सूचना मिलते ही परिजन हिंडन मोर्चरी पहुंचे, जहां उन्होंने शव की पहचान अपने बेटे प्रथम सिंह के रूप में की।

टावर के नीचे मिला शव और सीसीटीवी फुटेज के आरोप

प्रथम सिंह का शव महागुणपुरम सोसाइटी के जिस टावर के नीचे पाया गया, उसी टावर की 14वीं या 15वीं मंजिल पर रितिका का परिवार निवास करता है। परिजनों का आरोप है कि आरोपियों ने प्रथम को धोखे से अपने फ्लैट पर बुलाया और उसके साथ मारपीट की। परिजनों का कहना है कि सोसाइटी में लगे CCTV कैमरों की फुटेज और आसपास रहने वाले लोगों द्वारा सुनी गई मारपीट व चीख-पुकार की आवाजों से यह बात साफ होती है कि रितिका, उसके भाई जतिन प्रजापति और पिता ललित प्रजापति ने अन्य लोगों के साथ मिलकर प्रथम पर जानलेवा हमला किया और बाद में उसे बहुमंजिला इमारत की ऊपरी मंजिल से नीचे फेंक दिया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई।

पुलिस जांच की स्थिति और आगे की कानूनी कार्रवाई

कवि नगर पुलिस इस पूरे प्रकरण की बहुकोणीय जांच कर रही है। जांच अधिकारी महागुणपुरम सोसाइटी के मुख्य प्रवेश द्वार, लिफ्ट और संबंधित टावर के CCTV फुटेज को अपने कब्जे में लेकर फॉरेंसिक विश्लेषण करवा रहे हैं। इसके अतिरिक्त पुलिस घटना के समय की मोबाइल फोन कॉल डिटेल्स रिकॉर्ड्स (CDR) भी खंगाल रही है ताकि प्रथम और आरोपियों के बीच हुई बातचीत की समयरेखा स्पष्ट हो सके। स्थानीय निवासियों तथा चश्मदीदों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सवाल-जवाब

गाजियाबाद की महागुणपुरम सोसाइटी में क्या घटना हुई?
18 वर्षीय मिक्स मार्शल आर्ट खिलाड़ी प्रथम सिंह की महागुणपुरम सोसाइटी की बहुमंजिला इमारत से गिरकर संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई।
पुलिस ने किन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है?
पुलिस ने BNS 2023 की धारा 103(1) (हत्या), 351(2), 115(2) और SC/ST एक्ट की धारा 3(2)(v) के तहत एफआईआर दर्ज की है।
मामले में किन लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया है?
एफआईआर में रितिका, उसके पिता ललित प्रजापति और उसके भाई जतिन प्रजापति को नामजद किया गया है।
मृतक के परिजनों ने आरोपियों पर क्या आरोप लगाए हैं?
परिजनों का आरोप है कि आरोपियों ने जातिगत रंजिश के कारण प्रथम को बुलाकर पीटा और इमारत से नीचे फेंककर उसकी हत्या कर दी।
फिलहाल इस मामले की जांच कौन कर रहा है?
मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच एसीपी कवि नगर को सौंपी गई है, जो CCTV फुटेज और कॉल डिटेल्स की पड़ताल कर रहे हैं।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·1 दिन पहले

प्रथम सिंह की संदिग्ध मौत और दर्ज एससी/एसटी एक्ट का मामला गंभीर कानूनी मोड़ पर है। भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) और एससी/एसटी अधिनियम के तहत एसीपी स्तर की जांच से यह तय होगा कि यह ऑनर किलिंग है या आत्महत्या। पुलिस को अब सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल्स और टॉवर लोकेशन के वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर इस बात की तह तक जाना होगा कि घटना के वक्त आरोपी पक्ष और मृतक के बीच क्या संपर्क हुआ था। न्याय व्यवस्था के लिए यह एक संवेदनशील मामला बन चुका है।

Rohan Verma@rohan-verma·1 दिन पहले

इस संवेदनशील प्रकरण में एसीपी स्तर पर हो रही जांच का दायरा अब वैज्ञानिक साक्ष्यों पर टिक गया है। पुलिस के सामने चुनौती यह साबित करने की होगी कि देहरादून से लौटने के कुछ ही घंटों के भीतर टावर तक पहुंचने की परिस्थितियां क्या थीं। कॉल रिकॉर्ड और सीसीटीवी फुटेज से मिलने वाले डिजिटल सबूत ही यह तय करेंगे कि इस आपराधिक मामले में न्याय की दिशा क्या होगी।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR