बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बयान जारी करते हुए कहा कि उनके भतीजे आकाश आनंद राजनीतिक परिपक्वता का परिचय दे रहे हैं। वह पार्टी के कामों और आंदोलन को अपने परिवार तथा निजी रिश्तों से ऊपर रखकर अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। मायावती ने साफ किया कि बहुजन समाज को आकाश आनंद से बहुत ज्यादा उम्मीदें हैं और वह इन दिनों काफी सूझबूझ के साथ सांगठनिक कार्यों में सक्रिय रूप से जुट गए हैं।
आगामी कार्यक्रमों और जनसभाओं की रूपरेखा
मायावती ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए आकाश आनंद के आगामी दौरों और कार्यक्रमों की पूरी सूची साझा की है। इसके मुताबिक, आकाश आनंद 28 अक्टूबर को बुलंदशहर में, दो नवंबर को सहारनपुर में, 20 नवंबर को अयोध्या में, 22 नवंबर को आगरा में और 29 नवंबर को कानपुर नगर में पार्टी की तरफ से आयोजित होने वाली जनसभाओं को संबोधित करेंगे। इसके अलावा, वह 26 नवंबर को संविधान दिवस के मौके पर पंजाब में बहुजन समाज पार्टी की ओर से रखी गई विचार गोष्ठी में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करेंगे। इसके अगले महीने यानी छह दिसंबर को डॉक्टर भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस के अवसर पर वह उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में आयोजित विचार गोष्ठी को भी संबोधित करेंगे। पार्टी कार्यकर्ताओं को इन आयोजनों को सफल बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
अशोक सिद्धार्थ की वापसी पर विराम और निष्कासन की वजह
पार्टी प्रमुख ने साफ किया कि आकाश आनंद के ससुर अशोक सिद्धार्थ की बहुजन समाज पार्टी में अब किसी भी परिस्थिति में वापसी नहीं होगी। मायावती ने एक्स पर लिखा कि अतीत में पार्टी के भीतर जो भी अप्रिय हालात बने थे, उनके लिए आकाश आनंद के मुकाबले उनके ससुर अशोक सिद्धार्थ ज्यादा कसूरवार थे। इसी मुख्य वजह के चलते अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया गया था और उन्हें राजनीति से संन्यास लेने की सलाह दी गई थी। मायावती ने स्पष्ट किया कि अशोक सिद्धार्थ की वापसी को लेकर जितनी भी अटकलें और अफवाहें चल रही हैं, उनमें रत्ती भर भी सच्चाई नहीं है और उन्हें किसी भी कीमत पर दोबारा पार्टी में नहीं लिया जाएगा।
पार्टी नेताओं को सतर्क रहने की सलाह
मायावती ने अपने कैडर को आगाह किया कि कुछ स्वार्थी तत्व तरह-तरह के हथकंडों के जरिए पार्टी के भीतर भ्रम फैलाने और लोगों को गुमराह करने की कोशिश में लगे हुए हैं। उन्होंने बसपा के सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं को पूरी तरह सतर्क रहने की हिदायत दी है। साथ ही यह भी अपील की है कि वे पूरी मेहनत और लगन के साथ आकाश आनंद को सौंपे गए सभी आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाएं ताकि संगठन को और अधिक मजबूती मिल सके।
ईशान आनंद संभालेंगे कानूनी और चुनावी कामकाज
इस बीच मायावती ने यह भी जानकारी दी कि आकाश आनंद के छोटे भाई ईशान आनंद भी पार्टी के कामकाज में सहयोग करेंगे। लंदन से वकालत की डिग्री हासिल करने वाले ईशान आनंद दिल्ली स्थित बहुजन समाज पार्टी के केंद्रीय कार्यालय में एक सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में अपनी सेवाएं देंगे। वह पार्टी प्रमुख के सीधे दिशा-निर्देशन में विशेष तौर पर चुनाव से जुड़े कामकाज और अन्य कानूनी तथा दस्तावेजी प्रक्रियाओं को संभालने में मदद करेंगे, जिससे पार्टी के प्रशासनिक कामकाज को और गति मिल सकेगी।





















