खटीमा में उत्तराखंड आदि रंगोत्सव की शुरुआत, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बजाया ढोल25 डॉलर से कम में बेहतरीन गिफ्ट्स: स्टेशनरी, कुकिंग और मजेदार सरप्राइज के किफायती विकल्पपैरामाउंट सिंटेक्स के एसएमई आईपीओ में क्यूआईबी का जोरदार उत्साह, ग्रे मार्केट में 52 रुपये प्रीमियमत्योहारी सीजन में घर जाने वालों को राहत, लोकमान्य तिलक टर्मिनस और बनारस के बीच चलेगी द्विसाप्ताहिक स्पेशल ट्रेनअंबाला के ट्रेनर ने बताया ब्यूटी और नेल आर्ट में कमाई का फॉर्मूला, घर से भी शुरू कर सकते हैं काममतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण पर संग्राम: किरेन रिजिजू का आरोप, संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बना रहा विपक्षमहाराष्ट्र में विपक्षी रणनीति पर तकरार, चुनाव बहिष्कार के सुझाव पर कांग्रेस नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने जताई असहमतिगोपालगंज में गैस सिलेंडर काटकर बनाया तहखाना, जांच में निकली 127 बोतल शराबसमस्तीपुर में पिता का कुल्हाड़ी से कत्ल कर सूरत भागा बेटा, मोबाइल की चंद सेकंड की कॉल ने खोला राजअजमेर-चंदेरिया रेलखंड पर दोहरीकरण से जोधपुर-इंदौर एक्सप्रेस 8 फेरों के लिए निरस्त, भीलवाड़ा के यात्री प्रभावित
खटीमा में उत्तराखंड आदि रंगोत्सव की शुरुआत, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बजाया ढोलउत्तराखंड
4 अक्तू॰ 2026, 8:02 pm (24 मिनट पहले)· 1

खटीमा में उत्तराखंड आदि रंगोत्सव की शुरुआत, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बजाया ढोल

उत्तराखंड के खटीमा में तीन दिवसीय आदि रंगोत्सव का उद्घाटन हुआ, जिसमें केंद्रीय मंत्रियों की मौजूदगी में जनजातीय संस्कृति के विविध रंग देखने को मिले।

उत्तराखंड के खटीमा में रविवार को तीन दिवसीय उत्तराखंड आदि रंगोत्सव का भव्य आगाज हुआ। इस सांस्कृतिक उत्सव का औपचारिक उद्घाटन राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया। इस विशेष अवसर पर केंद्र सरकार के दो वरिष्ठ मंत्री, केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री जुएल ओराम तथा केंद्रीय संसदीय कार्य एवं अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू भी समारोह के मंच पर उपस्थित रहे। देश के अलग-अलग कोनों से आए लोक कलाकारों ने अपनी पारंपरिक वेशभूषा, मनमोहक लोकगीतों और पारम्परिक नृत्यों की प्रस्तुतियों से भारत की जनजातीय विरासत की छटा बिखेरी। उत्सव के दौरान मुख्यमंत्री धामी स्वयं कलाकारों के समूह में शामिल हुए, उनके साथ कदम थिरकाए और खुद पारंपरिक ढोल बजाकर कलाकारों का हौसला बढ़ाया।

जनजातीय कल्याण और एकलव्य विद्यालय के लिए वित्तीय घोषणा

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आदि रंगोत्सव वस्तुतः जनजातीय समाज के गौरवशाली इतिहास, लोक परंपराओं और सांस्कृतिक पहचान का उत्सव है। उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य सरकार जनजातीय वर्ग के लोगों को आधुनिक शिक्षा, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं, रोजगार के नए अवसर और बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराकर उन्हें सशक्त तथा स्वावलंबी बनाने की दिशा में लगातार ठोस कदम उठा रही है।

ये भी पढ़ें

इसी मंच से केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री जुएल ओराम ने उत्तराखंड सरकार के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने खटीमा में संचालित एकलव्य आवासीय विद्यालय के बुनियादी ढांचे के विस्तार और आधुनिक सुविधाओं के विकास के लिए लगभग 10 करोड़ रुपये की धनराशि खर्च करने की महत्वपूर्ण घोषणा की। केंद्रीय मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि इस परिसर में करीब 4 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बनने वाले नए छात्रावास का टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री धामी ने केंद्र सरकार से सीमांत जिले पिथौरागढ़ में भी एक नया एकलव्य आवासीय विद्यालय खोलने का आग्रह किया।

प्राकृतिक आपदाओं से निपटने में नेतृत्व की सराहना

कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने उत्तराखंड की समृद्ध जनजातीय विविधता को रेखांकित किया। उन्होंने राज्य के प्रमुख जनजातीय समुदायों जैसे थारू, बोक्सा, जौनसारी और राजी की विशिष्ट लोक संस्कृति को राज्य की पहचान का अभिन्न हिस्सा बताया। इसके अतिरिक्त उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व और प्रशासनिक क्षमता की सराहना करते हुए कहा कि राज्य में प्राकृतिक आपदाओं, भूस्खलन की घटनाओं और गंभीर सुरंग हादसों जैसी अत्यंत विषम और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में जिस तत्परता व दृढ़ता से काम किया गया, वह उल्लेखनीय है।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से गूंजा एक भारत श्रेष्ठ भारत का संदेश

इस तीन दिवसीय राष्ट्रीय रंगोत्सव में राजस्थान, मध्य प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, ओडिशा, झारखंड, मिजोरम और उत्तर प्रदेश सहित देश के कई राज्यों के सांस्कृतिक दलों ने सहभागिता की। विभिन्न प्रांतों के कलाकारों ने अपनी जीवंत प्रस्तुतियों के जरिए राष्ट्रीय एकता और ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को मंच पर साकार किया।

सवाल-जवाब

उत्तराखंड आदि रंगोत्सव का उद्घाटन कहां और किसने किया?
इस तीन दिवसीय महोत्सव का उद्घाटन उत्तराखंड के खटीमा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया।
इस कार्यक्रम में कौन-से केंद्रीय मंत्री उपस्थित रहे?
कार्यक्रम में केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री जुएल ओराम और केंद्रीय संसदीय कार्य एवं अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू उपस्थित रहे।
खटीमा स्थित एकलव्य आवासीय विद्यालय के लिए क्या घोषणा की गई?
केंद्रीय मंत्री जुएल ओराम ने इस विद्यालय के विस्तार और सुविधाओं के लिए लगभग 10 करोड़ रुपये खर्च करने तथा करीब 4 करोड़ रुपये के हॉस्टल टेंडर पूरा होने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री धामी ने केंद्र सरकार से किस नए संस्थान की मांग की?
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय मंत्रियों से पिथौरागढ़ क्षेत्र में भी एक नया एकलव्य आवासीय विद्यालय स्थापित करने का अनुरोध किया।
उत्तराखंड की किन जनजातियों का उल्लेख केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने किया?
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने थारू, बोक्सा, जौनसारी और राजी जनजातियों की समृद्ध संस्कृति की सराहना की।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Rohan Verma@rohan-verma·7 मिनट पहले

मुख्यमंत्री को खुद ढोल बजाते देखना वाकई अच्छा लगा, नेता ऐसे ही जनता के करीब आते हैं।

Karan Malhotra@karan-malhotra·7 मिनट पहले

रोहन भाई, सही कहा आपने। पिछली बार जब मैं खटीमा गया था, तो वहाँ के स्थानीय लोगों का उत्साह और प्यार ऐसा ही दिल जीतने वाला था।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp