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पर्सनल एआई असिस्टेंट टैब की एंट्री, 300 मिलियन डॉलर के वैल्यूएशन के साथ बाजार में उतराऐप्स
11 अक्तू॰ 2026, 8:38 pm (6 मिनट पहले)· 0

पर्सनल एआई असिस्टेंट टैब की एंट्री, 300 मिलियन डॉलर के वैल्यूएशन के साथ बाजार में उतरा

नया पर्सनल एआई असिस्टेंट टैब 300 मिलियन डॉलर के मूल्यांकन के साथ सामने आया है, जो व्हाट्सएप और आईमैसेज के जरिए यूजर्स के रोजमर्रा के काम निपटाएगा।

कंज्यूमर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में रोजमर्रा के निजी काम निपटाने वाले टूल्स की मांग लगातार बढ़ रही है। इसी कड़ी में टैब नाम का एक नया पर्सनल एआई असिस्टेंट आधिकारिक तौर पर सामने आया है। कंपनी ने मंगलवार को बताया कि वह 300 मिलियन डॉलर के वैल्यूएशन पर स्टेल्थ मोड से बाहर निकल आई है। हालांकि, कंपनी ने जुटाई गई फंडिंग के सटीक आंकड़ों का खुलासा करने से इनकार कर दिया है। यह कदम बाजार में पहले से मौजूद इंस्टिंक्ट और मेटा के म्यूज जैसे प्रमुख कंज्यूमर एआई टूल्स के बीच उठाया गया है, जिनका मुख्य उद्देश्य यात्रा टिकट बुक करने से लेकर रेस्टोरेंट रिजर्वेशन कराने जैसे दैनिक कार्यों को आसान बनाना है।

मैसेजिंग ऐप्स के जरिए होगा रोजमर्रा के कामों का निपटारा

इस प्लेटफॉर्म की शुरुआत इस साल की शुरुआत में ब्रेनन एर्बज़, स्टैफोर्ड श्लिट और अम्मार आमदानी ने मिलकर की थी। आमदानी के अनुसार, इस सर्विस का संचालन बेहद आसान रखा गया है ताकि किसी भी यूजर को तकनीकी जटिलताओं का सामना न करना पड़े। यूजर्स को केवल आईमैसेज या व्हाट्सएप पर इस असिस्टेंट को सामान्य टेक्स्ट मैसेज भेजना होता है। चाहे घर के लिए किराने का सामान ऑर्डर करना हो या किसी जन्मदिन की पार्टी के लिए तोहफे तलाशने हों, यह असिस्टेंट निर्देश मिलते ही उन पर अमल करना शुरू कर देता है।

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आमदानी ने सिस्टम की कार्यप्रणाली स्पष्ट करते हुए कहा, "आप इसे वैसे ही टेक्स्ट करते हैं जैसे किसी भरोसेमंद व्यक्ति को करते हैं और यह आपका बोझ हल्का कर देता है।" उन्होंने आगे समझाया कि बिलों का भुगतान, बुकिंग, टाले गए फोन कॉल्स और अपनों की याद दिलाना जैसे काम यह खुद संभालता है। इसके पास अपना फोन नंबर, कंप्यूटर और वॉलेट मौजूद है, जिससे यह केवल काम करने का तरीका नहीं बताता बल्कि उन कार्यों को वास्तविक रूप से पूरा करता है।

निवेशकों का मिला समर्थन और आगे का विस्तार

इस नए वेंचर को कई जाने-माने निवेशकों का समर्थन हासिल हुआ है। कंपनी के इस दौर में एसवी एंजल, वलार वेंचर्स और अमेरिकन स्पिरिट जैसे निवेशक शामिल हैं। आमदानी ने जानकारी दी कि फिलहाल कंपनी का यूजर बेस मुख्य रूप से लोगों की आपसी सिफारिशों और वर्ड ऑफ माउथ के जरिए तेजी से बढ़ रहा है। इसके साथ ही टीम बहुत जल्द बाजार में अपना एक नया प्रोडक्ट पेश करने की भी तैयारी कर रही है।

कंज्यूमर एआई की होड़ में भरोसे का सवाल

आमदानी ने माना कि इस समय पूरी इंडस्ट्री में कंज्यूमर एआई की एक तीखी दौड़ चल रही है, जहां हर कोई मॉडल्स को अधिक सक्षम बनाने में जुटा है। उन्होंने अतीत का संदर्भ देते हुए कहा कि पहले दादा-दादी के जमाने में एक फैमिली डॉक्टर या बैंकर होता था जो परिवार को व्यक्तिगत रूप से जानता था और उनकी देखभाल करता था। आज के दौर में ज्यादातर लोगों के पास ऐसा कोई व्यक्तिगत सहारा नहीं है, और यहीं पर पर्सनलाइज्ड एआई अपनी जगह बना सकता है। उनका मानना है कि इस दौड़ में केवल वही नहीं जीतेंगे जिनके पास बेहतरीन डेमो हैं, बल्कि असली चुनौती यूजर्स का भरोसा जीतने की है।

गोपनीयता के मुद्दे पर बात करते हुए आमदानी ने स्पष्ट किया कि कोई भी असिस्टेंट जो ईमेल पढ़ सकता है, फोन कॉल कर सकता है या खरीदारी कर सकता है, वह केवल विश्वास की बुनियाद पर ही टिक सकता है। टैब को इसी विचार पर तैयार किया गया है। उन्होंने साफ किया कि यूजर के डेटा का इस्तेमाल कभी भी एआई को ट्रेन करने के लिए नहीं किया जाता है। यूजर का पेमेंट कार्ड एक सुरक्षित वॉल्ट में रहता है जिसे सिस्टम खुद भी नहीं देख पाता, और ऐसा कोई भी काम यूजर की सहमति के बिना नहीं किया जाता जिसे बदला न जा सके।

सवाल-जवाब

टैब क्या है और यह क्या काम करता है?
टैब एक पर्सनल एआई असिस्टेंट है जो व्हाट्सएप या आईमैसेज पर दिए गए निर्देशों के आधार पर ग्रॉसरी ऑर्डर करने और बुकिंग जैसे रोजमर्रा के काम निपटाता है।
टैब का वर्तमान वैल्यूएशन कितना आंका गया है?
कंपनी 300 मिलियन डॉलर के वैल्यूएशन के साथ आधिकारिक तौर पर स्टेल्थ मोड से बाहर आई है।
टैब के संस्थापक कौन हैं?
इसकी शुरुआत इस साल की शुरुआत में ब्रेनन एर्बज़, स्टैफोर्ड श्लिट और अम्मार आमदानी ने मिलकर की थी।
इस स्टार्टअप में किन प्रमुख निवेशकों ने पैसा लगाया है?
कंपनी को एसवी एंजल, वलार वेंचर्स और अमेरिकन स्पिरिट जैसी फर्मों से निवेश प्राप्त हुआ है।
टैब यूजर के पेमेंट कार्ड और डेटा की सुरक्षा कैसे करता है?
कंपनी के अनुसार यूजर का डेटा कभी एआई ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल नहीं होता, और पेमेंट कार्ड एक सुरक्षित वॉल्ट में रहता है जिसे सिस्टम भी नहीं देख सकता।
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