बिहार के कटिहार जिले में नौकरी का झांसा देकर एक युवती के साथ गंभीर दुष्कर्म का मामला सामने आया है, जहां रेलवे के एक लोको पायलट पर गंभीर आरोप लगे हैं। घटना के बाद से स्थानीय पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और मामले की गहराई से जांच-पड़ताल की जा रही है। पीड़ित युवती ने पुलिस को दी गई शिकायत में अपनी आपबीती सुनाई है, जिसके आधार पर कानून सम्मत कदम उठाए जा रहे हैं।
घटना की पूरी पृष्ठभूमि और रेलवे स्टेशन की मुलाकात
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, 22 साल की यह युवती अपने घर पर किसी बात को लेकर नाराज हो गई थी और गुस्से में घर छोड़कर रेलवे स्टेशन पहुंच गई थी। इसी दौरान 22 सितंबर को उसकी मुलाकात रेलवे स्टेशन पर एक व्यक्ति से हुई, जिसकी पहचान बाद में एक लोको पायलट के रूप में सामने आई। आरोपी ने युवती की स्थिति का फायदा उठाते हुए उसे अच्छी नौकरी दिलाने का लालच दिया और अपने झांसे में ले लिया।
किराए के मकान में ले जाकर वारदात को दिया अंजाम
आरोपी लोको पायलट युवती को बहला-फुसलाकर सहायक थाना क्षेत्र के बरमसिया मोहल्ले में स्थित अपने किराए के मकान में ले गया। पीड़िता का आरोप है कि वहां उसने युवती के साथ दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं, पीड़िता के अनुसार आरोपी ने अपने कुछ परिचितों को भी वहां बुलाने की कोशिश की, जिससे स्थिति और अधिक गंभीर हो गई। हालांकि, सूझबूझ दिखाते हुए युवती किसी तरह उस मकान से बाहर निकलने में कामयाब हो गई और जोर-जोर से शोर मचाना शुरू कर दिया।
स्थानीय लोगों का हस्तक्षेप और पुलिस कार्रवाई
युवती की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर इकट्ठा हो गए, जिन्हें देखकर आरोपी लोको पायलट वहां से फरार हो गया। इसके तुरंत बाद पीड़िता ने महिला थाना पहुंचकर लिखित आवेदन दिया और कड़ी कार्रवाई की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए कटिहार एसपी ने तुरंत एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए और पुलिस ने त्वरित गति से तफ्तीश शुरू कर दी है।
पुलिस जांच और वैज्ञानिक साक्ष्यों का संकलन
कटिहार एसपी ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि पीड़िता बालिग है और उसकी उम्र 22 साल है। महिला कल थाने पहुंची थी और उसने इसी महीने की 22 तारीख को हुई घटना के बारे में विस्तार से बताया। पुलिस ने आवेदन मिलते ही सबसे पहले एफआईआर दर्ज की और फिर घटनास्थल से जुड़े सभी सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए। इसके अलावा, जिस स्थान पर घटना होना बताया गया है, वहां फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला की टीम यानी एफएसएल से भी गहन जांच कराई गई है।
मेडिकल परीक्षण, कोर्ट बयान और आगे की कानूनी कार्रवाई
जांच के सिलसिले में आसपास के लोगों से भी लगातार पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल परीक्षण करवा लिया है और मजिस्ट्रेट के समक्ष अदालत में उसके बयान भी दर्ज कराए जा रहे हैं। जिस मकान में यह घटना हुई, वह एक लोको पायलट को किराए पर दिया गया था, और पुलिस ने मकान की भी विधिवत पहचान कर ली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की छानबीन पूरी तेजी से चल रही है और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।



















