भारतीय सिनेमा के इतिहास में देशभक्ति और एक्शन के बेजोड़ संगम के रूप में दर्ज फिल्म कर्मा की रिलीज को 40 साल पूरे हो चुके हैं। 8 अगस्त 1986 को सिनेमाघरों में उतरी निर्देशक सुभाष घई की इस बहुचर्चित फिल्म में दिलीप कुमार, नूतन, अनिल कपूर, जैकी श्रॉफ, श्रीदेवी, नसीरुद्दीन शाह, पूनम ढिल्लों और अनुपम खेर जैसे दिग्गजों की टोली एक साथ पर्दे पर नजर आई थी। इस खास मौके पर फिल्म के कलाकारों ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी यादें ताजा की हैं।
अमरीश पूरी क्यों नहीं बन पाए विलेन और अनुपम खेर को कैसे मिली भूमिका
इस मल्टीस्टारर फिल्म की सबसे बड़ी यूएसपी इसका खलनायक था, लेकिन कम ही लोग जानते हैं कि अनुपम खेर इस रोल के लिए पहली पसंद नहीं थे। निर्देशक सुभाष घई शुरुआती दौर में अमरीश पूरी को खलनायक के रूप में साइन करना चाहते थे। हालांकि, विचार-विमर्श के दौरान सुभाष घई को लगा कि अमरीश पूरी पर्दे पर पहले ही कई बार विलेन के रूप में मारे जा चुके हैं। ऐसे में उन्हें फिर से उसी अंदाज में पर्दे पर खत्म होते दिखाना दर्शकों के लिए कुछ नया या दिलचस्प नहीं होगा। इसी सोच के बाद उन्होंने नया चेहरा आजमाने का फैसला किया और अनुपम खेर को इस प्रतिष्ठित रोल में कास्ट कर लिया।
जैकी श्रॉफ और अनुपम खेर ने पुरानी यादें कीं साझा
चार दशकों का मील का पत्थर पूरा होने पर अभिनेता जैकी श्रॉफ ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक पुरानी वीडियो क्लिप साझा की। इस क्लिप में पूरी स्टारकास्ट के साथ निर्देशक सुभाष घई की झलक दिखाई दे रही है। जैकी श्रॉफ ने इस पोस्ट में अपनी टीम और निर्देशक को टैग करते हुए 40वीं सालगिरह का जश्न मनाया।
दूसरी ओर, अभिनेता अनुपम खेर ने भी एक्स पर लिखा और अपने प्रशंसकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने साझा किया कि फिल्म सारांश ने भले ही उन्हें एक गंभीर अभिनेता के रूप में स्थापित किया था, लेकिन कर्मा ने उन्हें रातों-रात एक सफल कमर्शियल स्टार बना दिया। इस फिल्म की अपार सफलता के बाद उनके पास मुख्यधारा के सिनेमा से कई बड़ी फिल्मों के प्रस्तावों की झड़ी लग गई थी।
दिलीप कुमार और नसीरुद्दीन शाह के टकराव वाले सीन की अनोखी शूटिंग
फिल्म कर्मा से जुड़ा एक और बेहद दिलचस्प किस्सा दिलीप कुमार और नसीरुद्दीन शाह के बीच फिल्माए गए टकराव के दृश्यों का है। पर्दे पर भले ही दोनों के बीच की भिड़ंत बेहद स्वाभाविक और तनावपूर्ण नजर आती है, लेकिन असल में दोनों दिग्गज कलाकारों ने एक-दूसरे के आमने-सामने आकर यह शूटिंग नहीं की थी। इस महत्वपूर्ण सीन को अलग-अलग समय पर स्टैंड-इन यानी बॉडी डबल कलाकारों की मदद से शूट किया गया था, जिसे बाद में संपादन के दौरान एक साथ जोड़ा गया।
सुभाष घई और दिलीप कुमार की ब्लॉकबस्टर जोड़ी
इससे पहले सुभाष घई और दिलीप कुमार की जोड़ी विधाता जैसी सुपरहिट फिल्म में अपनी सफलता का परचम लहरा चुकी थी। फिल्म कर्मा ने इस जोड़ी के कल्ट स्टेटस पर मुहर लगा दी। विशाल पैमाने पर निर्माण, बेहतरीन एक्शन सीन, दिल को छू लेने वाली देशभक्ति की कहानी और कालजयी संगीत के संयोजन ने इस फिल्म को हिंदी सिनेमा की सबसे यादगार कृतियों में शामिल कर दिया।


















