बॉलीवुड अभिनेत्री करिश्मा कपूर के पूर्व पति दिवंगत संजय कपूर के परिवार में इन दिनों लगभग 44,840 करोड़ रुपये की विशाल संपत्ति को लेकर कानूनी लड़ाई चल रही है। हालांकि, इस पारिवारिक विवाद और कानूनी खींचतान का असर सोना कॉमस्टार के कारोबारी प्रदर्शन पर बिल्कुल नहीं पड़ा है। कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में ऐसे शानदार वित्तीय नतीजे पेश किए हैं, जिन्होंने शेयर बाजार और निवेशकों का ध्यान पूरी तरह से अपनी ओर खींच लिया है। एक तरफ जहां संस्थापक परिवार संपत्ति के मामलों में उलझा हुआ है, वहीं दूसरी तरफ कंपनी ने रिकॉर्ड तोड़ कमाई करते हुए अगले दस सालों के लिए एक बहुत बड़ा और महत्वाकांक्षी मास्टरप्लान तैयार कर लिया है, जो इसे ऑटो इंडस्ट्री में एक नई ऊंचाई पर ले जाएगा।
पहली तिमाही में रिकॉर्ड तोड़ कमाई और मुनाफा
अप्रैल से जून तक चलने वाली चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही सोना कॉमस्टार के लिए ऐतिहासिक साबित हुई है। इस अवधि में कंपनी का कुल रेवेन्यू 54 फीसदी की भारी उछाल के साथ 1,310 करोड़ रुपये के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। कमाई के साथ-साथ कंपनी के शुद्ध मुनाफे में भी जबर्दस्त वृद्धि दर्ज की गई है, जो सालाना आधार पर 45 फीसदी बढ़कर 181 करोड़ रुपये हो गया है। इसके अलावा, कंपनी का कामकाजी मुनाफा यानी EBITDA भी लगभग 49 फीसदी चढ़कर 303 करोड़ रुपये रहा है। मजबूत मार्जिन और बेहतरीन बिक्री को देखते हुए कंपनी प्रबंधन का कहना है कि वित्तीय लिहाज से यह तिमाही सोना कॉमस्टार के इतिहास की सबसे मजबूत तिमाहियों में से एक बन गई है।
इलेक्ट्रिक व्हीकल कारोबार बना ग्रोथ का असली इंजन
सोना कॉमस्टार के इस शानदार प्रदर्शन के पीछे सबसे बड़ा हाथ इसके इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) सेगमेंट का रहा है। बाजार में ईवी की बढ़ती मांग का कंपनी ने पूरा फायदा उठाया है, जिसके चलते पिछले एक साल के भीतर ही इलेक्ट्रिक गाड़ियों से जुड़ी कमाई में 107 फीसदी का बंपर उछाल आया है। इस जबरदस्त तेजी का नतीजा यह हुआ है कि अब कंपनी की कुल कमाई में इलेक्ट्रिक व्हीकल बिजनेस की हिस्सेदारी बढ़कर 44 फीसदी हो गई है। यह आंकड़े साफ बताते हैं कि कंपनी अब पारंपरिक पेट्रोल-डीजल वाहनों पर अपनी निर्भरता कम कर रही है और पूरी तरह से EV मार्केट में अपना दबदबा कायम कर चुकी है।
'सोना कॉमस्टार 2.0' से रोबोटिक्स में बड़ी एंट्री
इन शानदार वित्तीय नतीजों का जश्न मनाते हुए कंपनी ने भविष्य की अपनी नई रणनीति का भी ऐलान कर दिया है, जिसे 'सोना कॉमस्टार 2.0' नाम दिया गया है। इस नई और आक्रामक नीति के तहत कंपनी अब खुद को सिर्फ कार और ऑटो पार्ट्स बनाने तक ही सीमित नहीं रखेगी। आने वाले समय में सोना कॉमस्टार रोबोटिक्स और फिजिकल AI जैसे आधुनिक और हाई-टेक सेक्टर्स में भी बड़े पैमाने पर काम करेगी। इसी नई तकनीक और रिसर्च के दम पर कंपनी ने अगले 10 सालों के भीतर अपने पूरे कारोबार को 10 गुना तक बढ़ाने का एक बेहद बड़ा लक्ष्य तय किया है, जो इसके विस्तार की आक्रामक रणनीति को दर्शाता है।
डेनसो के साथ साझेदारी और ग्लोबल सप्लाई चेन
सोना कॉमस्टार मुख्य रूप से ऐसे हाई-टेक और सटीक पुर्जे बनाती है, जिनका इस्तेमाल पेट्रोल-डीजल, हाइब्रिड और पूरी तरह से इलेक्ट्रिक, तीनों तरह की आधुनिक गाड़ियों में होता है। दुनिया भर की कई बड़ी और मशहूर ऑटोमोबाइल कंपनियां इसके बनाए क्रिटिकल पार्ट्स पर निर्भर हैं। अपने इसी बिजनेस मॉडल को और ज्यादा रफ्तार देने के लिए सोना कॉमस्टार ने हाल ही में जापान की दिग्गज ऑटो कंपोनेंट कंपनी डेनसो के साथ एक अहम रणनीतिक साझेदारी की है। बाजार जानकारों का मानना है कि इस जापानी समझौते से कंपनी के इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड कारोबार को आने वाले समय में और भी ज्यादा मजबूती मिलेगी, जिससे ग्लोबल मार्केट में इसकी पकड़ और मजबूत होगी।

















