ब्लैकस्टोन की मदद से खड़ी हुई हॉरिजन इंडस्ट्रियल पार्क्स लिमिटेड अब शेयर बाजार का रुख कर रही है। कंपनी का 2,600 करोड़ रुपये का इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) 17 अगस्त को निवेशकों के लिए खुलेगा और इसके लिए प्रति शेयर 57 से 60 रुपये का प्राइस बैंड रखा गया है। अगर ऊपरी कीमत पर देखें, तो इस इश्यू के बाद कंपनी का बाजार मूल्यांकन करीब 17,298 करोड़ रुपये बैठता है।
कब खुलेगा और कब बंद होगा इश्यू
यह तीन दिन चलने वाला पब्लिक इश्यू 19 अगस्त को बंद हो जाएगा। इससे एक दिन पहले, यानी 14 अगस्त को एंकर निवेशकों के लिए बोली लगाने का मौका रहेगा। खास बात यह है कि पूरा का पूरा इश्यू नए इक्विटी शेयरों का है, जिसकी कुल राशि 2,600 करोड़ रुपये तक जाती है। इसमें ऑफर फॉर सेल (OFS) का कोई हिस्सा नहीं रखा गया है, यानी कोई मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी बेचकर पैसा नहीं निकाल रहा।
पैसा कहां लगाएगी कंपनी
कंपनी की योजना है कि इस आईपीओ से जो रकम मिलेगी, उसका इस्तेमाल अपने कर्ज को चुकाने में किया जाएगा। रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) के मुताबिक, फिलहाल कंपनी में ब्लैकस्टोन की हिस्सेदारी करीब 89 प्रतिशत है। कर्ज घटाने की यह कोशिश कंपनी की बैलेंस शीट को हल्का करने और आगे विस्तार की राह खोलने की दिशा में मानी जा रही है।
क्या करती है हॉरिजन इंडस्ट्रियल पार्क्स
हॉरिजन इंडस्ट्रियल पार्क्स असल में औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में काम करती है। कंपनी इन संपत्तियों को न सिर्फ विकसित करती है, बल्कि उनकी मालिक भी है और उनका संचालन भी करती है। इसका पोर्टफोलियो काफी बड़ा है, जिसमें 10 शहरों में फैली 46 संपत्तियां शामिल हैं। इन सबका कुल क्षेत्रफल करीब 6 करोड़ (60 मिलियन) वर्ग फुट है, जो बताता है कि देश के गोदाम और औद्योगिक स्पेस के कारोबार में कंपनी की पकड़ कितनी मजबूत है।
किसके लिए कितना हिस्सा
इश्यू में अलग-अलग वर्ग के निवेशकों के लिए हिस्सेदारी तय की गई है। योग्य संस्थागत खरीदारों (QIB) के लिए ऑफर का 75 प्रतिशत हिस्सा रखा गया है। वहीं गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) को 15 प्रतिशत और खुदरा यानी रिटेल निवेशकों को 10 प्रतिशत हिस्सा मिलेगा।
लिस्टिंग और मैनेजर
कंपनी के इक्विटी शेयरों की लिस्टिंग 24 अगस्त को BSE और NSE, दोनों पर होने का प्रस्ताव है। इस पूरे इश्यू को संभालने वाले बुक-रनिंग लीड मैनेजरों में एक्सिस कैपिटल, जेएम फाइनेंशियल, आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज, एसबीआई कैपिटल मार्केट्स और 360 वन WAM शामिल हैं। वहीं इश्यू के रजिस्ट्रार की भूमिका केफिन टेक्नोलॉजीज निभा रही है। कुल मिलाकर, यह आईपीओ लॉजिस्टिक्स और वेयरहाउसिंग सेक्टर में बढ़ती दिलचस्पी के बीच बाजार में आ रहा है, जहां निवेशकों की नजर कंपनी की बड़ी संपत्तियों और कर्ज घटाने की रणनीति पर टिकी रहेगी।



















