घरेलू दूरसंचार उपकरण निर्माता कंपनी एचएफसीएल लिमिटेड के शेयरों में इस साल लगातार जबरदस्त खरीदारी देखने को मिल रही है। चालू वर्ष के दौरान निवेशकों को 290 फीसदी का मल्टीबैगर मुनाफा कराने के बाद भी इस काउंटर में मजबूती जारी है। हालिया आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले एक महीने की अवधि में कंपनी का शेयर भाव 25 फीसदी तक चढ़ चुका है, जबकि छह महीनों के भीतर इसमें 174 फीसदी की जोरदार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। तेजी के इसी क्रम में 20 अक्टूबर 2026 को भी यह शेयर पांच फीसदी के उछाल के साथ 268.81 रुपये के स्तर पर बंद हुआ। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी के हालिया वित्तीय आंकड़े और भविष्य की कारोबारी संभावनाएं इसे और ऊंचाई पर ले जाने के लिए तैयार हैं।
नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने बढ़ाया टारगेट प्राइस
ब्रोकरेज फर्म नुवामा इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने कंपनी के मजबूत बुनियादी आधार को देखते हुए इस स्टॉक पर अपनी खरीदारी की सिफारिश बरकरार रखी है। नुवामा ने अपने ताजा विश्लेषण में एचएफसीएल के लिए पहले से निर्धारित 380 रुपये के टारगेट प्राइस को बढ़ाकर 410 रुपये प्रति शेयर कर दिया है। मौजूदा बाजार भाव 268.81 रुपये के मुकाबले यह नया लक्ष्य करीब 53 फीसदी की संभावित बढ़त की ओर इशारा करता है। ब्रोकरेज हाउस का यह सकारात्मक रुख कंपनी द्वारा वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही में पेश किए गए असाधारण नतीजों और भविष्य के लिए दिए गए उत्साहवर्धक आउटलुक पर आधारित है।
दूसरी तिमाही में मुनाफे और आय में भारी उछाल
कंपनी के ताजा वित्तीय परिणामों ने बाजार की उम्मीदों को काफी पीछे छोड़ दिया है। वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही के दौरान कंपनी की परिचालन आय में सालाना आधार पर 144 फीसदी की भारी वृद्धि दर्ज की गई। लाभप्रदता के मोर्चे पर कंपनी का प्रदर्शन और भी प्रभावशाली रहा, जहां कर पश्चात शुद्ध लाभ यानी पैट में पिछले वर्ष की इसी समान तिमाही की तुलना में 435 फीसदी का बंपर उछाल दर्ज किया गया। वहीं तिमाही दर तिमाही आधार पर तुलना करें तो कंपनी के शुद्ध लाभ में 59 फीसदी की बढ़त देखी गई है। आय और मुनाफे दोनों ही पैमानों पर इस तरह की उल्लेखनीय वृद्धि ने निवेशकों और विश्लेषकों का भरोसा कई गुना मजबूत कर दिया है।
दोगुना हुआ राजस्व वृद्धि अनुमान और लंबी अवधि का लक्ष्य
बेहतर नतीजों के साथ ही कंपनी प्रबंधन द्वारा जारी किया गया भविष्य का मार्गदर्शन भी बेहद सकारात्मक रहा है। एचएफसीएल ने वित्त वर्ष 2027 के लिए अपने सालाना राजस्व वृद्धि अनुमान को 40 फीसदी से सीधे दोगुना करते हुए 80 फीसदी से अधिक कर दिया है। इसके अलावा कंपनी ने एक और महत्वपूर्ण संकेत दिया है। पूर्व में वित्त वर्ष 2029 तक 10,000 करोड़ रुपये का वार्षिक राजस्व हासिल करने का जो बड़ा लक्ष्य तय किया गया था, कंपनी की मौजूदा गति को देखते हुए अब उसे निर्धारित समय सीमा से काफी पहले ही पूरा किया जा सकता है। यह संशोधित लक्ष्य दिखाता है कि आने वाले समय में कंपनी के पास काम की कोई कमी नहीं रहने वाली है।
28,900 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड ऑर्डर बुक और वैश्विक विस्तार
कंपनी के शानदार प्रदर्शन की मुख्य रीढ़ उसकी मजबूत और तेजी से बढ़ती ऑर्डर बुक है, जो इस समय 28,900 करोड़ रुपये के ऐतिहासिक उच्च स्तर पर पहुंच चुकी है। इस विशाल ऑर्डर बुक की सबसे खास बात इसका भौगोलिक विविधीकरण है, जिसमें कुल ऑर्डरों का 57 फीसदी हिस्सा विदेशी बाजारों के निर्यात से संबंधित है। वैश्विक स्तर पर 5G नेटवर्क के तेजी से होते विस्तार के चलते घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों ही दूरसंचार सेवा प्रदाताओं की ओर से ऑप्टिकल फाइबर, ट्रांसमिशन उपकरण और संबंधित तकनीकों की मांग में जोरदार सुधार बना हुआ है। विदेशी बाजारों से मिल रहे बड़े ऑर्डरों ने कंपनी के राजस्व विविधीकरण को स्थिरता प्रदान की है।
कार्यशील पूंजी और वित्तीय सेहत में सुधार
बिक्री और ऑर्डरों में बढ़ोतरी के साथ-साथ कंपनी ने अपने आंतरिक वित्तीय प्रबंधन में भी काफी सुधार किया है। वित्त वर्ष 2027 की पहली छमाही के आंकड़ों के अनुसार कंपनी का नेट वर्किंग कैपिटल चक्र घटकर 155 दिन रह गया है, जो पहले 202 दिन के स्तर पर था। कार्यशील पूंजी में यह कमी कंपनी की बेहतर नकदी प्रबंधन क्षमता को दर्शाती है। इसके अलावा इन्वेंट्री रखने की अवधि 104 दिनों से घटकर मात्र 75 दिन रह गई है। साथ ही ग्राहकों से भुगतान प्राप्त करने की समय सीमा भी 183 दिनों से सुधरकर 141 दिन पर आ गई है। भुगतानों की तेज वसूली और इन्वेंट्री का तेजी से खपना सीधे तौर पर कंपनी के कैश फ्लो और मार्जिन को मजबूती प्रदान कर रहा है।















