छत्तीसगढ़ के बालोद जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां बेटी को किसी युवक से बात करने से मना करना एक पिता को लगभग जान से हाथ धोने की कगार तक ले गया। जिले के देवरी थाना क्षेत्र के संबलपुर गांव में रहने वाले गौकरण साहू पर 30 जून की रात करीब दो बजे सोते समय हमला हुआ, जिसके पीछे बेटी की एक युवक से बढ़ती नजदीकी को रोकने की उनकी कोशिश ही वजह बनी।
बेटी की दोस्ती रोकना बना नाराजगी की वजह
गौकरण साहू की बेटी की भानुप्रताप जैन नाम के युवक से दोस्ती चल रही थी। जैसे ही यह बात पिता तक पहुंची, उन्होंने भानुप्रताप को समझाकर बेटी से दूरी बनाने को कहा। इतना ही नहीं, गौकरण ने भानुप्रताप के माता-पिता से भी सीधे बात की, जिसके बाद परिवार वालों ने भानुप्रताप को कुछ समय के लिए उसके नाना-नानी के घर भेज दिया। यही फैसला भानुप्रताप को नागवार गुजरा और वह भीतर ही भीतर पिता से बदला लेने की योजना बनाने लगा।
पांच दोस्तों के साथ मिलकर बनाया हत्या का प्लान
नाराज भानुप्रताप ने अकेले नहीं, बल्कि अपने पांच साथियों को साथ लेकर गौकरण साहू की हत्या की पूरी योजना बना डाली। 30 जून की रात करीब दो बजे, जब गौकरण घर में गहरी नींद में सो रहे थे, आरोपियों ने घर में घुसकर सबसे पहले उनके सिर पर ताबड़तोड़ वार किए। इसके बाद लाठी-डंडों से भी बुरी तरह पीटा गया। उसी कमरे में गौकरण के बगल में उनकी बेटी भी सो रही थी। हमले के दौरान जब बेटी की नींद खुली और वह जोर-जोर से चिल्लाने लगी, तो सभी आरोपी घबराकर मौके से फरार हो गए। इसके बाद परिजन गौकरण को तुरंत अस्पताल ले गए, जहां फिलहाल उनका इलाज चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
पत्नी की शिकायत पर पुलिस ने खोला मामला
हमले के बाद गौकरण साहू की पत्नी ने देवरी थाने में शिकायत दर्ज कराई कि अज्ञात लोगों ने रात में उनके पति पर हमला किया है। बालोद की एएसपी मोनिका ठाकुर के मुताबिक, इस शिकायत के बाद पुलिस ने मुखबिरों की मदद ली और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई। जांच में सामने आया कि हमले की जड़ में पिता का वही फैसला था, जिसमें उन्होंने मुख्य आरोपी भानुप्रताप को बेटी से बात करने से रोका था। यही बात भानुप्रताप को इतनी नागवार गुजरी कि उसने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रच डाली।
छह आरोपी गिरफ्तार, भेजे गए जेल
जांच में जुटी पुलिस ने दुर्ग जिले के मरौदा गांव के रहने वाले भानुप्रताप जैन, नीरज रस्तोगी, तुषार निर्मलकर, दिनेश ढीमर और कुंदन यादव के साथ-साथ बालोद जिले के बहेराभाठा गांव के दीपेश पटेल को भी गिरफ्तार कर लिया। सभी छह आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब यह भी पता लगाने में जुटी है कि हमले की योजना कब से बनाई जा रही थी और इसमें और कौन-कौन शामिल था।













