डरबन के मैदान पर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ जारी पहले टेस्ट मुकाबले की पहली पारी में ऑस्ट्रेलियाई टीम ने बोर्ड पर 390 रन जोड़े। इस मुकाबले में मेहमान टीम की तरफ से सलामी बल्लेबाज मैट रेनशॉ ने जोरदार खेल दिखाया, हालांकि वह अपने दोहरे शतक से महज 10 रन दूर रह गए और 190 के स्कोर पर पवेलियन लौटे। निचले क्रम में टीम को मजबूत स्थिति तक पहुंचाने में ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस के 43 रन और अनुभवी खिलाड़ी नाथन लियोन के उपयोगी 27 रनों का बड़ा योगदान रहा। इसी पारी के सहारे लियोन ने एक ऐसा कीर्तिमान स्थापित कर दिया, जो टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में इससे पहले किसी भी पुछल्ले बल्लेबाज के नाम दर्ज नहीं था।
टेस्ट इतिहास में नंबर 10 पर हजार रन बनाने वाले पहले खिलाड़ी बने लियोन
दक्षिण अफ्रीका की गेंदबाजी के सामने जब कंगारू टीम के विकेट गिर रहे थे, तब दसवें नंबर पर उतरे नाथन लियोन ने 92 गेंदों का संयम भरा सामना किया और 5 चौकों की मदद से 27 रन बनाए। इस जुझारू पारी के दम पर उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 10वें नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए अपने 1000 रन पूरे कर लिए। खेल के सबसे लंबे प्रारूप में इस बैटिंग पोजीशन पर 1000 या उससे अधिक रन बनाने वाले वह दुनिया के इकलौते बल्लेबाज बन गए हैं। इस विशिष्ट सूची में इंग्लैंड के पूर्व खिलाड़ी स्टुअर्ट ब्रॉड दूसरे स्थान पर मौजूद हैं, जिन्होंने अपने करियर के दौरान नंबर 10 पर उतरकर 825 रन बनाए थे। अब लियोन ने इस मुकाम को पार करते हुए एक नया पैमाना तय कर दिया है।
गेंदबाजी में 571 शिकार और करियर में बनाए 1705 रन
नाथन लियोन की पहचान मुख्य रूप से एक माहिर ऑफ स्पिनर के तौर पर होती है, लेकिन आंकड़ों पर नजर डालें तो उनका ऑलराउंड योगदान भी अहम रहा है। अपने 144 टेस्ट मैचों के करियर में लियोन ने कुल 1705 रन बनाए हैं, जिनमें से अकेले 1019 रन उन्होंने नंबर 10 की पोजीशन पर बल्लेबाजी करते हुए जुटाए हैं। गेंदबाजी के मोर्चे पर लियोन के आंकड़े और भी प्रभावशाली हैं, जहां उन्होंने 143 टेस्ट मैचों में 30.20 के औसत और 2.94 के इकॉनमी रेट से 571 विकेट अपने नाम किए हैं। इस लंबे सफर में वह 24 बार पारी में पांच विकेट लेने का कारनामा भी कर चुके हैं। इसके अतिरिक्त उन्होंने 29 वनडे मुकाबलों में शिरकत करते हुए 29 विकेट हासिल किए हैं।
मैट रेनशॉ के 190 रनों के दम पर पहली पारी में ऑस्ट्रेलिया का पलड़ा भारी
मुकाबले के दूसरे दिन ऑस्ट्रेलियाई पारी का मुख्य आकर्षण मैट रेनशॉ की मैराथन बल्लेबाजी रही, जिन्होंने अपने टेस्ट करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 190 रन बनाए। रेनशॉ ने 397 गेंदों का सामना करते हुए अपनी इस पारी में 21 चौके और एक छक्का जड़ा, जिसकी बदौलत टीम 390 का विशाल स्कोर खड़ा करने में कामयाब रही। जवाब में दिन का खेल समाप्त होने तक दक्षिण अफ्रीका की टीम ने अपनी पहली पारी में एक विकेट खोकर 27 रन बना लिए थे। मेजबान टीम अभी भी ऑस्ट्रेलिया के पहली पारी के स्कोर से 363 रन पीछे चल रही है और उस पर अपनी स्थिति सुधारने का दबाव बना हुआ है।


















