शिबा इनु की कीमत इस वक्त $0.0000054 के स्तर पर है और यह टोकन करीब दो साल से लगातार नुकसान में चल रहा है। जिस शिबेरियम नेटवर्क को टोकन की किस्मत पलटने का जरिया माना जा रहा था, उस पर ट्रांज़ैक्शन करने वाले यूज़र्स की संख्या अब तेजी से घट रही है।
शिबेरियम से टोकन जलाने का वादा, जमीन पर खाली हाथ
अगस्त 2023 में लॉन्च के वक्त शिबेरियम को एक ऐसे प्लेटफॉर्म के रूप में पेश किया गया था जो बड़े पैमाने पर SHIB टोकन बर्न करेगा, सप्लाई घटाएगा और कीमत को ऊपर ले जाएगा। कम्युनिटी में यह धारणा थी कि ट्रिलियंस टोकन डेड वॉलेट में भेजे जाएंगे। लेकिन अगस्त 2023 से जून 2026 तक नेटवर्क ने सिर्फ 1 अरब से कुछ ज़्यादा टोकन ही बर्न किए। यह संख्या शुरुआती उम्मीदों के मुकाबले बेहद मामूली है। नेटवर्क की गतिविधि कभी उस स्तर तक नहीं पहुंच सकी जो इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए जरूरी था और कम्युनिटी का शुरुआती आकलन गलत साबित हुआ।
नए निवेशक नदारद, होल्डर्स की संख्या थमी
शिबेरियम की निष्क्रियता के साथ-साथ एक और चिंताजनक तस्वीर उभर रही है। SHIB टोकन होल्डर्स की कुल संख्या पिछले 18 महीनों से करीब 1.5 मिलियन के आसपास ठहरी हुई है और यह इस स्तर को पार नहीं कर सकी है। इससे साफ है कि नए और पहली बार निवेश करने वाले लोग शिबा इनु की तरफ कदम नहीं बढ़ा रहे। ताजे निवेश का यह सूखापन इस डॉग-थीम्ड टोकन के लिए बेहद महंगा साबित हो रहा है।
क्या शिबा इनु वापसी कर सकता है?
फिलहाल SHIB की तेज वापसी की संभावना काफी कम दिखती है, क्योंकि निवेशकों का ध्यान मीम करेंसी से हटकर उपयोगिता वाले प्रोजेक्ट्स की तरफ जा रहा है। कुछ साल पहले जो पैसा मीम कॉइन में जाता था, वह अब AI सेक्टर में जा रहा है। यहां तक कि ट्रिलियन डॉलर की प्रबंधन फर्म ब्लैकरॉक को भी चिंता सताने लगी है कि बिटकॉइन में निवेश घट सकता है, क्योंकि बड़े संस्थागत फंड AI तकनीक बनाने वाली कंपनियों की तरफ रुख कर रहे हैं।
अगर ब्लैकरॉक जैसी संस्थागत फर्म को बिटकॉइन की संभावनाओं में कमजोरी नजर आती है, तो इससे संस्थागत फंड्स से अरबों डॉलर की निकासी शुरू हो सकती है। ऐसे में BTC की कीमत $50,000 के स्तर से काफी नीचे खिसक सकती है। और इसका असर सिर्फ BTC तक नहीं रहेगा, एथेरियम, XRP, ADA और शिबा इनु समेत तमाम क्रिप्टो टोकन चार्ट में भारी गिरावट झेल सकते हैं।













