डिजिटल परिसंपत्ति बाजार में बिटकॉइन की कीमतें अमेरिकी अर्थव्यवस्था से जुड़े व्यापक व्यापक आर्थिक संकेतों के प्रति अत्यधिक संवेदनशील बनी हुई हैं। हाल के दिनों में अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति से जुड़ी टिप्पणियों और रोजगार के आंकड़ों ने बाजार की दिशा तय करने में मुख्य भूमिका निभाई है। फेड गवर्नर वॉलर के बयानों के बाद बाजार में अल्पकालिक तेजी देखी गई थी, लेकिन उम्मीद से बेहतर आए पेरोल डेटा ने इस बढ़त को तुरंत वापस खींच लिया। इस घटनाक्रम से स्पष्ट होता है कि अमेरिकी ब्याज दरों से जुड़ी उम्मीदें अब क्रिप्टो परिसंपत्तियों के मूल्य निर्धारण में एक प्राथमिक घटक बन चुकी हैं।
अमेरिकी वृहद आर्थिक आंकड़े और फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति का प्रभाव
फेडरल रिजर्व के अधिकारियों की टिप्पणियों के बाद अमेरिकी ब्याज दर में वृद्धि की संभावनाओं का बाजार मूल्य तेजी से बदला। शुरुआती बयानों के बाद दर वृद्धि की संभावना 63 प्रतिशत से घटकर 50 प्रतिशत पर आ गई, जिससे बिटकॉइन और प्रमुख शेयर बाजारों में सकारात्मक रुख देखने को मिला। हालांकि, यह तेजी अधिक समय तक नहीं टिक सकी। अमेरिका में श्रम बाजार के मजबूत आंकड़े और पेरोल डेटा जारी होने के बाद बाजार में फिर से बिकवाली का दबाव देखा गया।
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि बिटकॉइन अब व्यापक आर्थिक आंकड़ों के प्रति अत्यधिक उत्तरदायी व्यवहार प्रस्तुत कर रहा है। सितंबर के मध्य में आयोजित होने वाली फेडरल ओपन मार्केट कमेटी यानी एफओएमसी की बैठक से पहले बाजार सहभागी नए उत्प्रेरकों पर नजर बनाए हुए हैं। चालू सप्ताह में जारी होने वाले उत्पादक मूल्य सूचकांक यानी पीपीआई और उपभोक्ता मूल्य सूचकांक यानी सीपीआई के आंकड़े बाजार में बड़ी हलचल पैदा कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, 15 सितंबर को अमेरिकी सीनेट में क्लॉचर वोट के लिए पेश होने वाला क्लैरिटी एक्ट भी डिजिटल एसेट उद्योग के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यदि यह वोट विफल रहता है तो 2026 तक इस कानून का अधिनियमन अत्यधिक कठिन हो जाएगा।
क्रिप्टो एक्सचेंजों पर ट्रेडफाइ perpetual अनुबंधों का बढ़ता कारोबार
क्रिप्टो डेरिवेटिव्स बाजार में एक महत्वपूर्ण बदलाव यह देखने को मिला है कि गैर-क्रिप्टो या ट्रेडिशनल फाइनेंस उत्पादों से जुड़े परपेचुअल अनुबंधों का कारोबार तेजी से बढ़ा है। कमोडिटीज, इक्विटी इंडेक्स और व्यक्तिगत शेयरों से जुड़े परपेचुअल कॉन्ट्रैक्ट्स अब प्रमुख क्रिप्टो एक्सचेंजों के लिए एक बड़ा व्यावसायिक आधार बन चुके हैं। दुनिया के सबसे बड़े क्रिप्टो एक्सचेंज बाइनेंस पर ट्रेडफाइ परपेचुअल का 30-दिवसीय औसत ट्रेडिंग वॉल्यूम बिटकॉइन परपेचुअल अनुबंधों से भी आगे निकल चुका है।
वर्ष की शुरुआत से अब तक ट्रेडफाइ परपेचुअल वॉल्यूम का उच्चतम स्तर 16.8 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जबकि इसी अवधि के दौरान बिटकॉइन परपेचुअल का उच्चतम स्तर 16.3 अरब डॉलर रहा। यह स्थिति दर्शाती है कि जब क्रिप्टो बाजार में सुस्ती आती है, तो निवेशक और ट्रेडर्स पूरी तरह बाजार से बाहर होने के बजाय ट्रेडिशनल फाइनेंस डेरिवेटिव्स की ओर रुख करते हैं। जैसे ही क्रिप्टो बाजार में तरलता और वॉल्यूम लौटता है, ट्रेडर्स पुनः बिटकॉइन और अन्य डिजिटल परिसंपत्तियों में स्थानांतरित हो जाते हैं। इस विविधीकरण से क्रिप्टो एक्सचेंजों को बाजार की मंदी के दौर में भी अपने राजस्व और व्यावसायिक गतिविधि को बनाए रखने में मदद मिलती है।
हाइपरलिक्विड का उभरता दबदबा और ओपन इंटरेस्ट का ढांचा
बिटकॉइन परपेचुअल ओपन इंटरेस्ट में एक नया रिकॉर्ड सामने आया है, जहां विकेंद्रीकृत प्लेटफॉर्म हाइपरलिक्विड ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। वर्तमान में वैश्विक बिटकॉइन परपेचुअल ओपन इंटरेस्ट 3,20,000 बीटीसी के स्तर पर है। इसमें से अकेले हाइपरलिक्विड के पास 34,500 बीटीसी का ओपन इंटरेस्ट मौजूद है, जो इसे बाइनेंस और बायबिट के बाद दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा परपेचुअल एक्सचेंज बनाता है।
यह आंकड़ा ऑफशोर कैलेंडर बिटकॉइन फ्यूचर्स के कुल एकीकृत ओपन इंटरेस्ट से दोगुने से भी अधिक है। विकेंद्रीकृत वित्त क्षेत्र के किसी प्लेटफॉर्म के लिए यह एक ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जा रही है। अगर बाजार हिस्सेदारी की बात करें तो बाइनेंस 43.5 प्रतिशत ओपन इंटरेस्ट के साथ अब भी शीर्ष स्थान पर कायम है, जबकि बायबिट 19.4 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ दूसरे स्थान पर है। हाइपरलिक्विड का तीसरा स्थान यह साबित करता है कि ट्रेडर्स अब सेंट्रलाइज्ड एक्सचेंजों के विकल्प के रूप में डिसेंट्रलाइज्ड डेरिवेटिव्स को भी प्राथमिकता दे रहे हैं।
सुस्ती के दौर में बिटकॉइन का वर्तमान तकनीकी परिदृश्य
अगस्त के उत्तरार्ध में आई तेजी के बाद अब पूरा क्रिप्टो बाजार एक ठहराव या विराम की स्थिति में नजर आ रहा है। स्पॉट मार्केट में ट्रेडिंग वॉल्यूम घटकर गर्मियों की शुरुआत वाले निचले स्तरों पर आ गया है, जबकि डेरिवेटिव्स बाजार में यील्ड में संकुचन देखा गया है। बिटकॉइन वर्तमान में लगभग $78,497 से $78,500 के दायरे में कारोबार कर रहा है, जिसमें पिछले 24 घंटों के दौरान मामूली गिरावट दर्ज की गई है।
तकनीकी संकेतकों के विश्लेषण से पता चलता है कि बिटकॉइन का आरएसआई 60 के स्तर पर है, जो मध्यम तेजी का संकेत देता है। 20-दिवसीय घातीय चलती औसत $76,902 और 50-दिवसीय घातीय चलती औसत $72,285 पर स्थित है। अल्पकालिक चार्ट पर बिटकॉइन एक बढ़ते हुए ट्रेंड चैनल के भीतर बना हुआ है, जिसके लिए immediate सपोर्ट $77,701 और $76,905 के पास देखा जा रहा है। यदि बाजार में तेजी जारी रहती है, तो पहला प्रमुख प्रतिरोध $79,374 और इसके बाद $80,251 तथा $80,800 के स्तर पर देखने को मिल सकता है। आगामी आर्थिक आंकड़े ही यह तय करेंगे कि बिटकॉइन इस ठहराव से बाहर निकलकर किस दिशा में कदम बढ़ाता है।



















