शीत ऋतु की शुरुआत होते ही खान-पान में गर्माहट और पोषण देने वाली पारंपरिक चीजों की मांग बढ़ जाती है। सर्दियों के इस मौसम में यदि आप अपने परिवार के लिए कुछ ऐसा बनाना चाहते हैं जो स्वाद में लाजवाब होने के साथ-साथ सेहत के लिए भी गुणकारी हो, तो अलसी के लड्डू एक बेहतरीन और आसान विकल्प साबित हो सकते हैं। अलसी के दानों में भरपूर मात्रा में फाइबर, प्रोटीन और ओमेगा-3 फैटी एसिड मौजूद होता है, जो ठंड के दिनों में शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता और ऊर्जा बनाए रखने में मददगार होता है। गृहिणी मीरा तिवारी के अनुसार, बहुत ही कम समय और सीमित सामग्री के साथ इन लड्डुओं को रसोई में झटपट बनाया जा सकता है।
लड्डू बनाने के लिए आवश्यक सामग्री का चयन
अलसी के स्वादिष्ट लड्डू तैयार करने के लिए सबसे पहले सभी जरूरी सामग्रियों को जुटाना आवश्यक होता है। मीरा तिवारी बताती हैं कि इसके मुख्य घटकों में साफ और अच्छी गुणवत्ता वाली अलसी के बीज, मिठास के लिए शुद्ध गुड़, थोड़ा देसी घी और गोंद शामिल हैं। इसके साथ ही लड्डू का स्वाद और पोषक तत्व बढ़ाने के लिए सूखे मेवों का इस्तेमाल किया जाता है। मेवों में आप अपनी पसंद और उपलब्धता के आधार पर काजू, बादाम, पिस्ता और मूंगफली को शामिल कर सकते हैं। इसके अलावा अपनी रुचि के अनुसार अन्य सूखे मेवे भी इस मिश्रण में जोड़े जा सकते हैं।
अलसी की सफाई और उसे भूनने की सही तकनीक
अलसी के दानों को तैयार करते समय कुछ विशेष सावधानियों का ध्यान रखना बहुत आवश्यक होता है। मीरा तिवारी के मुताबिक, बाजार से बेहतरीन गुणवत्ता वाली अलसी लाने के बाद उसे कभी भी पानी से नहीं धोना चाहिए। अलसी पानी के संपर्क में आते ही चिपचिपी हो जाती है, जिससे उसका उपयोग करना मुश्किल हो जाता है। इसलिए अलसी को सूखे कपड़े या छलनी से अच्छी तरह बीनकर साफ करना ही सही तरीका है। इसके बाद एक साफ कड़ाही को गैस पर चढ़ाएं और धीमी आंच पर अलसी को लगातार चलाते हुए तब तक भूनें जब तक कि उसमें से चटकने की आवाज न आने लगे। भूनने के बाद अलसी को एक बर्तन में निकालकर ठंडा कर लें और फिर मिक्सी में डालकर दरदरा पीस लें।
गोंद को तलना और मेवों को तैयार करना
लड्डुओं में कुरकुरापन और हड्डियों के लिए मजबूती जोड़ने में गोंद की भूमिका बेहद अहम होती है। मीरा तिवारी समझाती हैं कि एक कड़ाही में थोड़ा सा घी हल्का गर्म करें और उसमें गोंद के टुकड़ों को धीमी आंच पर डालें। जब गोंद घी में अच्छी तरह फूलकर सफेद और हल्का हो जाए, तब उसे बाहर निकाल लें। गोंद के ठंडा हो जाने पर उसे बारीक पीसकर अलग रख लें। वहीं दूसरी ओर, लड्डू में मिलाने के लिए काजू, बादाम और पिस्ता जैसे ड्राई फ्रूट्स को चाकू की मदद से छोटे-छोटे टुकड़ों में बारीक काट लें ताकि वे मिश्रण में एकसमान रूप से मिल सकें।
गुड़ की चाशनी और लड्डू बांधने की विधि
अंतिम चरण में लड्डुओं को बांधने के लिए चाशनी और मिश्रण तैयार किया जाता है। कड़ाही में गुड़ के छोटे टुकड़े डालें और धीमी आंच पर उसे धीरे-धीरे पिघलने दें। जब गुड़ अच्छी तरह पिघलकर पक जाए और उसमें एक तार की चाशनी बनने लगे, तो आंच बंद कर दें। अब इस गर्म चाशनी में पहले से दरदरी पिसी हुई अलसी, तैयार किया गया पिसा हुआ गोंद और बारीक कटे हुए मेवे डालकर करछी से अच्छी तरह मिला लें। मिश्रण जब थोड़ा गुनगुना रह जाए जिसे हाथ से छुआ जा सके, तब हथेलियों की सहायता से मनचाहे आकार के गोल-गोल लड्डू बांध लें। पूरी तरह ठंडा हो जाने के बाद इन लड्डुओं को किसी साफ और सूखे एयरटाइट डिब्बे में सुरक्षित रखें और रोजाना अपनी जरूरत के अनुसार इनका सेवन करें।



















