स्मार्टफोन निर्माता ऐपल ने अपने वर्चुअल असिस्टेंट के अब तक के सबसे बड़े अपडेट सिरी एआई को हाल ही में उपयोगकर्ताओं के लिए जारी किया है। जिन ग्राहकों के पास नवीनतम ऑपरेटिंग सिस्टम जैसे आईओएस 27 और मैकओएस 27 गोल्डन गेट पर चलने वाले संगत उपकरण हैं, वे अब ऐपल इंटेलिजेंस की नई क्षमताओं के साथ उन्नत सिरी का उपयोग कर सकते हैं। कई उपभोक्ताओं के लिए यह कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में अन्य प्रतिस्पर्धी कंपनियों की तुलना में पीछे चल रही कंपनी की ओर से एक आवश्यक और स्वागत योग्य कदम प्रतीत हो सकता है। वहीं अन्य लोगों के लिए यह वर्षों पुराने उस वादे की पूर्ति जैसा है जिसे पूरा होने में असामान्य रूप से लंबा वक्त लगा। यह देरी इतनी गंभीर साबित हुई कि कंपनी को कानूनी विवाद समाप्त करने के लिए 25 करोड़ डॉलर के बड़े भुगतान समझौते पर सहमत होना पड़ा है।
वादे और हकीकत के बीच दो साल का फासला
सिरी के इस आधुनिक एआई रूप की पहली झलक हालिया सॉफ्टवेयर अपडेट में नहीं, बल्कि वर्ष 2024 में ही सार्वजनिक की गई थी। उस समय ऐपल ने एक ऐसे आधुनिक वॉयस असिस्टेंट का व्यापक प्रचार किया था जो उपयोगकर्ता के फोन की स्क्रीन पर मौजूद सामग्री को समझने और उत्तर तैयार करने के लिए विभिन्न आंतरिक ऐप्स से आवश्यक जानकारी जुटाने में सक्षम था। कंपनी के पूर्व-रिकॉर्डेड प्रदर्शनों में दिखाया गया था कि जब कोई व्यक्ति किसी परिजन की उड़ान के आगमन का समय पूछता, तो सिरी ईमेल और संदेशों की गहन जांच करके सही यात्रा विवरण तुरंत स्क्रीन पर ला देता था।
उस समय यह घोषणा की गई थी कि यह नया सिरी अनुभव उसी वर्ष के उत्तरार्ध में आईओएस 18 के साथ संगत आईफोन 15 प्रो तथा आईफोन 16 मॉडल वाले उपकरणों पर उपलब्ध करा दिया जाएगा। इसके विपरीत जब आईओएस 18 की पूरी जीवन अवधि के दौरान ऐपल इंटेलिजेंस के अन्य छोटे फीचर्स धीरे-धीरे पेश किए जाते रहे, तब भी बहुप्रचारित सिरी एआई का कहीं कोई अता-पता नहीं था। यह अनुपस्थिति सामान्य उपयोगकर्ताओं के लिए केवल निराशाजनक ही नहीं, बल्कि कई खरीदारों की दृष्टि में सीधे तौर पर भ्रामक साबित हुई।
कानूनी कार्रवाई और 25 करोड़ डॉलर का समझौता
लाखों उपभोक्ताओं ने इस विश्वास के साथ नया आईफोन 16 या पिछली पीढ़ी का आईफोन 15 प्रो खरीदा था कि वे तुरंत ऐपल के अत्याधुनिक एआई असिस्टेंट का लाभ उठा सकेंगे। हकीकत यह रही कि जिन सुविधाओं का वादा 2024 में किया गया था, वे वास्तविक रूप से दो साल से भी अधिक समय बीत जाने के बाद जाकर उपलब्ध हो पाईं। सामान्य अपग्रेड चक्र के अनुसार इस समयावधि में कई ग्राहक अपने दूसरे या तीसरे फोन पर पहुंच चुके थे।
इंटरनेट पर शुरू हुआ आक्रोश अंततः अदालती लड़ाई में बदल गया। क्लार्कसन कानूनी फर्म ने ऐपल के विरुद्ध मुकदमा दायर किया, जिसमें आरोप लगाया गया कि कंपनी ने नए सिरी फीचर्स का भ्रामक प्रचार करके ग्राहकों को गुमराह किया। यद्यपि ऐपल ने किसी भी प्रकार के अनुचित आचरण या गलती को आधिकारिक तौर पर स्वीकार नहीं किया है, फिर भी उसने इस मुकदमे को समाप्त करने के लिए 25 करोड़ डॉलर के निपटान समझौते पर सहमति व्यक्त कर दी है।
दावा करने की पात्रता और समय-सीमा
इस निपटान राशि में से मुआवजा पाने के हकदार सभी आईफोन उपयोगकर्ता नहीं होंगे। समझौते की शर्तों के अनुसार केवल वे उपभोक्ता पात्र माने गए हैं जिन्होंने एक निर्दिष्ट समयावधि के भीतर चुनिंदा मॉडल खरीदे थे। इसमें आईफोन 15, आईफोन 15 प्रो मैक्स, अथवा आईफोन 16 श्रृंखला का कोई भी मॉडल शामिल है, जिसमें आईफोन 16, आईफोन 16 प्लस, आईफोन 16 प्रो, आईफोन 16 प्रो मैक्स और आईफोन 16ई सम्मिलित हैं।
खरीद की निर्धारित समय-सीमा 10 जून 2024 से लेकर 29 मार्च 2025 के बीच रखी गई है। यदि किसी उपभोक्ता ने इन तारीखों के दौरान आईफोन 15 प्रो या आईफोन 16 मॉडल खरीदा था, तो वह निपटान राशि के अपने हिस्से के लिए दावा पेश कर सकता है। दावों के लिए ऑनलाइन विंडो आज 21 सितंबर से खुल चुकी है और यह 21 दिसंबर तक सक्रिय रहेगी।
आवेदन की प्रक्रिया और संभावित भुगतान राशि
मुआवजे का दावा करने के लिए पात्र उपयोगकर्ताओं को समझौते की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा और वहां फाइल अ क्लेम विकल्प का चयन करना होगा। जिन उपभोक्ताओं को ईमेल या डाक के जरिए क्लेम आईडी और पिन प्राप्त हुआ है, वे सीधे विवरण दर्ज कर सकते हैं। जिनके पास यह जानकारी नहीं है, वे भी अपने फोन का सीरियल नंबर दर्ज करके ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यदि सीरियल नंबर उपलब्ध न हो, तो अपने ऐपल खाते का ईमेल पता और उपकरण से जुड़ा फोन नंबर देकर भी दावा जमा किया जा सकता है।
यद्यपि कुल निपटान राशि 25 करोड़ डॉलर की है, लेकिन प्रत्येक दावेदार के हिस्से में आने वाली रकम दावों की कुल संख्या पर निर्भर करेगी। एक अनुमान के अनुसार प्रति दावेदार को लगभग 25 डॉलर मिलने की संभावना है। यदि पात्र लोगों की ओर से आने वाले कुल दावों की संख्या अनुमान से कम रहती है, तो यह भुगतान राशि बढ़कर 95 डॉलर तक भी पहुंच सकती है। इस मामले की अंतिम अनुमोदन सुनवाई अगले वर्ष 24 फरवरी को निर्धारित की गई है, जिसका सीधा अर्थ है कि दावों की आधिकारिक मंजूरी मिलने के बाद ही वास्तविक भुगतान जारी किया जाएगा।


















