देश के प्रमुख रियल एस्टेट डेवलपर्स में शुमार लोढ़ा डेवलपर्स ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में अपने पहले कदम की आधिकारिक शुरुआत कर दी है। कंपनी ने हरियाणा के गुरुग्राम में मौजूद प्राइम गोल्फ कोर्स रोड पर एक अल्ट्रा-प्रीमियम वाणिज्यिक परिसर के निर्माण का खाका तैयार किया है। इस पूरे प्रोजेक्ट पर तकरीबन 1,100 से 1,200 करोड़ रुपये का पूंजीगत खर्च होने का अनुमान लगाया गया है। मुंबई से बाहर अपने पदचिह्न बढ़ाते हुए कंपनी इस रणनीतिक कदम से उत्तर भारत के कॉर्पोरेट हब में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराने की तैयारी में है।
एमआरजी समूह के साथ साझेदारी और प्रोजेक्ट का विवरण
इस बड़े बाजार में सीधे उतरने के बजाय कंपनी ने पिछले साल एमआरजी समूह के साथ हाथ मिलाया था। दोनों पक्षों के बीच संयुक्त विकास समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे, जिसके तहत दो अलग-अलग परियोजनाओं को धरातल पर उतारा जाना तय हुआ। इनमें एक कॉमर्शियल स्पेस और दूसरा रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट शामिल है।
इसी योजना के तहत कंपनी ने हाल ही में 1.2 एकड़ के भूखंड पर फैले अपने वाणिज्यिक प्रोजेक्ट 'लोढ़ा पैंथियन' का अनावरण किया है। यह इमारत 27 मंजिला होगी, जिसके भीतर लगभग चार लाख वर्ग फुट का कुल बिक्री योग्य क्षेत्र तैयार किया जाएगा। कंपनी इसे ग्रेड ए प्लस प्लस श्रेणी के कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स के तौर पर विकसित कर रही है, जहां कॉर्पोरेट ग्राहकों के लिए कार्यालय स्थल बेचे जाएंगे।
कॉर्पोरेट कंपनियों की बढ़ती दिलचस्पी और आगामी आवासीय योजना
रियल एस्टेट बाजार के मौजूदा रुझानों को रेखांकित करते हुए लोढ़ा डेवलपर्स के कार्यकारी निदेशक (वित्त) सुशील मोदी ने बताया कि प्रीमियम वर्कस्पेस की मांग में लगातार तेजी देखी जा रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कई कारोबारी घराने अब ऑफिस को लंबे समय के लिए पट्टे पर लेने के बजाय खुद का मालिकाना हक हासिल करने को प्राथमिकता दे रहे हैं।
इसके साथ ही कंपनी अपने विस्तार के दूसरे चरण पर भी काम कर रही है। चालू वित्त वर्ष की चौथी तिमाही के दौरान गुरुग्राम के सोहना रोड पर एक आवासीय प्रोजेक्ट पेश करने की पूरी तैयारी है। प्रबंधन इन दोनों शुरुआती परियोजनाओं के प्रदर्शन और ग्राहक प्रतिक्रिया के आधार पर दिल्ली-एनसीआर के बाजार को बारीकी से समझेगा, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में व्यापक विस्तार की रूपरेखा तैयार की जाएगी।
वित्तीय मजबूती और बिक्री में जोरदार उछाल
कंपनी के तिमाही वित्तीय नतीजे भी उसके मजबूत कारोबारी प्रदर्शन को दर्शाते हैं। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी ने 5,037 करोड़ रुपये की बिक्री बुकिंग हासिल की, जिसमें पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 10 प्रतिशत की बढ़त दर्ज हुई। वहीं पूरे वित्त वर्ष की पहली छमाही की बात करें तो कुल बिक्री बुकिंग सात प्रतिशत के इजाफे के साथ 9,670 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गई। लंबी अवधि की योजना के तहत कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 24,000 करोड़ रुपये की वार्षिक बिक्री बुकिंग का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है।
मुनाफे के मोर्चे पर भी दूसरी तिमाही काफी उत्साहजनक रही, जहां कंपनी का शुद्ध लाभ 28 प्रतिशत की शानदार छलांग लगाकर 1,013.5 करोड़ रुपये हो गया। बीते वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह आंकड़ा 789.8 करोड़ रुपये रहा था। इसके अतिरिक्त तिमाही के दौरान कंपनी की कुल परिचालन आय भी सुधरकर 4,584.9 करोड़ रुपये तक पहुंच गई, जो पूर्व वित्त वर्ष की समान तिमाही के 3,878.9 करोड़ रुपये से उल्लेखनीय रूप से ज्यादा है।



















