हरियाणा के पानीपत स्थित सिवाह गांव में एक ज्वेलरी शॉप से लाखों रुपये के सोने-चांदी के गहने पार करने के सनसनीखेज मामले में कानून के हाथ आरोपियों तक पहुंच गए हैं। पुलिस ने दुकान में हुई इस बड़ी सेंधमारी की गुत्थी सुलझाते हुए दो आरोपियों को धर दबोचा है। पकड़े गए आरोपियों के पास से तकरीबन 10 लाख रुपये मूल्य के चुराए गए जेवरात भी बरामद कर लिए गए हैं, जबकि इस वारदात में शामिल उनका तीसरा साथी अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
रिश्तेदारी के फेरे में तैयार हुआ चोरी का ताना-बाना
इस पूरी वारदात के पीछे का घटनाक्रम बेहद चौंकाने वाला है। मामले की पड़ताल में सामने आया कि पकड़े गए आरोपियों में से एक गन्नौर का रहने वाला 35 वर्षीय दीपक है, जिसकी बहन की शादी पानीपत के सिवाह गांव में हुई है। बहन की ससुराल होने के कारण दीपक का अक्सर सिवाह में आना-जाना लगा रहता था। गांव में लगातार आने-जाने के दौरान ही उसने स्थानीय ज्वेलर्स की दुकान को निशाना बनाने का पूरा खाका तैयार किया। पुलिस की जांच में दीपक ही इस पूरी चोरी की योजना का मुख्य सूत्रधार बनकर सामने आया है।
मामा और भांजे की जोड़ी ने दिया वारदात को अंजाम
योजना के मुताबिक दीपक ने अपने 20 वर्षीय भांजे अनुज, जो मछरौली का निवासी है, को भी इस साजिश में शामिल कर लिया। मामा और भांजे की इस जोड़ी ने मिलकर सिवाह की ज्वेलर्स शॉप पर हाथ साफ किया और भारी मात्रा में सोने व चांदी के आभूषण समेट लिए। पूछताछ और जांच में यह बात सामने आई कि दोनों आरोपी इन चुराए हुए जेवरों को ठिकाने लगाकर रातों-रात मोटी रकम हासिल करना चाहते थे और जल्द अमीर बनने की फिराक में थे।
उत्तर प्रदेश भागने की फिराक में थे आरोपी
वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी चुराए गए कीमती सामान को बेचने के इरादे से उत्तर प्रदेश की तरफ निकलने की कोशिश में थे। हालांकि, वे राज्य की सीमा पार कर पाते, उससे पहले ही पुलिस की टीम ने जाल बिछाकर उन्हें सेक्टर-24 के समीप घेर लिया और दोनों को हिरासत में ले लिया। तलाशी के दौरान पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 10 लाख रुपये कीमत के सोने-चांदी के जेवरात अपने कब्जे में ले लिए।
पुराना आपराधिक रिकॉर्ड और तीसरे साथी की खोज
डीएसपी मुख्यालय विकास चहल ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर करीब 10 लाख रुपये के जेवरात बरामद किए जा चुके हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पकड़े गए दोनों आरोपियों का पहले से भी आपराधिक इतिहास रहा है और उनके खिलाफ चोरी व छीना-झपटी के मामले पहले से दर्ज हैं। पुलिस अब वारदात में शामिल तीसरे फरार आरोपी को पकड़ने के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तीसरे आरोपी के पकड़े जाने के बाद सभी के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं के तहत आगे की सख्त कार्रवाई पूरी की जाएगी।




















