आधुनिक दौर में व्यस्त जीवनशैली, देर रात तक जागने की आदत, मानसिक तनाव और अधिक मसालेदार या प्रोसेस्ड भोजन का सेवन हमारे पाचन तंत्र को गंभीर रूप से प्रभावित करता है। इसके साथ ही शारीरिक सक्रियता में कमी आने से खाया गया भोजन ठीक से पच नहीं पाता, जिससे पेट में भारीपन, एसिडिटी, ब्लोटिंग और गैस की समस्या पैदा हो जाती है। इस परेशानी से निपटने के लिए कई लोग तुरंत दवाइयों का सहारा लेते हैं। हालांकि हमारी रसोई में ही ऐसे कई प्राकृतिक उपाय मौजूद हैं जो बिना किसी दुष्प्रभाव के पाचन स्वास्थ्य को दुरुस्त कर सकते हैं। डॉक्टर शुभम वत्स ने पेट की गैस और ब्लोटिंग से छुटकारा पाने के लिए कुछ बेहद प्रभावी घरेलू नुस्खों की जानकारी दी है।
गैस्ट्रिक जूस को सक्रिय करता है अजवाइन और काला नमक
अजवाइन में थाइमोल नामक एक खास एक्टिव कंपाउंड पाया जाता है, जो पेट में गैस्ट्रिक जूस के स्राव को उत्तेजित करता है। इससे पाचन की प्रक्रिया तेज हो जाती है और भोजन आसानी से पचने लगता है। इसका सेवन करने के लिए आधा चम्मच अजवाइन में एक चुटकी काला नमक मिलाएं और इसे गुनगुने पानी के साथ निगल लें। यह नुस्खा पेट में फंसी गैस को तुरंत बाहर निकालने में मदद करता है और ब्लोटिंग की समस्या को रोक देता है।
पाचन मांसपेशियों को आराम पहुंचाती है सौंफ
सौंफ का इस्तेमाल सदियों से भोजन के बाद पाचन को बेहतर बनाने के लिए किया जाता रहा है। पेट में बनने वाली गैस और ब्लोटिंग को दूर करने में यह बेहद असरदार है। सौंफ में ऐनेथोल, फेनचोन और एस्ट्रागोल जैसे प्राकृतिक एसेंशियल ऑयल मौजूद होते हैं। ये तेल पेट और आंतों की मांसपेशियों को शिथिलता प्रदान करते हैं, जिससे पाचन क्रिया सुचारू रूप से चलने लगती है। सौंफ का लाभ उठाने के लिए इसे सीधे चबाकर खाया जा सकता है या फिर पानी में उबालकर सौंफ की चाय बनाकर पी जा सकती है।
सूजन और गैस दूर करने में सहायक अदरक
अदरक में जिंजेरॉल नामक शक्तिशाली एंटी-इन्फ्लेमेटरी घटक होता है, जो पेट की आंतों की मांसपेशियों को आराम देने का काम करता है। यह पेट की सूजन और गैस को नियंत्रित करने में बहुत कारगर माना जाता है। भोजन करने के बाद अदरक का एक छोटा सा टुकड़ा चबाने से पाचन में सुधार होता है। यदि इसे चबाना मुश्किल लगे तो अदरक को पानी में उबालकर अदरक की चाय के रूप में भी सेवन किया जा सकता है।
हींग का पानी देता है पेट दर्द से तुरंत राहत
गैस के कारण होने वाले पेट दर्द और ऐंठन के लिए हींग को सबसे तेज असर करने वाला घरेलू उपाय माना जाता है। एक गिलास गुनगुने पानी में केवल एक चुटकी हींग मिलाकर पीने से गैस की समस्या में तुरंत आराम मिलता है। अगर छोटे बच्चों को पेट में गैस या दर्द की शिकायत हो, तो हींग को थोड़े से पानी में घोलकर उनके नाभि के आसपास हल्के हाथों से लगाने से बच्चों को जल्दी राहत मिल जाती है।
पुदीने की पत्तियां दूर करती हैं आंतों की ऐंठन
पुदीना अपनी ठंडक और औषधीय गुणों के लिए जाना जाता है। यह आंतों की ऐंठन को कम करने और पेट के भारीपन को समाप्त करने में मदद करता है। इसके सेवन के लिए पुदीने की 5 से 6 पत्तियों को पानी में अच्छी तरह उबालकर उस पानी का सेवन करें। इसके अलावा पुदीने की पत्तियों को पीसकर ताजी छाछ में मिलाकर पीना भी पेट को ठंडक पहुंचाता है और पाचन को सुचारू रखता है।



















