पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में रहने वाला 16 साल का इकबाल शेख बीते कुछ महीनों से एक हैरान करने वाली वजह से चर्चा में है, उसका शरीर पानी से बाहर निकलते ही जलने लगता है, और इसी तकलीफ से बचने के लिए वह दिन-रात तालाब के पानी में डूबा रहता था.
तालाब में क्यों गुजारने लगा दिन
बेलडांगा इलाके में रहने वाले इकबाल की हालत ऐसी हो गई थी कि वह घर के बजाय आसपास के अलग-अलग तालाबों में घंटों नहीं बल्कि कई-कई दिन बिताने लगा था. इकबाल का कहना था कि जैसे ही वह पानी से निकलता, उसके पूरे शरीर में तेज जलन शुरू हो जाती, इसलिए वह पानी में ही रहना ज्यादा आसान समझने लगा. इलाके के लोग उसकी इस आदत की वजह से उसे 'जलमानव' कहकर बुलाने लगे.
वीडियो वायरल होने के बाद उमड़ी भीड़
इकबाल की हालत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो बड़ी तादाद में लोग उसे तालाब में देखने के लिए पहुंचने लगे. कई लोग उसके लिए खाना-पानी लेकर भी आते रहे. लेकिन लगातार पानी में रहने का खामियाजा उसके शरीर को उठाना पड़ रहा था, हाथ-पैर समेत शरीर के कई हिस्सों की त्वचा का रंग-रूप बदलने लगा और उसे बार-बार सर्दी-जुकाम जैसी शिकायतें भी होने लगीं.
जिन्न की अफवाह और मेडिकल पहलू
इकबाल खुद कई बार अपनी तकलीफ को किसी अदृश्य ताकत या 'जिन्न' के साये से जोड़ता रहा, जिससे इलाके में तरह-तरह की अफवाहें भी फैलीं. हालांकि डॉक्टरों और जानकारों ने इसे सिर्फ अंधविश्वास मानकर खारिज करने की बजाय ठीक से मेडिकल जांच कराने पर जोर दिया. रिपोर्टों में इस बात का जिक्र किया गया कि इकबाल को Aquagenic Pruritus नाम की एक दुर्लभ त्वचा संबंधी स्थिति हो सकती है, जिसमें पानी के संपर्क में आने के बाद या पानी से बाहर निकलते ही त्वचा में तेज खुजली, जलन या असहजता महसूस होती है.
आर्थिक तंगी के बीच अब मुंबई में इलाज
परिवार की आर्थिक हालत कमजोर होने के चलते इकबाल के लिए बेहतर इलाज कराना पहले आसान नहीं था और स्थानीय स्तर पर ही उसका उपचार करने की कोशिशें होती रहीं. अब उसकी कहानी बड़े पैमाने पर सामने आने के बाद उसे मुंबई के एक अस्पताल में इलाज मिलना शुरू हुआ है. फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि आखिर पानी से बाहर आते ही इकबाल के शरीर में इतनी तेज तकलीफ क्यों शुरू हो जाती है और इलाज के बाद क्या वह फिर से सामान्य जिंदगी जी सकेगा.



















