रेड बॉल क्रिकेट में खास प्रतिद्वंद्वियों के सामने चला इन 5 दिग्गजों का बल्ला, ब्रैडमैन का शिखर आज भी अजेयभोपाल में युवाओं के महाकुंभ में मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान: साल में 2 बार होगी पीएससी, 12 मेडिकल कॉलेज और 12 स्किल यूनिवर्सिटी खुलेंगीपहाड़ी सफर में भटक गए और फोन में नेटवर्क भी नहीं? अपनाएं ये 5 जरूरी सुरक्षा कदमफेड की ब्याज दरों पर नरमी के संकेत के बीच डॉलर की तेजी थमी, यूरो और सोने में हलचलदिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण पर नया एक्शन प्लान: बिना वैध पीयूसी नहीं मिलेगा पेट्रोल-डीजल, 10,000 रुपये का चालानबिना किसी शुल्क के टेलीविजन पर देखें लखनऊ टी20 मुकाबला, जानिए लाइव प्रसारण की पूरी जानकारीकड़ाके की ठंड में घर के पेड़-पौधों को मुरझाने से कैसे बचाएं, जानिए जरूरी बागवानी उपायहिमाचल दौरे पर मनाली पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, सर्किट हाउस में रात्रि ठहराव और अटल टनल का बदला ट्रैफिक प्लानराजस्थान के हवाई नेटवर्क में विस्तार, अकासा एयर 11 अक्टूबर से जयपुर को जोड़ेगी मुंबई और बेंगलुरु सेबेसन की रोजमर्रा की सब्जी से ऊब गए हैं तो थाली में परोसें भरवां गट्टा पाटौड़ी रोल्स
रामगढ़ में साड़ी पहनकर 1600 मीटर दौड़ीं सुनीता और जागेश्वरी, होमगार्ड ट्रायल में तय समय से पहले पूरी की रेसझारखंड
6 अक्तू॰ 2026, 5:07 pm (54 मिनट पहले)· 0

रामगढ़ में साड़ी पहनकर 1600 मीटर दौड़ीं सुनीता और जागेश्वरी, होमगार्ड ट्रायल में तय समय से पहले पूरी की रेस

झारखंड के रामगढ़ में बिना ट्रैकसूट या महंगे जूतों के साड़ी पहनकर उतरीं दो ग्रामीण महिलाओं ने होमगार्ड भर्ती ट्रायल में निर्धारित समय से पहले 1600 मीटर की दौड़ पूरी कर सबको हैरत में डाल दिया।

झारखंड के रामगढ़ जिले में आयोजित होमगार्ड बहाली ट्रायल के दौरान ग्रामीण महिलाओं के अदम्य साहस और जज्बे की एक प्रेरक तस्वीर सामने आई है। रामगढ़ प्रखंड अंतर्गत बेहद सुदूरवर्ती बूढ़ा खुखरा गांव की निवासी 36 वर्षीय सुनीता देवी और 28 वर्षीय जागेश्वरी कुमारी ने पारंपरिक साड़ी पहनकर मैदान में कदम रखा और अपनी शारीरिक दक्षता से हर किसी को चकित कर दिया। खेल पोशाक, महंगे जूते या पेशेवर कोचिंग जैसी मूलभूत सुविधाओं के अभाव के बावजूद दोनों महिलाओं ने दौड़ पूरी कर यह साबित किया कि मजबूत इरादों के सामने संसाधनों की कमी बाधा नहीं बन सकती।

सिद्धू-कान्हू जिला मैदान में समय सीमा से पहले पूरा किया सफर

रामगढ़ स्थित सिद्धू-कान्हू जिला मैदान में होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया के तहत शारीरिक दक्षता जांच का ट्रायल आयोजित किया जा रहा था। इस ट्रायल में शामिल होने के लिए बूढ़ा खुखरा गांव से सुनीता देवी और जागेश्वरी कुमारी भी पहुंची थीं। दौड़ के अनुकूल ट्रैकसूट उपलब्ध न होने के कारण उन्होंने उसी परिधान में मैदान में उतरने का फैसला किया, जिसे पहनकर वे घर से आई थीं। चयन मानकों के मुताबिक महिला अभ्यर्थियों को 1600 मीटर की दूरी 8 मिनट में तय करनी थी। दोनों महिलाओं ने साड़ी संभालते हुए पूरे वेग से दौड़ लगाई और इस तय फासले को करीब 7 मिनट में ही सफलतापूर्वक पूरा कर लिया।

ये भी पढ़ें

खेती-किसानी के साथ तड़के 4 बजे से कड़ा अभ्यास

दैनिक जीवन में सुनीता देवी और जागेश्वरी कुमारी ग्रामीण खेती-किसानी से जुड़ी हैं और कृषि कार्यों के जरिए अपने परिवार के भरण-पोषण में हाथ बंटाती हैं। पारिवारिक जिम्मेदारियों और आजीविका के संघर्ष के बीच दोनों महिलाएं लंबे समय से होमगार्ड बनने का सपना संजोए हुए हैं। इस सपने को साकार करने के लिए वे प्रतिदिन तड़के करीब 4 बजे अंधेरे में ही घर से निकलकर दौड़ने का नियमित अभ्यास करती हैं। उनके गांव की कई अन्य युवतियां और महिलाएं भी इस भर्ती की तैयारी में जुटी हैं, लेकिन आर्थिक तंगी के चलते वे ट्रैकसूट या विशेष खेल सामग्री खरीदने में पूरी तरह असमर्थ हैं।

संसाधनों के अभाव को हिम्मत से मात

अभ्यर्थी महिलाओं का कहना है कि साड़ी में दौड़ना किसी प्रकार का शौक नहीं, बल्कि सीमित आर्थिक संसाधनों से उपजी एक व्यावहारिक मजबूरी थी। इसके बावजूद उन्होंने किसी भी स्तर पर हौसला नहीं खोया। उनका स्पष्ट मानना है कि आधुनिक साधन न होने पर भी कठिन परिश्रम और आत्मबल उनके पास मौजूद है, जिसके दम पर वे मैदान में डटी हुई हैं। ग्रामीण परिवेश की इन महिलाओं का संघर्ष यह रेखांकित करता है कि जब लक्ष्य तय हो, तो परिस्थितियां कभी रुकावट नहीं बन सकतीं।

जिले में 284 पदों पर भर्ती की तैयारी

रामगढ़ जिले में होमगार्ड के कुल 284 पदों पर चयन की आधिकारिक प्रक्रिया 24 अक्टूबर से विधिवत शुरू होने जा रही है। इलाके की तमाम ग्रामीण महिलाओं के लिए यह अवसर मात्र रोजगार पाने का जरिया नहीं है, बल्कि आत्मनिर्भरता हासिल करने और अपनी क्षमता को स्थापित करने का एक बड़ा मंच है। सामाजिक मंचों पर दौड़ती महिलाओं के दृश्य तेजी से प्रसारित हो रहे हैं, लेकिन इसके पीछे की वास्तविक सच्चाई तड़के शुरू होने वाले अथक परिश्रम, खेती के भारी काम और सरकारी सेवा में आने की अगाध निष्ठा से जुड़ी है।

सवाल-जवाब

सुनीता देवी और जागेश्वरी कुमारी कहां की रहने वाली हैं?
दोनों महिलाएं झारखंड के रामगढ़ प्रखंड स्थित बूढ़ा खुखरा गांव की निवासी हैं।
होमगार्ड भर्ती के ट्रायल में दौड़ की क्या दूरी और समय सीमा तय थी?
ट्रायल में महिला अभ्यर्थियों के लिए 1600 मीटर की दौड़ 8 मिनट में पूरी करने का मानक तय था।
महिलाओं ने यह दूरी कितने समय में पूरी की?
सुनीता और जागेश्वरी ने साड़ी पहनकर 1600 मीटर की दौड़ करीब 7 मिनट में पूरी कर ली।
दौड़ में हिस्सा लेने वाली दोनों महिलाओं की उम्र कितनी है?
सुनीता देवी की उम्र 36 वर्ष है, जबकि जागेश्वरी कुमारी 28 वर्ष की हैं।
रामगढ़ में होमगार्ड के कुल कितने पदों पर भर्ती होनी है?
रामगढ़ जिले में होमगार्ड के कुल 284 पदों पर बहाली की जानी है।
होमगार्ड भर्ती की आधिकारिक प्रक्रिया कब से शुरू होगी?
होमगार्ड बहाली की आधिकारिक प्रक्रिया 24 अक्टूबर से शुरू होने वाली है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Rohan Verma@rohan-verma·40 मिनट पहले

सुबह चार बजे उठकर दौड़ने का यह पक्का इरादा ही असली चीज़ है। जूते-कपड़े तो बाद की बात हैं, असली दम तो हौसले में होता है।

Karan Malhotra@karan-malhotra·39 मिनट पहले

रोहन भाई, बिल्कुल सही कहा आपने। पिछले साल जब मैं खुद एक ग्राउंड रिपोर्टिंग के दौरान ऐसे ही गाँव की एक महिला से मिला था, तो उन्होंने भी बिना जूतों के ही दौड़कर सबको हैरान कर दिया था।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp