बारिश का मौसम पेड़-पौधों में नई जान फूंक देता है, लेकिन गुलाब प्रेमियों के लिए सही किस्म का चुनाव करना बेहद जरूरी होता है। अत्यधिक नमी और जलजमाव के कारण अक्सर गुलाब के पौधों में बीमारियां लगने का खतरा रहता है। इसके बावजूद, गुलाब की कुछ ऐसी खास प्रजातियां हैं जो मानसून के ठंडे और नम वातावरण में और भी ज्यादा निखरकर खिलती हैं। यदि आप भी इस बारिश अपने बगीचे को रंग-बिरंगे और खुशबूदार फूलों से सजाना चाहते हैं, तो इन पांच चुनिंदा किस्मों को अपने गार्डन में शामिल कर सकते हैं।
अलिंका रोज: पीले और लाल रंग का बेहतरीन संगम
अलिंका रोज अपने विशाल आकार और चमकीले पीले-लाल रंग के दोहरे शेड वाले फूलों के लिए जाना जाता है। जब यह फूल बगीचे में खिलता है, तो इसकी ओर हर किसी का ध्यान सबसे पहले जाता है। मानसून के दौरान सही धूप और जल निकासी की उचित व्यवस्था मिलने पर यह पौधा लगातार नए फूल देता रहता है। इसकी देखभाल करना काफी आसान है, बस इस बात का ध्यान रखें कि गमले या जमीन में पानी जमा न होने पाए। जड़ों में पानी रुकने से पौधा खराब हो सकता है। समय-समय पर सूखी और पीली पत्तियों को हटाते रहें और हल्की जैविक खाद दें। इससे पौधे को जरूरी पोषण मिलता रहेगा और पूरा गार्डन रंग-बिरंगे फूलों से महकता रहेगा।
हॉट कोकोआ रोज: चॉकलेटी और कॉपर रंगत का अनोखा आकर्षण
यदि आप अपने बगीचे में पारंपरिक रंगों से हटकर कुछ अलग लगाना चाहते हैं, तो हॉट कोकोआ रोज एक बेहतरीन विकल्प है। इसके फूलों में कॉपर, चॉकलेटी और हल्के नारंगी रंग का अनूठा मिश्रण देखने को मिलता है। बारिश के दिनों में जैसे ही मौसम में ठंडक बढ़ती है, इसके फूलों का रंग और भी गहरा तथा खूबसूरत हो जाता है। यह किस्म अच्छी धूप और हल्की नमी वाले वातावरण में बहुत तेजी से पनपती है। इसके आसपास जलजमाव न होने दें। अगर इसे सही पोषण और संतुलित पानी मिले, तो यह मानसून के दौरान लंबे समय तक अपनी पंखुड़ियों को ताजा रखता है।
किस ऑफ फायर रोज: गहरे लाल रंग की शानदार छटा
किस ऑफ फायर रोज अपने गहरे लाल और चमकदार फूलों के लिए बहुत प्रसिद्ध है। जब यह पौधा पूरी तरह खिलता है, तो ऐसा प्रतीत होता है मानो बगीचे में लाल रंग की कोई मखमली चादर बिछ गई हो। मानसून के मौसम में इसके रंगों की ताजगी और चमक लंबे समय तक बरकरार रहती है। कम मेहनत में अधिक फूल चाहने वाले बागवानों के लिए यह प्रजाति सबसे उत्तम मानी जाती है। नियमित रूप से हल्की छंटाई करने और समय-समय पर खाद देने से पौधे का विकास बहुत अच्छा होता है। यदि पौधे को प्रतिदिन कुछ घंटों की सीधी धूप मिलती रहे, तो बारिश में भी इसमें भरपूर कलियां आती हैं।
कलीमा रोज: मखमली पंखुड़ियां और मनमोहक खुशबू
कलीमा रोज अपनी गहरे मखमली लाल रंगत और भीनी-भीनी सुंगध के लिए पहचाना जाता है। इसके बड़े आकार के फूल किसी भी साधारण बगीचे की सुंदरता में कई गुना इजाफा कर देते हैं। मानसून का मौसम इस किस्म के अनुकूल माना जाता है, क्योंकि इस दौरान हवा में मौजूद नमी के कारण पौधे में तेजी से नई कलियां बनती हैं। यह फूल लंबे समय तक अपनी पंखुड़ियों को बनाए रखता है और बगीचे को सुगंधित रखता है।
टाइगर रोज: धारियों वाला अनोखा पैटर्न
टाइगर रोज अपने पीले और लाल रंग की धारियों वाले फूलों के कारण बाकी सभी किस्मों से बिल्कुल अलग नजर आता है। इसकी हर पंखुड़ी पर एक विशेष और अनोखा पैटर्न बना होता है, जो इसे बेहद आकर्षक बनाता है। अगर आप अपने गार्डन में वैरायटी और विशिष्टता लाना चाहते हैं, तो टाइगर रोज को जरूर लगाएं। बारिश की हल्की फुहारों के बीच इसके फूल और भी ज्यादा ताजगी और निखार के साथ खिलते हैं। सही देखभाल के साथ ये पांचों किस्में आपके पूरे मानसून सीजन को महका सकती हैं।



















