दिखने में एक जैसे लगने वाले परिधानों की असल पहचान, बनावट और अवसर के आधार पर समझें फर्कसोने के बढ़ते दामों के बीच दिल्ली के बाजारों में ₹30 से बिक रही बंगाली ज्वेलरी की मांग बढ़ीबदलते मौसम और स्मॉग के बीच चेहरे की चमक कैसे रखें बरकरार, त्वचा रोग विशेषज्ञ ने साझा किए जरूरी सुझावसर्वोच्च अदालत के न्यायाधीश के आरोपों पर पूर्व कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा का कड़ा जवाब, प्रक्रिया के तहत सवाल उठाने की दी नसीहतकैलेंडर वर्ष में सर्वाधिक टेस्ट शतक ठोकने का रिकॉर्ड आज भी यूसुफ के नाम, पोंटिंग और सचिन भी रहे अव्वल2 अक्टूबर को चंद्रमा का बुध की राशि में गोचर, इन राशियों की खुलेगी किस्मतरायगढ़ में जलाशय के कैचमेंट क्षेत्र पर अवैध कॉलोनियों का निर्माण, 120 कब्जाधारियों को नोटिसश्राद्ध की थाली में कद्दू का खास स्थान, जानिए पितरों के भोज से जुड़ी सदियों पुरानी परंपराएंघर की बालकनी में उगाएं 70 फीसदी मौसमी सब्जियां, आर. माधवन के ऑर्गेनिक टेरेस मॉडल से सीखें गार्डनिंग के गुरछतरपुर के हलवाई ने बताया असली मथुरा पेड़ा बनाने का तरीका, 400 रुपये किलो बिकने वाली इस मिठाई का यह है सीक्रेट
सोने के बढ़ते दामों के बीच दिल्ली के बाजारों में ₹30 से बिक रही बंगाली ज्वेलरी की मांग बढ़ीजीवनशैली
1 अक्तू॰ 2026, 9:46 am (16 मिनट पहले)· 1

सोने के बढ़ते दामों के बीच दिल्ली के बाजारों में ₹30 से बिक रही बंगाली ज्वेलरी की मांग बढ़ी

नवरात्रि और डांडिया उत्सव के मौके पर दिल्ली के प्रमुख बाजारों में पश्चिम बंगाल से आई पारंपरिक और पर्यावरण अनुकूल ज्वेलरी ₹30 की शुरुआती कीमत में बिक रही है।

नवरात्रि और डांडिया उत्सव की तैयारियों के बीच खरीदारी के लिए बाजारों में महिलाओं की आवाजाही तेज हो गई है। उत्सव के दिनों में पारंपरिक 16 श्रृंगार और सजने-संवरने का विशेष महत्व माना जाता है, लेकिन सोने और चांदी की लगातार बढ़ती कीमतों ने आम खरीदारों के लिए कीमती धातुओं के आभूषण खरीदना बेहद मुश्किल बना दिया है। इस स्थिति के बीच राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के अलग-अलग शॉपिंग केंद्रों में पश्चिम बंगाल से मंगाए गए खास हस्तनिर्मित आभूषणों की व्यापक मांग देखी जा रही है।

प्रमुख बाजारों में पारंपरिक डिजाइनों की बड़ी रेंज

राजधानी के सरोजनी नगर, सदर बाजार, लाजपत नगर, जनपथ, कनॉट प्लेस और मोनेस्ट्री मार्केट के खुदरा काउंटरों पर बंगाली आभूषणों की भारी वैरायटी पहुंची है। इन बाजारों में महिलाओं और युवतियों की पसंद को ध्यान में रखते हुए गले के हार, नाक की नथ, कानों की बालियां, पारंपरिक झुमके और मांग टीका जैसे उत्पाद बड़ी तादाद में प्रदर्शित किए गए हैं। अलग-अलग परिधानों के साथ मेल खाने वाले रंगों और बनावट के आधार पर खरीदार इन गहनों की खरीदारी कर रहे हैं।

ये भी पढ़ें

ऑक्सीडाइज्ड सिल्वर, डोकरा और मिट्टी के आभूषणों का चलन

इस साल बाजार में हाथ से तैयार किए गए और पर्यावरण के अनुकूल यानी इको-फ्रेंडली गहनों का विशेष चलन दिखाई दे रहा है। डिजाइनों के मामले में ऑक्सीडाइज्ड सिल्वर श्रेणी के आभूषण खरीदारों की पहली पसंद बने हुए हैं, जिनमें झुमके, चोकर हार और बाजूबंद की बिक्री सबसे ज्यादा है। इसके साथ ही बारीक शीशों और रंग-बिरंगे धागों के तालमेल से तैयार हैंडमेड मिरर वर्क ज्वेलरी को भी खासा पसंद किया जा रहा है। दुकानों पर प्राकृतिक कौड़ियों, रंगीन मोतियों और सूती धागों से बुने गए नेकलेस, कमरबंद और ईयररिंग्स मौजूद हैं। धातु शिल्प की प्राचीन परंपरा से बनी पारंपरिक बंगाली डोकरा ज्वेलरी के अलावा मिट्टी से गढ़े गए आभूषणों के संग्रह से भी दुकानें पटी हुई हैं।

मात्र ₹30 से शुरुआत और किफायती बजट विकल्प

इन बंगाली गहनों की सबसे बड़ी खासियत इनका बेहद सस्ता और किफायती होना है। दिल्ली के इन प्रमुख बाजारों में इन हस्तनिर्मित आभूषणों की शुरुआती दर केवल ₹30 रखी गई है। सीमित बजट में त्योहार की तैयारी करने वाले ग्राहकों के लिए ₹500 के खर्च में भी कई तरह के गहनों का पूरा संग्रह आसानी से मिल जाता है। डांडिया नाइट्स और नवरात्रि के अलग-अलग दिनों के हिसाब से हर रंग के परिधान के अनुकूल मैचिंग आभूषण उपलब्ध होने के कारण त्योहारी भीड़ लगातार दुकानों पर पहुंच रही है।

सवाल-जवाब

दिल्ली के किन बाजारों में बंगाली ज्वेलरी मिल रही है?
यह ज्वेलरी सरोजनी नगर, सदर बाजार, लाजपत नगर, जनपथ, कनॉट प्लेस और मोनेस्ट्री मार्केट में मिल रही है।
दिल्ली के बाजारों में इस ज्वेलरी की शुरुआती कीमत क्या है?
इन बंगाली हस्तनिर्मित आभूषणों की शुरुआती कीमत मात्र ₹30 है।
इस बार किस प्रकार की बंगाली ज्वेलरी की सबसे ज्यादा मांग है?
बाजार में ऑक्सीडाइज्ड सिल्वर, हैंडमेड मिरर वर्क, कौड़ी-मोतियों के सेट, मिट्टी के गहने और पारंपरिक डोकरा शिल्प की सबसे ज्यादा मांग है।
क्या ₹500 के बजट में पर्याप्त ज्वेलरी खरीदी जा सकती है?
हां, ₹500 के बजट में आसानी से झोला भरकर अलग-अलग तरह के गहने खरीदे जा सकते हैं।
इन गहनों में कौन-कौन सी चीजें उपलब्ध हैं?
यहां गले के हार, नाक की नथ, कानों की बालियां, झुमके, मांग टीका, चोकर, बाजूबंद और कमरबंद आसानी से उपलब्ध हैं।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp