मध्य प्रदेश में औद्योगिक विकास को एक नई गति देते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सीहोर जिले में क्रॉम्पटन ग्रीव्स की नई पावर ट्रांसफॉर्मर मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट का औपचारिक शुभारंभ किया है। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में अधिक से अधिक निवेश आकर्षित करने और उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है, क्योंकि मजबूत निवेश से ही स्थानीय युवाओं के वास्ते रोजगार के नए अवसर सृजित होते हैं। सरकार की ओर से हर छोटे और बड़े निवेशक को पूरा सहयोग प्रदान किया जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान यह भी जानकारी दी गई कि महज दो दिन पहले ही केबल निर्माण के लिए 106 करोड़ रुपये की लागत से एक अन्य फैक्ट्री का भूमि-पूजन संपन्न हुआ था। आज जन्माष्टमी के पावन अवसर पर 888 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुई सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस की इस अत्याधुनिक पावर ट्रांसफॉर्मर फैक्ट्री का लोकार्पण किया गया।
पिछले 8 महीनों में बड़े उद्योगों के भूमि-पूजन और लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में बताया कि बीते लगभग 8 महीनों के दौरान गोदरेज जैसी प्रतिष्ठित और बड़ी कंपनियों की औद्योगिक इकाइयों के लोकार्पण और भूमि-पूजन के कार्य तेजी से किए गए हैं। ग्वालियर-चंबल अंचल में गोदरेज इंडस्ट्रीज ने साबुन के निर्माण के लिए एशिया की सबसे बड़ी अपनी चौथी यूनिट का संचालन शुरू कर दिया है। उन्होंने रेखांकित किया कि राज्य सरकार की उद्योग-अनुकूल नीतियों के परिणामस्वरूप अब देश भर की बड़ी कंपनियों के बीच मध्य प्रदेश में आकर अपने उद्योग स्थापित करने की एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है। प्रदेश में स्थापित हो रही इन नई फैक्ट्रियों में केवल विभिन्न उत्पादों का निर्माण ही नहीं होता, बल्कि इसके जरिए राज्य की आर्थिक समृद्धि, टैक्स कलेक्शन के आंकड़े और रोजगार के अवसरों में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की जाती है।
सिर्फ 13 महीने में बनकर तैयार हुई दुनिया की सबसे बड़ी ट्रांसफॉर्मर यूनिट
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सीहोर की तारीफ करते हुए कहा कि सीहोर श्योर है, निवेश के मामले में पूरी तरह सिक्योर है और यहां रिटर्न एश्योर है। यह पूरा जिला पर्यटन के मानचित्र पर भी अत्यंत तीव्र गति से प्रगति कर रहा है। सीहोर अब भोपाल मेट्रोपोलिटन सिटी का अहम हिस्सा बन चुका है, जिससे आने वाले समय में यहां के निवासियों को अभूतपूर्व लाभ प्राप्त होगा। देश के पूरे इलेक्ट्रिकल इकोसिस्टम को नया रूप देने में सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस की यह पावर ट्रांसफॉर्मर मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट बेहद निर्णायक भूमिका निभाने जा रही है। वर्तमान समय में मध्य प्रदेश की आर्थिक ग्रोथ को गति देने वाली 5 प्रमुख कड़ियां पैशन, पोटेंशियल, पॉलिसी, परफॉर्मेंस और प्रोडक्शन हैं। सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस ने अपनी नौ दशक लंबी यात्रा के दौरान अब मध्य प्रदेश की इस पावन धरती पर एक नया और ऐतिहासिक मुकाम हासिल किया है। पिछले साल अगस्त महीने में हुए भूमि-पूजन के पश्चात रिकॉर्ड मात्र 13 महीनों के भीतर सीहोर में दुनिया की यह सबसे बड़ी ट्रांसफॉर्मर निर्माण फैक्ट्री बनकर प्रारंभ हो चुकी है, जो जन्माष्टमी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों के लिए एक बहुत बड़ी सौगात है।
सीहोर से सालाना 365 ट्रांसफॉर्मर का होगा उत्पादन
इस नई विनिर्माण इकाई की क्षमताओं के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा गया कि इस यूनिट से हर साल कुल 365 पावर ट्रांसफॉर्मर तैयार किए जाएंगे और इसके माध्यम से करीब 2,000 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा। इसके साथ ही सरकार की तरफ से यह भी सुनिश्चित किया गया है कि सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस की इस यूनिट के आसपास मौजूद खाली भूमि से छोटे-बड़े झाड़ तथा अन्य बाधाओं को हटाने में पूरा प्रशासनिक सहयोग प्रदान किया जाएगा ताकि आवागमन और विस्तार में कोई रुकावट न आए।
तेज रफ़्तार से आगे बढ़ रही है देश की अर्थव्यवस्था
कार्यक्रम के दौरान देश की समग्र अर्थव्यवस्था की स्थिति पर चर्चा करते हुए कहा गया कि प्रधानमंत्री नेंद्र मोदी के यशस्वी नेतृत्व में भारत की अर्थव्यस्था बहुत तेज गति से आगे बढ़ रही है। राष्ट्रीय विकास के साथ-साथ मध्य प्रदेश भी पूरी तरह कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ रहा है। देश के हालिया आर्थिक आंकड़े यह स्पष्ट करते हैं कि वर्तमान में भारत की विकास दर दुनिया में सर्वाधिक 7.8 प्रतिशत है, जबकि इसके मुकाबले अमेरिका की ग्रोथ रेट मात्र 2 प्रतिशत और चीन की केवल 4 प्रतिशत पर बनी हुई है। भारत अपनी अर्थव्यवस्था के पहिये को लगातार तेज रफ्तार से आगे बढ़ा रहा है। इस संदर्भ में केंद्रीय उद्योग मंत्री पीयूष गोयल का यह बयान भी सामने आया है कि अमेरिका को अपनी ट्रेड डील को पूरी तरह ओपन करना चाहिए, तभी भारत अपने कदम आगे बढ़ाएगा और इस महत्वपूर्ण मामले में देश के राष्ट्रीय हितों के साथ किसी भी प्रकार का समझौता कदापि नहीं किया जाएगा।
सीहोर में स्थापित हुई दुनिया की सबसे बड़ी ट्रांसफॉर्मर टेस्टिंग लैब
सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस के सीईओ अमर कौल ने इस अवसर पर अपने विचार रखते हुए कहा कि यह उनकी कंपनी के इतिहास का बेहद महत्वपूर्ण पड़ाव है। प्रधानमंत्री नेंद्र मोदी ने देश के जीडीपी में मैन्यूफैक्चरिंग सेक्टर के मौजूदा हिस्से को 13 प्रतिशत से बढ़ाकर 2035 तक 25 प्रतिशत तक पहुंचाने का एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है। सीहोर में क्रॉम्पटन ग्रीव्स की इस नई पावर ट्रांसफॉर्मर मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट से लगभग 2,000 लोगों को रोजगार का अवसर मिला है। इस कारखाने में हर महीने कुल 35 ट्रांसफॉर्मर तैयार किए जाएंगे, जिनमें से प्रत्येक ट्रांसफॉर्मर का आकार किसी तीन मंजिला आलीशान बंगले के बराबर होगा। कंपनी द्वारा पूरी तरह आधुनिक और उन्नत मशीनों के माध्यम से उत्पादन का कार्य किया जा रहा है। इस अत्याधुनिक यूनिट के भीतर दुनिया की सबसे बड़ी टेस्ट लैब भी स्थापित की गई है। इसके अलावा पर्यावरण का ध्यान रखते हुए इस यूनिट की कुल ऊर्जा जरूरतों का 36 प्रतिशत हिस्सा सौर ऊर्जा यानी सोलर एनर्जी के माध्यम से पूरा किया जाएगा। राज्य सरकार के सक्रिय सहयोग के बल पर ही सीहोर में यह विशाल यूनिट मात्र 13 महीने के रिकॉर्ड समय में उत्पादन के लिए पूरी तरह तैयार हो पाई है। कंपनी एक विकसित भारत और समृद्ध मध्य प्रदेश के निर्माण के लिए पूरी तरह संकल्पित है।



















