मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में आज कई बड़े घटनाक्रम देखने को मिल रहे हैं। एक तरफ जहां मध्य प्रदेश विधानसभा में कई अहम और ऐतिहासिक विधेयकों पर मंथन होने जा रहा है, वहीं दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ में उच्च स्तरीय प्रशासनिक बैठकों का दौर जारी है। इन सब के बीच, मैहर जिले में एक भीषण सड़क हादसे ने हाईवे पर सफर करने वालों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। राज्य की राजनीति से लेकर आम जनता से जुड़ी हर बड़ी खबर पर आज पूरे प्रदेश की नजरें टिकी हुई हैं।
मध्य प्रदेश विधानसभा में यूनिफॉर्म सिविल कोड पर अहम चर्चा
मध्य प्रदेश विधानसभा के मौजूदा सत्र का आज दूसरा दिन काफी हंगामेदार और महत्वपूर्ण रहने वाला है। आज सदन के पटल पर सबसे ज्यादा चर्चा का विषय यूनिफॉर्म सिविल कोड (समान नागरिक संहिता) रहेगा। राज्य सरकार आज सदन में ‘मध्य प्रदेश समान नागरिक संहिता विधेयक, 2026’ पेश करने जा रही है, जिस पर सभी सदस्यों के बीच विस्तृत विचार-विमर्श होगा। इसे राज्य की कानूनी व्यवस्था में एक बड़े बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। इसके साथ ही, राज्य के वित्तीय ढांचे को आगे बढ़ाने के लिए उप-मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा वित्तीय वर्ष 2026-2027 का पहला अनुपूरक बजट भी सदन में पेश करेंगे, जिसमें सरकार के आगामी खर्चों और कल्याणकारी योजनाओं का पूरा ब्यौरा होगा।
चिकित्सा, श्रम और बुनियादी ढांचे से जुड़े कई विधेयक होंगे पेश
समान नागरिक संहिता के अलावा भी राज्य सरकार आज कई बड़े सुधारों वाले विधेयक पटल पर रखने वाली है। राज्य में चिकित्सा शिक्षा के स्तर को सुधारने और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के मकसद से ‘मध्य प्रदेश धन्वंतरि स्वास्थ्य विश्वविद्यालय विधेयक, 2026’ लाया जा रहा है। इसके अलावा, कर्मचारियों के अधिकारों और कामकाज के माहौल को बेहतर बनाने के लिए ‘मध्य प्रदेश कार्यस्थल सशक्तिकरण संहिता (श्रम शक्ति संहिता) विधेयक, 2026’ भी पेश किया जाएगा। राज्य में उद्योगों को बढ़ावा देने, लालफीताशाही खत्म करने और निवेश के रास्ते आसान करने के लिए ईज ऑफ डूइंग बिजनेस विधेयक और राजमार्ग (संशोधन) विधेयक पर भी गहन चर्चा होनी है। वहीं, प्राकृतिक आपदाओं और आग बुझाने जैसी आपातकालीन सेवाओं को आधुनिक बनाने के लिए ‘मध्य प्रदेश अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाएं विधेयक, 2026’ भी सदन के सामने रखा जाएगा।
किसानों के भुगतान और घायलों के मुआवजे पर उठेगी आवाज
सदन की कार्यवाही के दौरान आज विपक्ष और स्थानीय विधायक जन सरोकार से जुड़े कुछ बेहद गंभीर मुद्दे भी उठाएंगे। ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए राज्य के खाद्य मंत्री का ध्यान जबलपुर के मझौली इलाके की तरफ खींचा जाएगा। यहां सरकारी उपार्जन के तहत धान और गेहूं बेचने वाले किसानों को अब तक अपनी फसल का भुगतान नहीं मिल सका है, जिससे किसानों में भारी रोष है। इसके अलावा, मुख्यमंत्री का ध्यान छिंदवाड़ा जिले के परासिया में स्थित एसीसी ब्लॉक्स फैक्ट्री में हुए भयानक विस्फोट की ओर भी दिलाया जाएगा। इस औद्योगिक हादसे में घायल हुए गरीब मजदूरों को जल्द से जल्द उचित मुआवजा देने की मांग को लेकर सदन में सरकार से जवाब तलब किया जाएगा।
ग्रामीण विकास और संगठन की बैठकों में व्यस्त रहेंगे विष्णुदेव साय
पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ की बात करें तो वहां के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज पूरी तरह से प्रशासनिक समीक्षा और अपने संगठन के कार्यक्रमों में व्यस्त रहने वाले हैं। तय कार्यक्रम के मुताबिक, मुख्यमंत्री आज सुबह ठीक ग्यारह बजे अपने सरकारी आवास से निकलकर सीधे मंत्रालय पहुंचेंगे। वहां वह सुबह 11:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की एक बेहद अहम समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक में ग्रामीण स्तर पर चल रही योजनाओं की प्रगति का फीडबैक लिया जाएगा। इसके बाद दोपहर तीन बजे से उनका पूरा फोकस पार्टी संगठन पर रहेगा। वह दोपहर तीन बजे से लेकर रात नौ बजे तक कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में स्थित भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में मौजूद रहेंगे। वहां वह पार्टी के कई आरक्षित कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे और इसके बाद रात 9:15 बजे वापस अपने आधिकारिक निवास पर लौट जाएंगे।
मैहर में नेशनल हाईवे-30 पर भीषण सड़क हादसा
मध्य प्रदेश में चल रही इन तमाम राजनीतिक सरगर्मियों के बीच, मैहर जिले से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। नेशनल हाईवे-30 पर एक तेज रफ्तार कमर्शियल वाहन के कहर ने कई लोगों की जान खतरे में डाल दी है। मिली जानकारी के अनुसार, विजयंत ट्रैवल्स की एक यात्री बस अपना नियमित सफर करते हुए रीवा से नागपुर की तरफ जा रही थी। तभी अमरपाटन पड़हा के पास यह बस एक भयानक दुर्घटना का शिकार हो गई। बताया जा रहा है कि बस सड़क के किनारे सुरक्षित तरीके से खड़ी होकर अपनी कुछ सवारियां उतार रही थी, उसी दौरान पीछे से आ रहे एक अनियंत्रित ट्रक ने उसमें जोरदार टक्कर मार दी। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि बस के पिछले हिस्से के परखच्चे उड़ गए और इसमें सवार 12 से अधिक यात्री बुरी तरह घायल हो गए।
घायलों की हालत गंभीर, अस्पताल में युद्धस्तर पर चल रहा इलाज
इस खौफनाक हादसे के बाद मौके पर चारों तरफ चीख-पुकार मच गई। घायलों में से पांच यात्रियों की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। मिर्जापुर से माल लादकर गुजरात जा रहे ट्रक का ड्राइवर भी इस जोरदार भिड़ंत में खुद गंभीर रूप से जख्मी हो गया है। हादसे का शिकार हुए ज्यादातर आम यात्री रीवा, मऊगंज और मैहर जिले के ही मूल निवासी हैं। स्थानीय लोगों की सूचना मिलते ही पुलिस की रेस्क्यू टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गई और राहत व बचाव कार्य शुरू कर दिया। सभी घायल यात्रियों को एंबुलेंस की मदद से फौरन रीवा के संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम उनके इलाज में जुटी हुई है। पुलिस ने क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त बस और ट्रक को सड़क से हटा लिया है, जिसके बाद हाईवे पर यातायात पूरी तरह से बहाल कर दिया गया है।




















