छत्तीसगढ़ में दिल दहला देने वाला तिहरा हत्याकांड: रायपुर में पति ने पत्नी और दो बच्चों को उतारा मौत के घाट, खुद को भी किया घायलसिंहस्थ के विकास के लिए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने पैतृक घर पर चलाई गैंती, उज्जैन के लोगों के सामने पेश की मिसालगुवाहाटी में बैठक से पहले कॉक्रोच जनता पार्टी के सह-संयोजक आशुतोष रांका और कई कार्यकर्ता हिरासत मेंहिमाचल प्रदेश के चंबा में मध्य एशियाई कैस्पियन कोबरा ने ली दो जान, मौजूदा एंटी-वेनम के बेअसर होने की आशंका से वैज्ञानिक चिंतितफरीदाबाद दिल्ली एनसीआर में ऑटो और कैब चालकों की मनमानी से हैं परेशान? जानिए ज्यादा किराया वसूलने और बदसलूकी करने वालों पर कैसे लें कानूनी एक्शनट्रैक्टर के टायरों को समय से पहले घिसने से कैसे बचाएं? अपनाएं ये आसान तरीके और बचाएं हजारों रुपयेव्हाट्सएप पर आपकी प्राइवेसी रहेगी पूरी तरह सुरक्षित, इन 5 शानदार सेटिंग्स से चैट और प्रोफाइल फोटो पर पाएं पूरा कंट्रोलतमिलनाडु का देवेंद्रकुल वेल्लालर समुदाय अपनी सांस्कृतिक पहचान के लिए अनुसूचित जाति सूची से बाहर होने की कर रहा मांगलखनऊ एयरपोर्ट पर IIM छात्रा को आधी रात बाहर निकाला, पिता ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से लगाई न्याय की गुहारसिनेमाघरों में नानी की द पैराडाइज ने पार किया सौ करोड़ का आंकड़ा जबकि सिद्धार्थ मल्होत्रा की द वन भी हुई हिट
उज्जैन में भाजपा नेता के भतीजों की हत्या के मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार, पैर में लगी गोलीमध्य प्रदेश
27 सित॰ 2026, 11:06 am (3 घंटे पहले)· 0

उज्जैन में भाजपा नेता के भतीजों की हत्या के मुख्य आरोपी पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार, पैर में लगी गोली

मध्य प्रदेश के उज्जैन में पुलिस ने दोहरे हत्याकांड के दो मुख्य आरोपियों को एक संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है, भागने की कोशिश के दौरान दोनों के पैरों में गोलियां लगी हैं।

मध्य प्रदेश के उज्जैन से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां पुलिस ने बहुचर्चित दोहरे हत्याकांड के दो मुख्य आरोपियों को धर दबोचा है। शनिवार को उज्जैन के करोहन गांव के पास पुलिस और बदमाशों के बीच हुई एक संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद दोनों शूटरों को गिरफ्तार कर लिया गया। घेराबंदी के दौरान इन अपराधियों ने भागने का प्रयास किया, जिसके बाद पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैरों में गोली लगी। फिलहाल पुलिस की कड़ी निगरानी में दोनों घायल आरोपियों का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। इस कार्रवाई से इलाके में सनसनी फैल गई है और पुलिस बल को एक बड़ी कामयाबी मिली है। इससे पहले भी इस विवाद के चलते क्षेत्र में भारी तनाव का माहौल देखा गया था।

करोहन गांव के पास हुई पुलिस मुठभेड़

इस सफल पुलिसिया कार्रवाई को नीलगंगा पुलिस स्टेशन और साइबर सेल की एक संयुक्त टीम ने अंजाम दिया। शनिवार को सुरक्षा बलों को पक्की खुफिया जानकारी मिली थी कि दोहरे हत्याकांड के फरार आरोपी एक गुप्त स्थान पर छिपे हुए हैं। इस सटीक सूचना के आधार पर पुलिस की टीम ने संबंधित इलाके में छापेमारी की। पुलिस बल द्वारा खुद को घिरा देख आरोपियों ने आत्मसमर्पण करने के बजाय पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया और वहां से भागने की कोशिश की। आरोपियों सोनू पासी और विजय सूर्यवंशी के इस आक्रामक हमले के बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में गोलियां चलाईं। यह गोलियां सीधे दोनों आरोपियों के पैरों में लगीं, जिससे वे घायल होकर गिर पड़े। इसके तुरंत बाद पुलिस ने दोनों को हिरासत में ले लिया और उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा।

ये भी पढ़ें

नीलगंगा चौराहे पर हुई खूनी झड़प का इतिहास

यह पूरा मामला इसी साल 18 जुलाई की रात को हुए एक सनसनीखेज हत्याकांड से जुड़ा हुआ है। उज्जैन के व्यस्त नीलगंगा चौराहे के पास भाजपा नेता दिलीप राव गोरकर के दो भतीजों, लोकेश गोरकर और जय गोरकर की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। यह वारदात वास्तव में गोरकर और पासी परिवारों के बीच लंबे समय से चली आ रही पुरानी दुश्मनी का नतीजा थी। स्थानीय पुलिस के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच यह खूनी रंजिश होली के त्योहार के दौरान एक महिला से जुड़े विवाद को लेकर शुरू हुई थी, जिसने समय के साथ और भयानक रूप ले लिया। 18 जुलाई को हुए इस हिंसक टकराव में लोकेश की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि गंभीर रूप से घायल जय ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया था। इस हमले में भाजपा नेता दिलीप राव गोरकर और उनके बेटे तपन सहित कई अन्य लोग भी घायल हुए थे।

पुलिस की आगे की कार्रवाई और फरार आरोपियों की तलाश

इस दोहरे हत्याकांड के बाद स्थानीय पुलिस प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए कई आरोपियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया था। हालांकि पुलिस इस मामले में पहले ही कई आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है, लेकिन मुख्य साजिशकर्ताओं में शामिल कुछ अपराधी अब भी कानून की पकड़ से बाहर हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस गैंग का एक और कुख्यात बदमाश रोशन पासी अभी भी फरार चल रहा है। पुलिस की विशेष टीमें उसके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं ताकि उसे भी जल्द से जल्द सलाखों के पीछे भेजा जा सके। इस वीभत्स हत्याकांड ने पूरे उज्जैन शहर को हिलाकर रख दिया था और पुलिस मामले की तह तक जाने के लिए सभी वैज्ञानिक और तकनीकी साक्ष्यों का सहारा ले रही है।

सवाल-जवाब

उज्जैन पुलिस ने किन दो मुख्य आरोपियों को मुठभेड़ में गिरफ्तार किया है?
पुलिस ने लोकेश और जय गोरकर की हत्या के मुख्य आरोपी सोनू पासी और विजय सूर्यवंशी को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है।
पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ किस जगह पर हुई?
यह मुठभेड़ मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले में करोहन गांव के पास हुई।
यह दोहरा हत्याकांड कब और कहाँ हुआ था?
यह वारदात 18 जुलाई की रात को उज्जैन के नीलगंगा चौराहे के पास हुई थी।
दोनों परिवारों के बीच इस विवाद की मुख्य वजह क्या थी?
यह विवाद होली के त्योहार के दौरान एक महिला से जुड़े मसले को लेकर शुरू हुई पुरानी रंजिश के कारण हुआ था।
इस हत्याकांड में कौन-कौन घायल हुआ था?
इस हमले में भाजपा नेता दिलीप राव गोरकर और उनके बेटे तपन सहित कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
क्या इस मामले में अभी भी कोई आरोपी फरार है?
हां, इस मामले का एक अन्य कुख्यात आरोपी रोशन पासी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है और उसकी तलाश की जा रही है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp