छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में एक रोंगटे खड़े कर देने वाला तिहरा हत्याकांड सामने आया है। माना थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक इलाके में एक व्यक्ति ने घरेलू विवाद के बाद अपनी पत्नी और दो मासूम बच्चों की चाकू से गोदकर बेरहमी से हत्या कर दी। इस खौफनाक वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने खुद को भी चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर लिया। फिलहाल उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
डूमरतराई के साहू पारा की घटना
यह वारदात रायपुर के माना थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले डूमरतराई स्थित साहू पारा में देर रात घटित हुई। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी भुवनेश्वर साहू का अपनी पत्नी के साथ किसी बात को लेकर गंभीर विवाद हुआ था। देखते ही देखते यह बहस इतनी हिंसक हो गई कि भुवनेश्वर ने घर में रखे चाकू से अपनी पत्नी और दोनों बच्चों पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में अत्यधिक खून बह जाने के कारण तीनों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। वारदात के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
चरित्र पर शक और पुलिस की कार्रवाई
शुरुआती पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि पति-पत्नी के बीच लंबे समय से अनबन चल रही थी। आरोपी भुवनेश्वर को अपनी पत्नी के चरित्र पर गहरा संदेह था, जिसे लेकर अक्सर दोनों के बीच झगड़े होते थे। वारदात वाली रात भी इसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ था। तीनों की हत्या करने के बाद आरोपी ने खुद को भी समाप्त करने की कोशिश की और अपने ऊपर चाकू से कई वार किए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और लहूलुहान हालत में भुवनेश्वर को अस्पताल पहुंचाया।
मामले की जानकारी देते हुए एएसपी अभिषेक झा ने बताया कि आरोपी भुवनेश्वर साहू की हालत बेहद नाजुक है, जिसके कारण अभी उससे विस्तार से पूछताछ नहीं की जा सकी है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी के होश में आने और उसकी स्थिति में सुधार होने के बाद ही घटनाक्रम की सही वजह और कड़ियों का खुलासा हो सकेगा। पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इसके साथ ही आसपास के पड़ोसियों और रिश्तेदारों से भी पूछताछ की जा रही है ताकि घटना के पीछे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का बयान
इस दर्दनाक तिहरे हत्याकांड पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है। मीडियाकर्मियों द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि पति-पत्नी जीवन रूपी गाड़ी के दो पहिये होते हैं और उनके बीच आपसी विश्वास होना बेहद जरूरी है। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए शक की गहरी वजहों के तह तक जाना आवश्यक है, तभी जाकर ऐसी सामाजिक और पारिवारिक विभीषिकाओं पर लगाम लगाई जा सकती है।



















