महाराष्ट्र के धुले जिले में दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ शिरपुर तालुका के सावलदे क्षेत्र में तापी नदी से एक नवविवाहित दंपति के शव बरामद किए गए हैं। दोनों के शव आपस में लोहे की भारी जंजीर से बंधे मिले और उस पर ताला जड़ा हुआ था। इस दर्दनाक घटना की जानकारी मिलते ही पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और परिजनों में कोहराम मच गया। पुलिस ने दोनों मृतकों की पहचान कर ली है और मामले की पड़ताल में जुट गई है।
मृतकों की पहचान और पारिवारिक पृष्ठभूमि
नदी से निकाले गए मृतकों की पहचान 28 वर्षीय श्याम हरी पाटिल और उनकी 20 वर्षीय पत्नी सपना पाटिल के रूप में हुई है। पारिवारिक पृष्ठभूमि की बात करें तो दोनों मूल रूप से जलगांव जिले के अमलनेर तालुका स्थित पाडलसरे गाँव के निवासी थे। हाल के दिनों में यह नवविवाहित जोड़ा एरंडोल तालुका के उत्राण गाँव में रह रहा था। परिजनों के मुताबिक दोनों ने प्रेम विवाह किया था, लेकिन इस आत्मघाती कदम के पीछे की असली वजह अभी सामने नहीं आ सकी है।
पैरों में जंजीर और ताला लगाकर लगाई छलांग
सावलदे गाँव के नजदीक बहने वाली तापी नदी में स्थानीय लोगों ने दो शवों को उतराते हुए देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस द्वारा तैयार किए गए पंचनामे में अत्यंत खौफनाक तथ्य सामने आया। पानी में छलांग लगाने से पहले दोनों ने अपने पैरों को लोहे की जंजीर से लपेटकर ताला लगा दिया था। ऐसा संभवतः इसलिए किया गया ताकि पानी में उतरने के बाद बचने या तैरकर बाहर निकलने का कोई रास्ता न बचे।
पुलिस की कार्रवाई और मौत की वजहों की पड़ताल
सूचना प्राप्त होते ही नरडाणा पुलिस स्टेशन की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुँची। स्थानीय निवासियों और आपदा प्रबंधन दल की सहायता से दोनों शवों को पानी से सुरक्षित बाहर निकाला गया। इसके बाद शवों को पंचनामा पूरा कर पोस्टमार्टम के लिए सरकारी अस्पताल भेज दिया गया। पुलिस इस बात की गहराई से जाँच कर रही है कि दोनों के बीच कोई घरेलू विवाद था, वैवाहिक जीवन में तनाव था या कोई अन्य पारिवारिक दबाव था जिसके कारण उन्हें ऐसा कठोर कदम उठाना पड़ा।
सावलदे पुल पर सुरक्षा इंतजामों की मांग
इस घटना के बाद सावलदे में तापी नदी पुल पर बढ़ रहे हादसों को लेकर स्थानीय लोगों का आक्रोश और चिंता सामने आई है। ग्रामीणों का कहना है कि यह पुल लगातार सुसाइड पॉइंट में तब्दील होता जा रहा है और यहाँ से कूदने के मामले बढ़ते जा रहे हैं। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासनिक अधिकारियों से मांग की है कि पुल के दोनों तरफ लोहे की मजबूत और ऊँची फेंसिंग जाली लगाई जाए, निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं और सुरक्षा गार्ड की स्थायी तैनाती की जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।





















