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EUR/USD में तेजी बरकरार, अमेरिकी डॉलर पर दबाव के बीच 1.1800 की ओर बढ़ने की गुंजाइशबाज़ार
24 अग॰ 2026, 12:05 pm (2 घंटे पहले)· 2

EUR/USD में तेजी बरकरार, अमेरिकी डॉलर पर दबाव के बीच 1.1800 की ओर बढ़ने की गुंजाइश

यूरो में तेजी का सिलसिला जारी है और अमेरिकी डॉलर पर दबाव के बीच इसके 1.1800 के स्तर की तरफ बढ़ने की संभावना है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के बॉन्ड बायबैक फैसले का असर करेंसी और गोल्ड मार्केट पर साफ दिखाई दे रहा है।

मुद्रा बाजार में यूरो और अमेरिकी डॉलर की चाल पर विश्लेषकों की पैनी नजर बनी हुई है। पिछले गुरुवार को EUR/USD में हल्की बढ़त दर्ज की गई थी और यह 1.1710 तक पहुंचने के बाद थोड़ा नरम होकर 0.01% की मामूली तेजी के साथ 1.1678 पर बंद हुआ था। इसके बाद शुक्रवार को जब यह 1.1685 के आसपास था, तो शुरुआती अनुमानों में यह साफ किया गया था कि हालांकि ऊपरी स्तरों पर तेजी का मोमेंटम थोड़ा धीमा पड़ा है, लेकिन अभी से किसी बड़ी गिरावट की उम्मीद करना जल्दबाजी होगी। बाजार विश्लेषकों का मानना था कि यह जोड़ा 1.1655 से 1.1715 के दायरे में कारोबार कर सकता है। इसके बाद यूरो ने 1.1711 का उच्चतम स्तर छुआ और फिर मामूली बदलाव के साथ 1.1679 यानी 0.01% की बढ़त पर बंद हुआ। मौजूदा सत्र में यूरो में कुछ नरमी आ सकती है, लेकिन किसी भी प्रकार की गिरावट के 1.1645 से 1.1700 के दायरे में सीमित रहने की उम्मीद है।

एक से तीन सप्ताह का दृष्टिकोण और तकनीकी दायरे

पिछले हफ्ते की शुरुआत से ही यूरो को लेकर सकारात्मक रुख देखा जा रहा है। पिछले हफ्ते गुरुवार को जब स्पॉट प्राइस 1.1675 था, तब यह संकेत दिए गए थे कि यूरो में 1.1725 के लक्ष्य की तरफ और ऊपर जाने की गुंजाइश बनी हुई है। इसके बाद यूरो ने 1.1710 के स्तर को दो बार परखा। भले ही ऊपरी मोमेंटम में कोई विशेष तेजी दर्ज नहीं की गई है, फिर भी मौजूदा समय में बाजार का रुख यूरो के प्रति सकारात्मक बना हुआ है। समग्र रूप से देखा जाए तो केवल 1.1615 के मजबूत समर्थन स्तर का टूटना ही यह संकेत देगा कि यूरो के लिए ऊपर की ओर बढ़ने का जोखिम अब कमजोर पड़ गया है।

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विदेशी मुद्रा बाजार में अन्य जोड़ियों और सोने की चाल

व्यापक विदेशी मुद्रा बाजार में GBP/USD की जोड़ी नए सप्ताह की शुरुआत में 1.3600 के मध्य स्तर के आसपास सकारात्मक रुझान के साथ कारोबार कर रही है और यह पिछले शुक्रवार को छुए गए 11 फरवरी के बाद के अपने उच्चतम स्तर के बेहद करीब बनी हुई है। इसके अलावा, बुनियादी आर्थिक कारक तेजी के रुख का समर्थन कर रहे हैं और लगभग एक महीने से चल रहे अपट्रेंड के विस्तार का मजबूत आधार तैयार कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर, एशियाई कारोबारी घंटों के दौरान EUR/USD लगातार चौथे सत्र में मजबूत बना हुआ है और 1.1680 के आसपास मंडरा रहा है। यह करेंसी जोड़ी तब अपनी स्थिति मजबूत बनाए हुए है जब अमेरिकी डॉलर पर यूनाइटेड स्टेट्स की नई राजकोषीय नीतियों का भारी दबाव बना हुआ है।

अमेरिकी ट्रेजरी के बायबैक फैसले और डॉलर पर दबाव

अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने वित्तीय बाजारों को उस वक्त चौंका दिया जब उन्होंने बढ़ती बॉन्ड यील्ड पर लगाम लगाने के लिए लंबी अवधि के सरकारी कर्ज के बायबैक को कम से कम दोगुना करने का संकल्प लिया। बुधवार को अमेरिकी ट्रेजरी ने अपने नियमित कैलेंडर से हटकर एक बड़ा कदम उठाया। भारतीय समयानुसार दोपहर 12:32 बजे ट्रेजरी विभाग ने घोषणा की कि वह 10 से 20 साल और 20 से 30 साल के सेक्टरों में तरलता सहायता बायबैक अभियानों के आकार को कम से कम दोगुना कर देगा, जिससे अधिकतम सीमा 2 अरब डॉलर प्रति ऑपरेशन से बढ़ाकर कम से कम 4 अरब डॉलर कर दी जाएगी। यह नीति 9 सितंबर से प्रभावी होगी और 4 नवंबर तक चलेगी। इस नीतिगत बदलाव के कारण अमेरिकी डॉलर पर दबाव बढ़ गया है, जिससे यूरो को मजबूती मिल रही है।

सोने की कीमतों में जोरदार तेजी और भू-राजनीतिक पहलू

अमेरिकी ट्रेजरी की बायबैक योजना और नए अमेरिका-कनाडा व्यापार तनाव के बीच अमेरिकी डॉलर में लगातार कमजोरी देखने को मिल रही है। इसी का फायदा उठाकर सोने की कीमतों ने पिछले हफ्ते के शानदार प्रदर्शन को सोमवार को एशियाई कारोबार में भी जारी रखा और पीली धातु तीन महीने के उच्चतम स्तर को पार करते हुए 4,600 डॉलर के पार निकल गई। विश्लेषकों का मानना है कि जब तक डॉलर पर दबाव बरकरार रहेगा, तब तक सुरक्षित निवेश के रूप में सोने और अन्य मुद्राओं को समर्थन मिलता रहेगा। बाजार के तमाम प्रतिभागी अब आगामी आर्थिक आंकड़ों और केंद्रीय बैंकों के कदमों पर अपनी नजरें टिकाए हुए हैं ताकि आगे की दिशा तय की जा सके।

सवाल-जवाब

EUR/USD के लिए मौजूदा समर्थन स्तर क्या है?
EUR/USD के लिए मजबूत समर्थन स्तर 1.1615 पर है, जिसके टूटने पर ही तेजी का जोखिम कम माना जाएगा।
अमेरिकी ट्रेजरी ने बॉन्ड यील्ड को नियंत्रित करने के लिए क्या कदम उठाया है?
ट्रेजरी विभाग ने 10 से 30 साल की अवधि के सेक्टरों में बायबैक ऑपरेशंस के आकार को 2 अरब डॉलर से बढ़ाकर कम से कम 4 अरब डॉलर कर दिया है।
सोने की कीमतें किस स्तर पर पहुंच गई हैं?
डॉलर में कमजोरी के चलते सोने की कीमतें तीन महीने के उच्चतम स्तर को पार करते हुए 4,600 डॉलर के पार निकल गई हैं।
GBP/USD जोड़ी किस स्तर के आसपास कारोबार कर रही है?
GBP/USD जोड़ी नए सप्ताह की शुरुआत में 1.3600 के मध्य स्तर के आसपास सकारात्मक रुख के साथ कारोबार कर रही है।
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